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Kurukshetra News: बिजली निगम कार्यालय के गेट पर कर्मचारियों ने दिया धरना
Fri, 23 Oct 2026 03:01 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कुरुक्षेत्र
संवाद न्यूज एजेंसी, कुरुक्षेत्र
Updated Fri, 23 Oct 2026 03:01 AM IST
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पिहोवा। बिजली विभाग के कर्मचारियों की तीन दिवसीय हड़ताल के चलते पिहोवा में बिजली और पेयजल व्यवस्था प्रभावित रही। बुधवार रात करीब 10 बजे बिजली सप्लाई बंद होने से लोगों को पूरी रात अंधेरे और गर्मी में गुजारनी पड़ी। बिजली नहीं होने का असर सरकारी कार्यालयों और कोर्ट के कामकाज पर भी पड़ा। कंप्यूटर और प्रिंटर नहीं चलने के कारण बार एसोसिएशन ने वर्क सस्पेंड कर दिया। इससे लोगों को तारीख लेकर लौटना पड़ा। गुरुवार दोपहर बिजली सप्लाई सुचारु होने के बाद लोगों को राहत मिली।
उधर, साझा मोर्चा के आह्वान पर बिजली निगम के कर्मचारियों ने निजीकरण के विरोध और अपनी मांगों को लेकर निगम कार्यालय के गेट पर धरना दिया और सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। यूनिट प्रधान बलबीर रंगा ने आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री और बिजली मंत्री कर्मचारियों के साथ होने तथा निजीकरण के विरोध की बात करते हैं, लेकिन केंद्रीय नेतृत्व के निर्देश पर सरकार निजीकरण की प्रक्रिया आगे बढ़ा रही है। उन्होंने सरकार से स्थिति स्पष्ट करने और निजीकरण का फैसला वापस लेने की मांग की।
प्रदर्शन का नेतृत्व कर रहे सचिव रणजीत सिंह ने कहा कि बिजली व्यवस्था निजी कंपनियों के हाथों में जाने से कर्मचारियों के साथ आम जनता की समस्याओं का समाधान कराना भी मुश्किल होगा। बिजली बंद रहने से कई क्षेत्रों में पेयजल सप्लाई प्रभावित हुई और कुछ जगह टैंकरों से पानी पहुंचाना पड़ा। संवाद
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उधर, साझा मोर्चा के आह्वान पर बिजली निगम के कर्मचारियों ने निजीकरण के विरोध और अपनी मांगों को लेकर निगम कार्यालय के गेट पर धरना दिया और सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। यूनिट प्रधान बलबीर रंगा ने आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री और बिजली मंत्री कर्मचारियों के साथ होने तथा निजीकरण के विरोध की बात करते हैं, लेकिन केंद्रीय नेतृत्व के निर्देश पर सरकार निजीकरण की प्रक्रिया आगे बढ़ा रही है। उन्होंने सरकार से स्थिति स्पष्ट करने और निजीकरण का फैसला वापस लेने की मांग की।
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प्रदर्शन का नेतृत्व कर रहे सचिव रणजीत सिंह ने कहा कि बिजली व्यवस्था निजी कंपनियों के हाथों में जाने से कर्मचारियों के साथ आम जनता की समस्याओं का समाधान कराना भी मुश्किल होगा। बिजली बंद रहने से कई क्षेत्रों में पेयजल सप्लाई प्रभावित हुई और कुछ जगह टैंकरों से पानी पहुंचाना पड़ा। संवाद
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