फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Mahendragarh/Narnaul News ›   4.51 lakh plants will increase greenery in Mahindergarh district

Mahendragarh-Narnaul News: महेंद्रगढ़ जिले में 4.51 लाख पौधों से बढ़ेगी हरियाली

Sun, 22 Jun 2025 11:59 PM IST
रोहतक ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, महेंद्रगढ़/नारनौल
संवाद न्यूज एजेंसी, महेंद्रगढ़/नारनौल Updated Sun, 22 Jun 2025 11:59 PM IST
विज्ञापन
4.51 lakh plants will increase greenery in Mahindergarh district
फोटो संख्या:53- वन विभाग की महेंद्रगढ़ नर्सरी में तैयार किए गए पौधे--संवाद
महेंद्रगढ़। पर्यावरण सरंक्षण को बढ़ावा देने के लिए वन विभाग की ओर से जिले में 4.51 लाख पौधे लगाए जाएंगे। आमजन को पौधरोपण के लिए जागरूक करने के लिए वन विभाग ने इस बार विभिन्न प्रकार के पौधे तैयार किए हैं।
विज्ञापन

1 जुलाई से पहले आओ, पहले पाओ के आधार पर पौधे निशुल्क वितरण किया जाएगा। क्षेत्र को हरा-भरा बनाने के लिए जिले में 2.51 लाख निशुल्क व दो लाख विभाग की ओर से पौधरोपण किया जाएगा। वहीं क्षेत्र की ओर से वन विभाग अपनी भूमि पर 35 हजार पौधे लगाएगा। एक लाख पौधे जल शक्ति, पौधगिरी, एक पेड़ मां नाम के तहत निशुल्क वितरित किया जाएगा।
विज्ञापन

25 हजार पौधे पंचायत को दिया जाएगा। 2.50 हजार पौधे हरियाणा केंद्रीय विश्वविद्यालय में पौधरोपण किया जाएगा। पौधों का वितरण एक जुलाई माह में मानसून सत्र शुरू पर पहले आओ, पहले पाओ के आधार पर किया जाएगा। महेंद्रगढ़ जिले की सात नर्सरियों पर पौधे तैयार किए जा रहे है। महेंद्रगढ़ क्षेत्र में महेंद्रगढ़, झगडौली, नांगल माला, नारनौल क्षेत्र में नारनौल, लहरोदा, सीहमा, नांगल चौधरी क्षेत्र में भुंगारका में नर्सरी है। जहां पर वन विभाग की ओर से पौधे तैयार किए जाते हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

इंसेट

इतने एकड़ भूमि पर किया जाएगा पौधरोपण
महेंद्रगढ़ जिले में वन विभाग की 1662 हेक्टेयर भूमि है। संरक्षित भूमि 2394 हेक्टेयर, सेक्शन 4 और 5 में 1088 हेक्टेयर, अरावली में 4388 हेक्टयर भूमि पर पौधरोपण किया जाएगा। वही महेंद्रगढ़ क्षेत्र की कुल 20300 एकड़ वन्य भूमि व 58581 एकड़ ग्राम पंचायतों की भूमि पर पौधरोपण किया जाएगा। सलीमाबाद में 190 हेक्टेयर, दुलोठ, निंबी, खैरोली में 281 हेक्टेयर, नांगल माला, नांवां, डिगरोता में 352 हेक्टेयर, सोहला में 264 हेक्टेयर और बुडीन में 85 हेक्टेयर वन क्षेत्र है। सलीमाबाद में रिजर्व वन क्षेत्र है।
इंसेट
वन विभाग की ओर से ये पौधे होंगे रोपित
वन विभाग की नर्सरी से आमजन अमरूद, गुलाब, तुलसी, कड़ी पत्ता, जामुन, आंवला, बेलपत्र, जमुआ, गुलमोर, अमरताश, टिकोमा, बड़, पीपल, गुल्लर, इमली, पिलखनी, नींबू, अनार, पपीता, अंगूर के पौधे ले सकते हैं। वहीं पंचायत व सरकारी जमीनों पर वन विभाग शीशम, लहसुआ, गुल्लर, सीरस, अर्जुन, बेलपत्र, आंवला, कांचनार, पहाडी पापड़ी के पौधे रोपित करेगा।
---------------------
ऐसे तैयार किए जाते पौधे:
सरकार की ओर से बीज के पैकेट आते है। छोटी थैली में केचुआ खाद को डालकर उसमें बीज को डाल देते है। उसके बाद जैसे ही अंकुरित हो जाता है। छोटी थैली से निकालकर बड़ी थैली में डाला जाता है। बीज को अंकुरित होने में 5 से 7 दिन लगता है। इसके अलावा गुलाब, शीशम सहित अन्य पौधों की कलम लगाई जाती है। उसके बाद कुछ ही समय बाद अंकुरित होने पर इसे अलग-अलग थैलियों में डाला जाता है।


------------------
वर्जन...
वन विभाग की ओर से विभिन्न प्रकार के पौधे एक जुलाई से निशुल्क वितरित किए जाएंगे। 7 लाख 50 हजार पौधे जिले में लगाने का लक्ष्य रखा है। 2.50 लाख पौधे निशुल्क व पांच लाख पौधे वन विभाग की ओर से लगाया जाएगा। उन्होंने आमजन से आह्वान किया कि अगले माह बारिश का मौसम शुरू होने वाला है। हर व्यक्ति अपने परिवार में होने वाले समारोह चाहे वह जन्मदिन, शादी सालगिरह की याद में पौधे अवश्य लगाए और उसकी देखभाल की शपथ ले। इससे पर्यावरण को बढ़ावा मिलेगा। जिससे महेंद्रगढ़ जिला हरा-भरा दिखेगा।
--- संदीप, वन रेंज अधिकारी, महेंद्रगढ़

फोटो संख्या:53- वन विभाग की महेंद्रगढ़ नर्सरी में तैयार किए गए पौधे--संवाद

फोटो संख्या:53- वन विभाग की महेंद्रगढ़ नर्सरी में तैयार किए गए पौधे--संवाद

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed