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अब सेहत के साथ खिलवाड़ नहीं, कलाकंद रोज फ्रेश बनाना पड़ेगा, दो दिन पुराना रसगुल्ला और रबड़ी भी नहीं चलेगी
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कुरुक्षेत्र। कांउटर में रखी मिठाइयां।
- फोटो : Kurukshetra
नरेंद्र शर्मा
कुरुक्षेत्र। अब स्वीट हाउस संचालक लोगों की सेहत के साथ खिलवाड़ नहीं कर सकेंगे, क्योंकि फूड सेफ्टी स्टैंडर्ड अथॉरिटी ऑफ इंडिया ने नई गाइडलाइन जारी करते हुए अब हर मिठाई की दुकान में रखी सभी मिठाइयों के साथ मैन्युफैक्चरिंग और एक्सपायरी डेट लिखना अनिवार्य कर दिया है। गाइडलाइन के अनुसार कलाकंद रोज बनाना पड़ेगा और रसगुल्ला और रबड़ी रस मलाई सहित अन्य कई मिठाइयां भी दो दिन से अधिक नहीं चलेगी। यही नहीं, अवहेलना करने वालों के खिलाफ दो लाख रुपये तक का जुर्माना लगाने का भी प्रावधान है।
उधर, जिला खाद्य एवं औषध विभाग ने भी त्यौहारों से पहले मिलावट खोरों पर नकेल सकते हुए छापेमारी शुरू कर दी है। अभी तक लिये गए सैंपलों के परिणाम संतोषजनक नहीं आए हैं। पिछले दिनों सीएम फ्लाइंग और खाद्य एवं औषध विभाग की टीम द्वारा संयुक्त छापेमारी के दौरान पिहोवा और शाहाबाद स्थित दूध डेरी से लिये गए सैंपलों में से आधे सैंपल फेल निकले हैं। जिला खाद्य सुरक्षा अधिकारी डॉ. संदीप कादियान ने बताया कि अभी तक विभाग द्वारा अलग-अलग मिष्ठान भंडारों एवं दूध की डेरियों में छापेमारी करते हुए 140 सैंपल लिए गए थे, लेकिन इनमें से दूध व दूध से बने पदार्थों के 30 सैंपल फेल निकले हैं। उन्होंने बताया कि सैंपल अनसेफ मिलने पर सीजेएम कोर्ट में चालान पेश किया जाता है। प्रमाणित होने पर दोषी को 6 माह से आजीवन कारावास तक की सजा हो सकती है। इसके अलावा सब-स्टैंडर्ड और मिसब्रांड पाए जाने पर एडीएम कोर्ट में चालान पेश किए जाते हैं। इसमें तीन से पांच लाख रुपये तक जुर्माना हो सकता है।
बीड़ पिपली में रसगुल्ले की फैक्ट्री में मारा छापा, भरे 10 सैंपल, मंचा हड़कंप
जिला खाद्य एवं औषधा विभाग की टीम ने वीरवार सुबह करीब साढ़े 11 बजे गुप्त सूचना के आधार पर जिला खाद्य सुरक्षा अधिकारी डॉ. संदीप कादियान के नेतृत्व में बीड़ पिपली स्थित रसगुल्ले की फैक्ट्री में छापा मारा तो हड़कंप मच गया। मौके पर पहुंची खाद्य एवं औषध विभाग की टीम ने रसगुल्ले के 10 सैंपल भरे। डॉ. कादियान ने बताया कि इन सैंपलों को सील करके जांच के लिए लैब में भेजा जाएगा, जहां इनकी जांच की जाएगी। बताया कि 15 दिन तक इन सैंपलों की रिपोर्ट आ जाएगी, अगर खामियां मिली तो फैक्ट्री संचालक के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
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कौन सी मिठाई की कितने दिन की एक्सपायरी डेट
- एक दिन चलने वाली मिठाई : कलाकंद, बटर स्कॉच कलाकंद, चॉकलेट कलाकंद।
- दो दिन चलने वाली मिठाई : दूध से बने आइटम, मिल्क बादाम, रसगुल्ला, रबड़ी रसमलाई, शाही टोस्ट, मलाई रोल, बंगाली रबड़ी, रस काटा, खीर मोहन आदि।
- चार दिन चलने वाली मिर्ठाई : घेवर, तिल बुग्गा, केसर कोकोनेट लड्डू, मोतीचूर मोदक, खोया बादाम, फ्रूट केक, पेड़ा, प्लेन बर्फी, मिल्क बर्फी, सफेद पेड़ा, बूंदी लड्डू, लाल लड्डू और कोकोनेट बर्फी आदि।
- सात दिन चलने वाली : काजू कतली, घेवर, मूंग बर्फी, आटा लड्डू, ड्राई फ्रूट गुजिया, काजू केसर बर्फी, काजू लड्डू, बेसन बर्फी, काजू रोल व बालूशाही आदि।
