{"_id":"60e4a6e88ebc3ec208284e42","slug":"exam-will-be-in-blind-mode-kurukshetra-news-knl756050194","type":"story","status":"publish","title_hn":"कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय इस बार भी ब्लैंडिड मोड में लेगा परीक्षाएं","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय इस बार भी ब्लैंडिड मोड में लेगा परीक्षाएं
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय की 13 जुलाई से यूजी और पीजी सेमेस्टर और 27 जुलाई से शुरू होने वाली बीएड फाइनल ईयर की परीक्षाएं इस बार भी ब्लैंडिड मोड में होंगी। मंगलवार को कुलपति प्रो. सोमनाथ सचदेवा की अध्यक्षता में हुई परीक्षा स्टैंडिंग कमेटी की सिफारिश के आधार पर विवि प्रशासन ने यह फैसला लिया है। इस संबंध में मंगलवार को अधिसूचना भी जारी की गई। इन सभी परीक्षाओं में विद्यार्थी को 100 प्रतिशत अंकों का पेपर हल करना होगा, जिसके लिए उन्हें 4 घंटे का समय दिया जाएगा। पेपर करने के लिए विद्यार्थियों को ए-फोर साइज के अधिकतम 36 पेजों का प्रयोग करना होगा तथा प्रश्न पत्र डाउनलोड करके परीक्षा संबंधित विवरण और रोल नंबर पेज पर लिखना होगा। इसके अलावा कोई भी परीक्षार्थी अपना मोबाइल नंबर व अन्य कोई भी सूचना अपनी उत्तर-पुस्तिका पर नहीं लिखेगा।
केयू के परीक्षा नियंत्रक डॉ. हुकम सिंह ने बताया कि परीक्षा संबंधित अधिसूचना सभी विभागाध्यक्षों, प्राचार्यों व निदेशकों को ईमेल के माध्यम से जारी कर दी गई गई। विद्यार्थियों की समस्याओं को देखते हुए इस बार भी उत्तर-पुस्तिका अपलोड करने के लिए गूगल फॉर्म का लिंक जारी किया जाएगा, ताकि ईमेल बाउंस और ईमेल फेल जैसी किसी भी तकनीकी समस्या का सामना न करना पड़े। गूगल फॉर्म का लिंक संबंधित विभाग और संस्थान की ओर से भेजा जाएगा, जिसके जरिए विद्यार्थी उत्तर-पुस्तिका समय रहते संबंधित विभाग/संस्थान और कॉलेज में भेज सकेंगे। इसके लिए बाकायदा संबंधित अधिकारियों और कर्मचारियों को गूगल फॉर्म का लिंक तैयार कर सभी परीक्षार्थियों के पास भेजना होगा। इन आदेशों की उल्लंघना करने पर संबंधित विद्यार्थी के विरुद्ध आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
ब्लैंडिड मोड के तहत होने वाली इन परीक्षाओं के लिए जारी की गई गाइडलाइन में विद्यार्थियों को वेबकैम और मोबाइल कैमरे के सामने उपस्थित होने के निर्देश हैं। बताया कि प्रात: कालीन और सायं कालीन सत्र में होने वाली इन स्नातक और स्नातकोत्तर की परीक्षाओं में सुबह सत्र वाला पेपर 9.15 बजे और सायं सत्र के लिए 1.15 बजे ई-मेल के माध्यम से संबंधित विभाग/संस्थान और कॉलेज में भेजे जाएंगे। इसके बाद संबंधित विभाग/संस्थान और कॉलेज 9.30 बजे और दोपहर के सत्र में 1.30 बजे तक प्रश्न-पत्र ई-मेल, व्हाट्सएप और अन्य किसी इलेक्ट्रॉनिक एप के माध्यम से परीक्षार्थी के पास भेजेंगे।
विज्ञापन
ब्लैंडिड मोड में आयोजित होने वाली परीक्षाओं में अधिकतर विद्यार्थी चीटिंग करते हैं, जिसके मद्देनजर इस बार परीक्षा को नकल मुक्त बनने के लिए केयू प्रशासन द्वारा स्पेशल ऑब्जर्वर नियुक्त किए जा सकते हैं, जोकि ऑनलाइन विद्यार्थियों पर परीक्षा के दौरान नजर रखेंगे।
