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Kurukshetra News: धर्मनगरी के लोगों को बंदरों के आतंक से मिलेगी निजात
Sun, 14 Dec 2025 01:39 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कुरुक्षेत्र
संवाद न्यूज एजेंसी, कुरुक्षेत्र
Updated Sun, 14 Dec 2025 01:39 AM IST
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संवाद न्यूज एजेंसी
कुरुक्षेत्र। धर्मनगरी के लोगों को कुत्तों के साथ अब बंदरों के आतंक से भी जल्द निजात मिल जाएगी। प्रशासन ने जींद की निजी फर्म को बंदरों को पकड़ने का जिम्मा सौंपा है। फर्म ने कार्य शुरू कर दिया है। एक दिसंबर तक ही 588 बंदरों को पकड़ा जा चुका है जबकि शहर में करीब चार हजार बंदर होने का अनुमान है।
जानकारी के अनुसार शहर की विभिन्न कॉलोनियों के साथ सेक्टरों में भी कईं वर्षों से बंदरों का आतंक है। झुंडों के रूप में घूम रहे बंदर कई लोगों को शिकार बन चुके हैं। सेक्टर पांच व सात में सबसे ज्यादा बंदर घूम रहे हैं। बंदरों के आतंक के कारण बच्चे और महिलाएं छत पर जाने से डरते हैं।
बंदर घरों की छतों पर कपड़ों से लेकर अन्य सामान भी नष्ट कर रहे हैं। रिहायशी क्षेत्रों के अलावा पवित्र ब्रह्मसरोवर व सन्निहित सरोवर के अलावा ज्योतिसर तीर्थ पर भी बड़ी संख्या में बंदर है। ज्योतिसर तीर्थ पर बंदर कई बार श्रद्धालुओं को निशाना बना चुके हैं। कई शिकायतें मिलने के बाद प्रशासन ने निजी फर्म को बंदर पकड़ने का काम सौंपा है। अगले दो माह तक बंदरों को पकड़े जाने की उम्मीद है।
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पूजा अर्चना के दौरान लठ लेकर देना पड़ता है पहरा : ज्योतिसर निवासी संदीप व राजेश कुमार ने बताया कि काफी संख्या में महिलाएं इस तीर्थ पर बंदरों के आतंक के कारण पूजा के लिए नहीं जा रही हैं। कई बार बंदर श्रद्धालुओं पर हमला कर चुके हैं। पूजा लठ लेकर करवानी पड़ रही है।
उधर सेक्टर पांच वासी सन्नी का कहना है कि मुख्य बाजार और पुलिस लाइन के आसपास छह माह के दौरान बंदर हमला कर करीब छह लोगों को घायल कर चुके हैं।
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कुरुक्षेत्र। धर्मनगरी के लोगों को कुत्तों के साथ अब बंदरों के आतंक से भी जल्द निजात मिल जाएगी। प्रशासन ने जींद की निजी फर्म को बंदरों को पकड़ने का जिम्मा सौंपा है। फर्म ने कार्य शुरू कर दिया है। एक दिसंबर तक ही 588 बंदरों को पकड़ा जा चुका है जबकि शहर में करीब चार हजार बंदर होने का अनुमान है।
जानकारी के अनुसार शहर की विभिन्न कॉलोनियों के साथ सेक्टरों में भी कईं वर्षों से बंदरों का आतंक है। झुंडों के रूप में घूम रहे बंदर कई लोगों को शिकार बन चुके हैं। सेक्टर पांच व सात में सबसे ज्यादा बंदर घूम रहे हैं। बंदरों के आतंक के कारण बच्चे और महिलाएं छत पर जाने से डरते हैं।
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बंदर घरों की छतों पर कपड़ों से लेकर अन्य सामान भी नष्ट कर रहे हैं। रिहायशी क्षेत्रों के अलावा पवित्र ब्रह्मसरोवर व सन्निहित सरोवर के अलावा ज्योतिसर तीर्थ पर भी बड़ी संख्या में बंदर है। ज्योतिसर तीर्थ पर बंदर कई बार श्रद्धालुओं को निशाना बना चुके हैं। कई शिकायतें मिलने के बाद प्रशासन ने निजी फर्म को बंदर पकड़ने का काम सौंपा है। अगले दो माह तक बंदरों को पकड़े जाने की उम्मीद है।
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पूजा अर्चना के दौरान लठ लेकर देना पड़ता है पहरा : ज्योतिसर निवासी संदीप व राजेश कुमार ने बताया कि काफी संख्या में महिलाएं इस तीर्थ पर बंदरों के आतंक के कारण पूजा के लिए नहीं जा रही हैं। कई बार बंदर श्रद्धालुओं पर हमला कर चुके हैं। पूजा लठ लेकर करवानी पड़ रही है।
उधर सेक्टर पांच वासी सन्नी का कहना है कि मुख्य बाजार और पुलिस लाइन के आसपास छह माह के दौरान बंदर हमला कर करीब छह लोगों को घायल कर चुके हैं।