- 30 दिन चलने वाली मिठाई : आटा लड्डू, बेसन लड्डू, चना लड्डू, चना बर्फी आदि।
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कुरुक्षेत्र। अब स्वीट हाउस संचालक लोगों की सेहत के साथ खिलवाड़ नहीं कर सकेंगे, क्योंकि फूड सेफ्टी स्टैंडर्ड अथॉरिटी ऑफ इंडिया ने नई गाइडलाइन जारी करते हुए अब हर मिठाई की दुकान में रखी सभी मिठाइयों के साथ मैन्युफैक्चरिंग और एक्सपायरी डेट लिखना अनिवार्य कर दिया है। गाइडलाइन के अनुसार कलाकंद रोज बनाना पड़ेगा और रसगुल्ला और रबड़ी रस मलाई सहित अन्य कई मिठाइयां भी दो दिन से अधिक नहीं चलेगी। यही नहीं, अवहेलना करने वालों के खिलाफ दो लाख रुपये तक का जुर्माना लगाने का भी प्रावधान है।
उधर, जिला खाद्य एवं औषध विभाग ने भी त्यौहारों से पहले मिलावट खोरों पर नकेल सकते हुए छापेमारी शुरू कर दी है। अभी तक लिये गए सैंपलों के परिणाम संतोषजनक नहीं आए हैं। पिछले दिनों सीएम फ्लाइंग और खाद्य एवं औषध विभाग की टीम द्वारा संयुक्त छापेमारी के दौरान पिहोवा और शाहाबाद स्थित दूध डेरी से लिये गए सैंपलों में से आधे सैंपल फेल निकले हैं। जिला खाद्य सुरक्षा अधिकारी डॉ. संदीप कादियान ने बताया कि अभी तक विभाग द्वारा अलग-अलग मिष्ठान भंडारों एवं दूध की डेरियों में छापेमारी करते हुए 140 सैंपल लिए गए थे, लेकिन इनमें से दूध व दूध से बने पदार्थों के 30 सैंपल फेल निकले हैं। उन्होंने बताया कि सैंपल अनसेफ मिलने पर सीजेएम कोर्ट में चालान पेश किया जाता है। प्रमाणित होने पर दोषी को 6 माह से आजीवन कारावास तक की सजा हो सकती है। इसके अलावा सब-स्टैंडर्ड और मिसब्रांड पाए जाने पर एडीएम कोर्ट में चालान पेश किए जाते हैं। इसमें तीन से पांच लाख रुपये तक जुर्माना हो सकता है।
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बीड़ पिपली में रसगुल्ले की फैक्ट्री में मारा छापा, भरे 10 सैंपल, मंचा हड़कंप
जिला खाद्य एवं औषधा विभाग की टीम ने वीरवार सुबह करीब साढ़े 11 बजे गुप्त सूचना के आधार पर जिला खाद्य सुरक्षा अधिकारी डॉ. संदीप कादियान के नेतृत्व में बीड़ पिपली स्थित रसगुल्ले की फैक्ट्री में छापा मारा तो हड़कंप मच गया। मौके पर पहुंची खाद्य एवं औषध विभाग की टीम ने रसगुल्ले के 10 सैंपल भरे। डॉ. कादियान ने बताया कि इन सैंपलों को सील करके जांच के लिए लैब में भेजा जाएगा, जहां इनकी जांच की जाएगी। बताया कि 15 दिन तक इन सैंपलों की रिपोर्ट आ जाएगी, अगर खामियां मिली तो फैक्ट्री संचालक के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
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कौन सी मिठाई की कितने दिन की एक्सपायरी डेट
- एक दिन चलने वाली मिठाई : कलाकंद, बटर स्कॉच कलाकंद, चॉकलेट कलाकंद।
- दो दिन चलने वाली मिठाई : दूध से बने आइटम, मिल्क बादाम, रसगुल्ला, रबड़ी रसमलाई, शाही टोस्ट, मलाई रोल, बंगाली रबड़ी, रस काटा, खीर मोहन आदि।
- चार दिन चलने वाली मिर्ठाई : घेवर, तिल बुग्गा, केसर कोकोनेट लड्डू, मोतीचूर मोदक, खोया बादाम, फ्रूट केक, पेड़ा, प्लेन बर्फी, मिल्क बर्फी, सफेद पेड़ा, बूंदी लड्डू, लाल लड्डू और कोकोनेट बर्फी आदि।
- सात दिन चलने वाली : काजू कतली, घेवर, मूंग बर्फी, आटा लड्डू, ड्राई फ्रूट गुजिया, काजू केसर बर्फी, काजू लड्डू, बेसन बर्फी, काजू रोल व बालूशाही आदि।
- 30 दिन चलने वाली मिठाई : आटा लड्डू, बेसन लड्डू, चना लड्डू, चना बर्फी आदि।