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मांगों को लेकर एनएचएम कर्मचारी व आशा कार्यकर्ताओं ने किया प्रदर्शन, मुख्यमंत्री के नाम सौंपा ज्ञापन
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अमर उजाला ब्यूरो
नारनौल। एनएचएम कर्मचारियों की हड़ताल के 19वें दिन जारी रही। उप प्रधान कृष्णा कुमारी, संगीता देवी, राजेंद्र पाल सिंह व नोबतराय 72 घंटे की भूख हड़ताल पर बैठे है। धरने का मंच संचालन अशोक नसीबपुर ने किया व अध्यक्षता जिला प्रधान डॉ. पुष्पेंद्र द्वारा की गई। धरना स्थल पर कर्मचारियों ने सरकार के खिलाफ अपनी मांगों के समर्थन में नारेबाजी की।
धरने पर सफाई कर्मचारी संघ, आशा वर्कर्स यूनियन, जिला सचिव कमलेश, सीआईटीयू के जिला महासचिव रोहताश गोठवाल, कोशल कुमार, जिला सचिव किरोड़ी मल, महेंद्र बोयत, रिटायर्ड कर्मचारी संघ के जिला प्रधान पूर्णचंद ने एनएचएम कर्मचारियों की मांगों व आंदोलन का समर्थन किया। इसके बाद मांगों को लेकर एनएचएम कर्मचारी व आशा कार्यकर्ता संयुक्त रूप से प्रदर्शन करते हुए उपायुक्त निवास पर पहुंचे। डीसी की अनुपस्थिति में उपमंडल अधिकारी जगदीश शर्मा को मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा।
ज्ञापन में कर्मचारियों ने बताया कि पांच फरवरी से हड़ताल पर है। इस दौरान 18 फरवरी से कर्मचारी अनशन पर भी चल रहे हैं। जिसके बावजूद भी सरकार द्वारा कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। अधिकारियों के कर्मचारी विरोधी रवैये के कारण जिला स्तर पर अधिकारी कर्मचारियों का शोषण करते हुए सेवा बर्खास्त कर रहे हैं। सभी कर्मचारी अपनी जायज मांग को लेकर पिछले एक वर्ष में दर्जनों बार अधिकारियों से वार्तालाप करके चुके हैं। संघ ने निर्णय लिया है कि 25 फरवरी तक मांगों के पत्र जारी करवाएं। अन्यथा प्रदेश के सभी कर्मचारी 25 फरवरी को कर्मचारी निवास को घेराव करने के लिए विवश होंगे। डॉ. पुष्पेंद्र ने बताया कि मुख्यमंत्री द्वारा विपक्षी नेताओं के जवाब देते हुए एनएचएम कर्मचारियों की हड़ताल पर बहुत ही गैर जिम्मेदाराना बयान दिया गया है। उन्होंने कहा कि कर्मचारी एक वर्ष में 10 बार हड़ताल कर चुके हैं, जबकि हकीकत में एनएचएम कर्मचारियों ने वर्ष 2018 में केवल एक बार हड़ताल की है।
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धरने में विनोद राव, सुनीता मान, मनोज, डॉ. जिले सिंह, डॉ. अमित, डॉ. सुचिता, डॉ. सोनिया चौधरी, हरकेश, घनश्याम, कुलदीप चौहान, धर्मेंद्र वर्मा, दिलबाग श्योराण, मोना शर्मा, सोमवती, प्रवीण देवी, सुशीला देवी, सरिता, संतोष देवी, नीतू कुमारी, निशा, ज्ञानवति, रेखा, संदीप, दिनेश, इंद्रजीत, जिले सिंह, मोहनलाल शर्मा, संजय सैनी, दिनेश सैनी, दिलबाग, सुमन देवी, नीलम, दिनेश शर्मा व प्रेम प्रकाश आदि कर्मचारी शामिल थे।
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नारनौल। एनएचएम कर्मचारियों की हड़ताल के 19वें दिन जारी रही। उप प्रधान कृष्णा कुमारी, संगीता देवी, राजेंद्र पाल सिंह व नोबतराय 72 घंटे की भूख हड़ताल पर बैठे है। धरने का मंच संचालन अशोक नसीबपुर ने किया व अध्यक्षता जिला प्रधान डॉ. पुष्पेंद्र द्वारा की गई। धरना स्थल पर कर्मचारियों ने सरकार के खिलाफ अपनी मांगों के समर्थन में नारेबाजी की।
धरने पर सफाई कर्मचारी संघ, आशा वर्कर्स यूनियन, जिला सचिव कमलेश, सीआईटीयू के जिला महासचिव रोहताश गोठवाल, कोशल कुमार, जिला सचिव किरोड़ी मल, महेंद्र बोयत, रिटायर्ड कर्मचारी संघ के जिला प्रधान पूर्णचंद ने एनएचएम कर्मचारियों की मांगों व आंदोलन का समर्थन किया। इसके बाद मांगों को लेकर एनएचएम कर्मचारी व आशा कार्यकर्ता संयुक्त रूप से प्रदर्शन करते हुए उपायुक्त निवास पर पहुंचे। डीसी की अनुपस्थिति में उपमंडल अधिकारी जगदीश शर्मा को मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा।
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ज्ञापन में कर्मचारियों ने बताया कि पांच फरवरी से हड़ताल पर है। इस दौरान 18 फरवरी से कर्मचारी अनशन पर भी चल रहे हैं। जिसके बावजूद भी सरकार द्वारा कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। अधिकारियों के कर्मचारी विरोधी रवैये के कारण जिला स्तर पर अधिकारी कर्मचारियों का शोषण करते हुए सेवा बर्खास्त कर रहे हैं। सभी कर्मचारी अपनी जायज मांग को लेकर पिछले एक वर्ष में दर्जनों बार अधिकारियों से वार्तालाप करके चुके हैं। संघ ने निर्णय लिया है कि 25 फरवरी तक मांगों के पत्र जारी करवाएं। अन्यथा प्रदेश के सभी कर्मचारी 25 फरवरी को कर्मचारी निवास को घेराव करने के लिए विवश होंगे। डॉ. पुष्पेंद्र ने बताया कि मुख्यमंत्री द्वारा विपक्षी नेताओं के जवाब देते हुए एनएचएम कर्मचारियों की हड़ताल पर बहुत ही गैर जिम्मेदाराना बयान दिया गया है। उन्होंने कहा कि कर्मचारी एक वर्ष में 10 बार हड़ताल कर चुके हैं, जबकि हकीकत में एनएचएम कर्मचारियों ने वर्ष 2018 में केवल एक बार हड़ताल की है।
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धरने में विनोद राव, सुनीता मान, मनोज, डॉ. जिले सिंह, डॉ. अमित, डॉ. सुचिता, डॉ. सोनिया चौधरी, हरकेश, घनश्याम, कुलदीप चौहान, धर्मेंद्र वर्मा, दिलबाग श्योराण, मोना शर्मा, सोमवती, प्रवीण देवी, सुशीला देवी, सरिता, संतोष देवी, नीतू कुमारी, निशा, ज्ञानवति, रेखा, संदीप, दिनेश, इंद्रजीत, जिले सिंह, मोहनलाल शर्मा, संजय सैनी, दिनेश सैनी, दिलबाग, सुमन देवी, नीलम, दिनेश शर्मा व प्रेम प्रकाश आदि कर्मचारी शामिल थे।