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भारी पुलिस बल के बीच मनाया वन महोत्सव, विरोध करने पहुंचा सिर्फ एक किसान
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कुरुक्षेत्र। किरमच रोड पर पुलिस द्वार की बैरिकेडिंग।
- फोटो : Kurukshetra
किसानों के विरोध के डर से इस बार वन महोत्सव भी कड़ी सुरक्षा के बीच मनाया गया। ब्रह्मसरोवर के वीवीआईपी घाट पर कार्यक्रम आयोजित हुआ, उस तरफ जाने वाले सभी रास्तों को आम जनता के लिए सील कर दिया गया। छह जगह बैरिकेडिंग की गई और किसी भी विरोध से निपटने के लिए अस्त्र-शस्त्र के साथ भारी पुलिस बल तैनात रहा। वहीं किसानों को कार्यक्रम की सूचना न होने के कारण वे नहीं आए। वहीं जानकारी मिली है कि भाकियू के जिला सचिव दिलबाग को 12 बजे वीवीआईपी घाट की ओर आता देखकर पुलिस ने उसे पकड़ जिया और केयूके थाने लेने की गई। यहां दिलबाग को कार्यक्रम खत्म होने तक बैठाकर रखा गया।
वन महोत्सव कार्यक्रम में खेल राज्यमंत्री, सांसद, थानेसर व शाहाबाद विधायक सहित कई भाजपा नेता शामिल हुए। कार्यक्रम सुबह 10 बजे शुरू होकर दोपहर 1 बजे तक चला। मंत्री, सांसद, विधायक व नेताओं के जाने के बाद ही पुलिस ने राहत की सांस ली और सील किए गए रास्तों को आम जनता के लिए खोला। वन विभाग द्वारा रविवार को ब्रह्मसरोवर के वीवीआईपी घाट पर जिला स्तरीय वन महोत्सव का कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने ऑनलाइन संबोधित किया। वहीं खेल राज्य मंत्री संदीप सिंह, सांसद नायब सिंह सैनी, थानेसर विधायक सुभाष सुधा और शाहाबाद से जजपा विधायक रामकरण काला ने शिरकत की। हालांकि किसानों के विरोध से भयभीत प्रशासन द्वारा कार्यक्रम से पहले इन सभी के नामों को गोपनीय रखा गया। इतना ही नहीं आमंत्रण पत्र पर भी मुख्यातिथि का नाम तक नहीं लिखा गया।
शनिवार रात को ही ब्रह्मसरोवर के वीवीआईपी घाट की ओर जाने वाले रास्तों पर छह जगह बैरिकेडिंग कर उन्हें सील कर दिया गया। वहीं अस्त्र शस्त्र के साथ भारी पुलिस बल ने कमान संभाली गिरफ्तारी के लिए रोडवेज की दो बसें भी बुलाई गई।
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रास्ते बंद रहने से आमजन को उठानी पड़ी परेशानी
ब्रह्मसरोवर के इस कोने पर एक रास्ता किरमिच रोड पड़ता है, जिस पर दर्जनों गांव व कॉलोनियां स्थित हैं। यहां के लोग इसी रास्ते से शहर में आते जाते हैं, जिन्हें रास्ते सील होने से परेशानी का सामना करना पड़ा।
पिछली बार की चूक से सबक लेकर इस बार अलर्ट मोड में था प्रशासन
नौ जुलाई को कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय में हुई कष्ट निवारण समिति की बैठक में भी पुलिस द्वारा सुरक्षा व्यवस्था के पुख्ता प्रबंध किए गए थे, लेकिन फिर भी किसानों ने सेंध लगाकर राज्यमंत्री कमलेश ढांडा का काफिला रोक उन्हें काले झंडे दिखाए। इस घटना से सबक लेकर इस बार भारी पुलिस बल ने सुबह ही कमांड संभाल ली।
कार्यक्रम में किसी प्रकार की कोई समस्या नहीं आई। पुलिस बल अच्छे से निगरानी रखे हुए था। उन्होंने किसी भी किसान को हिरासत में नहीं लिया। भाकियू नेता दिलबाग थाना परिसर की कैंटीन में बैठा था, जहां कोई भी आमजान आकर बैठ सकता है।
-मांगे राम, थाना प्रभारी, केयूके
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वन महोत्सव कार्यक्रम में खेल राज्यमंत्री, सांसद, थानेसर व शाहाबाद विधायक सहित कई भाजपा नेता शामिल हुए। कार्यक्रम सुबह 10 बजे शुरू होकर दोपहर 1 बजे तक चला। मंत्री, सांसद, विधायक व नेताओं के जाने के बाद ही पुलिस ने राहत की सांस ली और सील किए गए रास्तों को आम जनता के लिए खोला। वन विभाग द्वारा रविवार को ब्रह्मसरोवर के वीवीआईपी घाट पर जिला स्तरीय वन महोत्सव का कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने ऑनलाइन संबोधित किया। वहीं खेल राज्य मंत्री संदीप सिंह, सांसद नायब सिंह सैनी, थानेसर विधायक सुभाष सुधा और शाहाबाद से जजपा विधायक रामकरण काला ने शिरकत की। हालांकि किसानों के विरोध से भयभीत प्रशासन द्वारा कार्यक्रम से पहले इन सभी के नामों को गोपनीय रखा गया। इतना ही नहीं आमंत्रण पत्र पर भी मुख्यातिथि का नाम तक नहीं लिखा गया।
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शनिवार रात को ही ब्रह्मसरोवर के वीवीआईपी घाट की ओर जाने वाले रास्तों पर छह जगह बैरिकेडिंग कर उन्हें सील कर दिया गया। वहीं अस्त्र शस्त्र के साथ भारी पुलिस बल ने कमान संभाली गिरफ्तारी के लिए रोडवेज की दो बसें भी बुलाई गई।
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रास्ते बंद रहने से आमजन को उठानी पड़ी परेशानी
ब्रह्मसरोवर के इस कोने पर एक रास्ता किरमिच रोड पड़ता है, जिस पर दर्जनों गांव व कॉलोनियां स्थित हैं। यहां के लोग इसी रास्ते से शहर में आते जाते हैं, जिन्हें रास्ते सील होने से परेशानी का सामना करना पड़ा।
पिछली बार की चूक से सबक लेकर इस बार अलर्ट मोड में था प्रशासन
नौ जुलाई को कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय में हुई कष्ट निवारण समिति की बैठक में भी पुलिस द्वारा सुरक्षा व्यवस्था के पुख्ता प्रबंध किए गए थे, लेकिन फिर भी किसानों ने सेंध लगाकर राज्यमंत्री कमलेश ढांडा का काफिला रोक उन्हें काले झंडे दिखाए। इस घटना से सबक लेकर इस बार भारी पुलिस बल ने सुबह ही कमांड संभाल ली।
कार्यक्रम में किसी प्रकार की कोई समस्या नहीं आई। पुलिस बल अच्छे से निगरानी रखे हुए था। उन्होंने किसी भी किसान को हिरासत में नहीं लिया। भाकियू नेता दिलबाग थाना परिसर की कैंटीन में बैठा था, जहां कोई भी आमजान आकर बैठ सकता है।
-मांगे राम, थाना प्रभारी, केयूके

कुरुक्षेत्र। ब्रह्मसरोवर के पास वीवीआईपी घाट के पास तैनात पुलिसकर्मी।- फोटो : Kurukshetra

कुरुक्षेत्र। ब्रह्मसरोवर के पास वीवीआईपी घाट के पास तैनात पुलिसकर्मी।- फोटो : Kurukshetra