परीक्षा नियंत्रक डॉ. हुकुम सिंह ने बताया कि विभागाध्यक्षों, प्राचार्यों और निदेशकों को परीक्षार्थियों से 10 जुलाई तक ऑप्शन लेनी होगी कि वे परीक्षा किस माध्यम से देना चाहते हैं। दूर-दराज और अन्य प्रदेशों में रहने वाले पूर्व विद्यार्थी को परीक्षा देने के लिए स्वयं को विभाग/संस्थान व महाविद्यालय में ऑनलाइन और ऑफलाइन मोड में रजिस्ट्रेशन कराना अनिवार्य होगा। सफल रजिस्ट्रेशन होने पर परीक्षार्थी को समय रहते प्रश्न पत्र सुबह व दोपहर सत्र वाले परीक्षा वाले दिन उपलब्ध हो सकेंगे। 20 विद्यार्थियों के ऊपर एक निरीक्षक नियुक्त किया जाएगा, जोकि सभी विद्यार्थियों की गूगल मीट और व्हाट्सएप के द्वारा प्रोक्टोरियल इन्वेस्टीगेशन करेगा। शिक्षकों को इसका रिकॉर्ड 3 महीने तक संभालकर रखना होगा, ताकि जरूरत पड़ने पर विश्वविद्यालय द्वारा इसकी जांच की जा सके। इसके अलावा सभी विभाग/संस्थान और कॉलेज को सभी परीक्षाओं की डेली सूची परीक्षा संपन्न होने उपरांत क्लास वाइज/पेपर वाइज/डेट वाइज उत्तर-पुस्तिका के मूल्यांकन के लिए निर्धारित किए गए अवार्ड परफॉर्म के साथ संलग्न करनी होगी।
विज्ञापन
केयू के परीक्षा नियंत्रक डॉ. हुकम सिंह ने बताया कि परीक्षा संबंधित अधिसूचना सभी विभागाध्यक्षों, प्राचार्यों व निदेशकों को ईमेल के माध्यम से जारी कर दी गई गई। विद्यार्थियों की समस्याओं को देखते हुए इस बार भी उत्तर-पुस्तिका अपलोड करने के लिए गूगल फॉर्म का लिंक जारी किया जाएगा, ताकि ईमेल बाउंस और ईमेल फेल जैसी किसी भी तकनीकी समस्या का सामना न करना पड़े। गूगल फॉर्म का लिंक संबंधित विभाग और संस्थान की ओर से भेजा जाएगा, जिसके जरिए विद्यार्थी उत्तर-पुस्तिका समय रहते संबंधित विभाग/संस्थान और कॉलेज में भेज सकेंगे। इसके लिए बाकायदा संबंधित अधिकारियों और कर्मचारियों को गूगल फॉर्म का लिंक तैयार कर सभी परीक्षार्थियों के पास भेजना होगा। इन आदेशों की उल्लंघना करने पर संबंधित विद्यार्थी के विरुद्ध आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन
ब्लैंडिड मोड के तहत होने वाली इन परीक्षाओं के लिए जारी की गई गाइडलाइन में विद्यार्थियों को वेबकैम और मोबाइल कैमरे के सामने उपस्थित होने के निर्देश हैं। बताया कि प्रात: कालीन और सायं कालीन सत्र में होने वाली इन स्नातक और स्नातकोत्तर की परीक्षाओं में सुबह सत्र वाला पेपर 9.15 बजे और सायं सत्र के लिए 1.15 बजे ई-मेल के माध्यम से संबंधित विभाग/संस्थान और कॉलेज में भेजे जाएंगे। इसके बाद संबंधित विभाग/संस्थान और कॉलेज 9.30 बजे और दोपहर के सत्र में 1.30 बजे तक प्रश्न-पत्र ई-मेल, व्हाट्सएप और अन्य किसी इलेक्ट्रॉनिक एप के माध्यम से परीक्षार्थी के पास भेजेंगे।
विज्ञापन
ब्लैंडिड मोड में आयोजित होने वाली परीक्षाओं में अधिकतर विद्यार्थी चीटिंग करते हैं, जिसके मद्देनजर इस बार परीक्षा को नकल मुक्त बनने के लिए केयू प्रशासन द्वारा स्पेशल ऑब्जर्वर नियुक्त किए जा सकते हैं, जोकि ऑनलाइन विद्यार्थियों पर परीक्षा के दौरान नजर रखेंगे।
परीक्षा नियंत्रक डॉ. हुकुम सिंह ने बताया कि विभागाध्यक्षों, प्राचार्यों और निदेशकों को परीक्षार्थियों से 10 जुलाई तक ऑप्शन लेनी होगी कि वे परीक्षा किस माध्यम से देना चाहते हैं। दूर-दराज और अन्य प्रदेशों में रहने वाले पूर्व विद्यार्थी को परीक्षा देने के लिए स्वयं को विभाग/संस्थान व महाविद्यालय में ऑनलाइन और ऑफलाइन मोड में रजिस्ट्रेशन कराना अनिवार्य होगा। सफल रजिस्ट्रेशन होने पर परीक्षार्थी को समय रहते प्रश्न पत्र सुबह व दोपहर सत्र वाले परीक्षा वाले दिन उपलब्ध हो सकेंगे। 20 विद्यार्थियों के ऊपर एक निरीक्षक नियुक्त किया जाएगा, जोकि सभी विद्यार्थियों की गूगल मीट और व्हाट्सएप के द्वारा प्रोक्टोरियल इन्वेस्टीगेशन करेगा। शिक्षकों को इसका रिकॉर्ड 3 महीने तक संभालकर रखना होगा, ताकि जरूरत पड़ने पर विश्वविद्यालय द्वारा इसकी जांच की जा सके। इसके अलावा सभी विभाग/संस्थान और कॉलेज को सभी परीक्षाओं की डेली सूची परीक्षा संपन्न होने उपरांत क्लास वाइज/पेपर वाइज/डेट वाइज उत्तर-पुस्तिका के मूल्यांकन के लिए निर्धारित किए गए अवार्ड परफॉर्म के साथ संलग्न करनी होगी।