{"_id":"5b7c686e42c79206ed67cdd9","slug":"131534879854-mahendragarh-narnaul-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"लावारिस पशुओं को गोशाला में ले जाकर करें देखरेख : एसपी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
लावारिस पशुओं को गोशाला में ले जाकर करें देखरेख : एसपी
Updated Wed, 22 Aug 2018 01:08 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
अमर उजाला ब्यूरो
नारनौल। पुलिस अधीक्षक ने मंगलवार को गोशाला प्रबंधकों के साथ बैठक की। इसमें शहर में लावारिस पशुओं को गोशाला में रखने पर विचार-विमर्श किया गया। ताकि लावारिस पशुओं को सड़कों से हटाया जा सके। इस दौरान एसपी ने गोशालाओं की क्षमता के बारे में जानकारी ली और प्रबंधकों को गोशाला की क्षमता बढ़ाने के लिए कहा। ताकि लावारिस पशुओं से गोशाला में रखा जा सके। गौरतलब है कि 19 अगस्त को अमर उजाला ने लावारिस पशुओं पर खबर प्रकाशित की थी।
पुलिस प्रवक्ता नरेश कुमार ने बताया कि सड़कों व बाजारों में अक्सर लावारिस पशु बैठे रहते हैं। जिनकी वजह से यातायात बाधित होता है और दुर्घटना होने की संभावना बनी रहती है। ट्रैफिक एसएचओ ने भी इस समस्या के बारे में कई बार ध्यान दिलाया था। जिस पर पुलिस अधीक्षक विनोद कुमार के संज्ञान में यह मामला आया तो उन्होंने सभी गोशाला प्रबंधकों से इस बारे में बैठक बुलाई।
पुलिस अधीक्षक विनोद कुमार ने अपने कार्यालय में मंगलवार को सभी गोशाला प्रबंधकों के साथ बैठक की। एसपी ने कहा की सभी के सहयोग से इस समस्या का समाधान हो सकेगा। कई बार रात के समय गो तस्कर भी मौका पाकर गायों को उठाकर ले जाने के प्रयास करते हैं। सड़क पर पशु होने से यातायात भी बाधित रहता है। इसके अलावा पशु किसानों की फसलों को भी नुकसान पहुंचते हैं। ऐसे में उन्हें गोशाला की क्षमता के अनुसार जगह देकर उनकी देखभाल करें। ताकि गायों की सुरक्षा हो सके।
विज्ञापन
नारनौल गोपाल गोशाला के प्रधान सुरेश कुमार ने कहा की राजस्थान की जिले से सीमाएं लगती हैं, जो राजस्थान से गाये चराने वाले यहां से अपनी गायों के साथ गुजरते हैं। तब कई गायों और बछड़ों को छोड़ जाते हैं। इसी वजह से इनकी संख्या बढ़ जाती है। इन पर भी ध्यान रखने के लिए किसी की जिम्मेवारी लगानी होगी। ताकि इस समस्या का समाधान हो सके। सभी गोशाला प्रबंधकों ने इस कार्य के लिए पूरी तरह सहयोग करने का आश्वासन दिया।
इस बैठक में बंशी सिंह उपप्रधान श्रीगोशाला महेंद्रगढ़, कैप्टन सुंदर सिंह, निरंजनलाल महेंद्रगढ़, बलदेव सहाय नारनौल गोपाल गोशाला, बदलू राम नारनौल गोपाल गोशाला, रीडर रविंद्र, स्टेनो नारायण आदि बैठक में शामिल थे।
विज्ञापन
नारनौल। पुलिस अधीक्षक ने मंगलवार को गोशाला प्रबंधकों के साथ बैठक की। इसमें शहर में लावारिस पशुओं को गोशाला में रखने पर विचार-विमर्श किया गया। ताकि लावारिस पशुओं को सड़कों से हटाया जा सके। इस दौरान एसपी ने गोशालाओं की क्षमता के बारे में जानकारी ली और प्रबंधकों को गोशाला की क्षमता बढ़ाने के लिए कहा। ताकि लावारिस पशुओं से गोशाला में रखा जा सके। गौरतलब है कि 19 अगस्त को अमर उजाला ने लावारिस पशुओं पर खबर प्रकाशित की थी।
पुलिस प्रवक्ता नरेश कुमार ने बताया कि सड़कों व बाजारों में अक्सर लावारिस पशु बैठे रहते हैं। जिनकी वजह से यातायात बाधित होता है और दुर्घटना होने की संभावना बनी रहती है। ट्रैफिक एसएचओ ने भी इस समस्या के बारे में कई बार ध्यान दिलाया था। जिस पर पुलिस अधीक्षक विनोद कुमार के संज्ञान में यह मामला आया तो उन्होंने सभी गोशाला प्रबंधकों से इस बारे में बैठक बुलाई।
विज्ञापन
पुलिस अधीक्षक विनोद कुमार ने अपने कार्यालय में मंगलवार को सभी गोशाला प्रबंधकों के साथ बैठक की। एसपी ने कहा की सभी के सहयोग से इस समस्या का समाधान हो सकेगा। कई बार रात के समय गो तस्कर भी मौका पाकर गायों को उठाकर ले जाने के प्रयास करते हैं। सड़क पर पशु होने से यातायात भी बाधित रहता है। इसके अलावा पशु किसानों की फसलों को भी नुकसान पहुंचते हैं। ऐसे में उन्हें गोशाला की क्षमता के अनुसार जगह देकर उनकी देखभाल करें। ताकि गायों की सुरक्षा हो सके।
विज्ञापन
नारनौल गोपाल गोशाला के प्रधान सुरेश कुमार ने कहा की राजस्थान की जिले से सीमाएं लगती हैं, जो राजस्थान से गाये चराने वाले यहां से अपनी गायों के साथ गुजरते हैं। तब कई गायों और बछड़ों को छोड़ जाते हैं। इसी वजह से इनकी संख्या बढ़ जाती है। इन पर भी ध्यान रखने के लिए किसी की जिम्मेवारी लगानी होगी। ताकि इस समस्या का समाधान हो सके। सभी गोशाला प्रबंधकों ने इस कार्य के लिए पूरी तरह सहयोग करने का आश्वासन दिया।
इस बैठक में बंशी सिंह उपप्रधान श्रीगोशाला महेंद्रगढ़, कैप्टन सुंदर सिंह, निरंजनलाल महेंद्रगढ़, बलदेव सहाय नारनौल गोपाल गोशाला, बदलू राम नारनौल गोपाल गोशाला, रीडर रविंद्र, स्टेनो नारायण आदि बैठक में शामिल थे।