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दिल्ली कूच पर शाहाबाद बना मुख्य बिंदु : तीन लेयर बैरिकेडिंग

Wed, 22 Jul 2026 06:05 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, कुरुक्षेत्र
संवाद न्यूज एजेंसी, कुरुक्षेत्र Updated Wed, 22 Jul 2026 06:05 AM IST
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Shahabad emerges as a key point on the march to Delhi: Three-layer barricading.
शाहाबाद। किसानों द्वारा नेशनल हाईवे पर लगाया गया मोर्चा। स्वयं
कुरुक्षेत्र। ट्रेड डील के विरोध में जहां किसान संगठन दिल्ली के किसान घाट पर प्रदर्शन को सफल बनाने के लिए दिन-रात एक किए हुए थे वहीं मंगलवार को उन्हें कूच करने से रोकने के लिए पुलिस भी पुख्ता तैयारियों में जुटी रही। सोमवार पूरी रात भर तैयारियां की जाती रही। हालांकि कईं जगहों पर पुलिस किसानों को रोकने में सफल भी रही लेकिन सैंकड़ों किसान कूच भी कर गए।
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भारतीय किसान यूनियन शहीद भगत सिंह के जिला प्रधान संजू नंबरदार, महासचिव दिलबाग सिंह, प्रदेश सचिव संजीव आलमपुर, जयभगवान सहित अनेक किसान अर्धनग्न होकर पैदल ही कूच कर गए। वहीं भाकियू चढूनी गुट के जिलाध्यक्ष कृष्ण कलाल माजरा ने भी दावा किया कि भले ही पुलिस ने किसान नेताओं को हिरासत में लिया और शाहाबाद में सभी किसानों को रोकने में कामयाब रही लेकिन सैंकड़ों किसान पुलिस से बच निकलने में कामयाब भी रहे। हालांकि उन्हें भी सोनीपत पुलिस ने हिरासत में ले लिया।
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अलग-अलग जगहों पर हिरासत में रखे किसान नेता
एक दिन पहले सोमवार को ही भारतीय किसान यूनियन चढूनी के राष्ट्रीय अध्यक्ष गुरनाम सिंह चढूनी को नरवाना जाते समय पिहोवा पुलिस ने हिरासत में ले लिया था। उन्हें पहले पिहोवा ले जाया गया, जिसके बाद सीआईए टू में कुरुक्षेत्र लेकर पहुंचे, जहां मंगलवार दोपहर तक रखा। वहीं प्रेस प्रवक्ता राकेश बैंस और कार्यकारी हल्का अध्यक्ष जसबीर सिंह मामू माजरा को भी सीआईए की हिरासत में कुरुक्षेत्र रखा गया जबकि जिलाध्यक्ष कृष्ण कलाल माजरा को सीआईए लाडवा की हिरासत में रखा गया। यहीं नहीं मंगलवार को पिहोवा से दिल्ली कूच कर रहे प्रिंस वड़ैच व अन्य किसानों को पुलिस लाइन में रखा गया। मंगलवार को जब उन्हे रिहा करने की सूचना मिली तो सभी जगह किसान पहुंच गए और उनका स्वागत किया। हालांकि गुरनाम चढूनी व उनके बेटे को पुलिस ने घर ले जाकर छोड़ा।
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यात्रियों की कई जगह तलाशी, आमजन हुए परेशान
किसान आंदोलन और सुरक्षा व्यवस्था का सबसे अधिक असर आम लोगों पर देखने को मिला। पुलिस ने ट्रैवलर, निजी बसों और बड़ी गाड़ियों की सघन जांच की। ट्रैवलर में सफर कर रहे अभिजीत, राजीव कुमार ने बताया कि वह परिवार सहित राजपुरा (पंजाब) से आगरा जा रहे हैं, लेकिन रास्ते में अब तक 19 स्थानों पर पुलिस ने वाहन रोककर तलाशी ली, जिससे उन्हें भारी परेशानी हुई।
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केंद्रीय कृषि मंत्री तक मांगें पहुंचाने के आश्वासन के बाद शांत हुए किसान
दोपहर बाद करीब पौने चार बजे किसानों ने अपना धरना समाप्त कर दिया। किसानों की ओर से जारी बयान में बताया गया कि शंभू बॉर्डर पर प्रदेश के कृषि मंत्री और अंबाला के डीसी ने पहुंचकर आश्वासन दिया है कि किसानों की सभी मांगों को केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान के समक्ष रखा जाएगा। साथ ही आंदोलन के दौरान विभिन्न स्थानों से हिरासत में लिए गए सभी किसानों को भी रिहा किए जाने का भरोसा दिया गया। इसके बाद किसान शांत हुए और हाईवे से हटे।

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सोनीपत पुलिस ने एक घंटा तक रखे हिरासत में : संजू नंबरदार
भाकियू शहीद भगत सिंह के जिलाध्यक्ष संजू नंबरदार व महासचिव दिलबाग सिंह ने बताया कि जब कुरुक्षेत्र से पुलिस ने उन्हें वाहनों में नहीं जाने दिया तो वे पैदल ही कूच कर गए लेकिन सोनीपत पुलिस ने उन्हें बार्डर पर हिरासत में ले लिया और एक घंटा तक अपने पास रखा, जिसके बाद छोड़ा। उन्होंने कहा कि किसी भी हालत में ट्रेड डील लागू नहीं होने देंगे।
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सरकार ने किसानों को दबाने का किया प्रयास : प्रिंस वड़ैच
किसान नेताओं ने कहा कि सरकार लोकतांत्रिक तरीके से अपनी बात रखने और आंदोलन करने के किसानों के अधिकार को दबाने का प्रयास कर रही है। उन्होंने कहा कि किसानों को दिल्ली जाने से रोकना और गिरफ्तार करना लोकतांत्रिक अधिकारों का हनन है। किसानों ने स्पष्ट किया कि सरकार की ऐसी दमनकारी कार्रवाई से किसान आंदोलन कमजोर नहीं होगा, बल्कि किसान अपने अधिकारों और देशहित के मुद्दों को लेकर और मजबूती से संघर्ष करेंगे।
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- धारा 163 लागू,अवहेलना करने पर होगी कार्रवाई
जिला में कानून व्यवस्था एवं शांति बनाए रखने के लिए मंगलवार को सामान्य स्थिति होने तक बीएनएसएस 2023 की धारा 163 लागू कर दी गई। जिला उपायुक्त विश्राम कुमार मीणा के मुताबिक इस दौरान किसी भी प्रकार की अप्रिय घटना को रोकने व शांति बनाए रखने के निर्देश दिए गए हैं। ऐसे में एक स्थान पर नागरिकों के एकत्रित होने, किसी प्रकार की जनसभा करने, धरना देने, प्रदर्शन करने व किसी भी प्रकार के घातक हथियार ले जाने पर तुरंत प्रभाव से पूर्णतया प्रतिबंध रहेगा। अवहेलना करने पर तत्काल कर्रवाई होगी।

उपायुक्त विश्राम कुमार मीणा ने कहा कि जो भी व्यक्ति बीएनएसएस 2023 की धारा 163 के आदेशों की अवहेलना करता पाया गया, उसके खिलाफ बीएनएसएस 2023 की धारा 223 के तहत दंड का भागी होगा और अन्य कानूनी प्रावधान भी लागू किए जा सकते हैं।
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