{"_id":"5ab94b6e4f1c1ba2238b75e9","slug":"131522092910-kurukshetra-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"खालीस्तान के नारे धर्म व देश विरोधी ताकतों की साजिश : विहिप","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
खालीस्तान के नारे धर्म व देश विरोधी ताकतों की साजिश : विहिप
Updated Tue, 27 Mar 2018 01:05 AM IST
विज्ञापन
24 घंटे बाद भी खालिस्तान के नारे लगाने पर नहीं दर्ज हुआ पर्चा
अमर उजाला ब्यूरो
इस्माईलाबाद। खालिस्तान का नारा लगाने वालों के खिलाफ 24 घंटे का समय बीतने के बाद भी पुलिस ने किसी के खिलाफ मामाला दर्ज नहीं किया है। इसे लेकर पुलिस अधीक्षक अभिषेक गर्ग से पूछा गया तो उन्होंने कहा कि मामला उनके संज्ञान में है और वह इस पर कानूनी राय ले रहे हैं। इस बार में जब विहिप के कुरुक्षेत्र सह संगठन मंत्री अतुल शास्त्री से बात की गई तो उन्होंने कहा कि मामला बेहद गंभीर है। प्रशासन को इस इसे गंभीरता से लेना चाहिए। इसे लेकर संगठन की कोई बैठक नहीं हुई, लेकिन पदाधिकारियों ने इस प्रकार की गतिविधियों पर गहरा रोष जताया है।
उन्होंने कहा कि यह देश व धर्म को बांटने की देश विरोधी ताकतों की साजिश है। इस प्रकार से भारी पुलिस बल के समक्ष ही यह नारेबाजी व शव पर खालिस्तान लिखा कफन डाला जाना बेहद चिंतनीय है। उन्होंने कहा कि सिख लोगों ने देश के लिए कई कुर्बानियां दी हैं और हर समय देशहित में खड़े रहे हैं, लेकिन सिख व्यक्ति की मौत पर खालिस्तान व भिंडरावाला के समर्थन में नारेबाजी करना इस धर्म को बदनाम करने का प्रयास है। यह जिला व पुलिस प्रशासन के साथ सरकार की भी कमजोरी रही है कि ऐसे देश विरोधी नारेबाजी के बावजूद किसी आरोपी के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की जा सकी है। इस पर तत्काल कड़ा संज्ञान लेना चाहिए। उन्होंने कहा कि अन्य पदाधिकारियों से भी इस पर विचार-विर्मश कर अगला कदम उठाया जाएगा।
विज्ञापन
अमर उजाला ब्यूरो
इस्माईलाबाद। खालिस्तान का नारा लगाने वालों के खिलाफ 24 घंटे का समय बीतने के बाद भी पुलिस ने किसी के खिलाफ मामाला दर्ज नहीं किया है। इसे लेकर पुलिस अधीक्षक अभिषेक गर्ग से पूछा गया तो उन्होंने कहा कि मामला उनके संज्ञान में है और वह इस पर कानूनी राय ले रहे हैं। इस बार में जब विहिप के कुरुक्षेत्र सह संगठन मंत्री अतुल शास्त्री से बात की गई तो उन्होंने कहा कि मामला बेहद गंभीर है। प्रशासन को इस इसे गंभीरता से लेना चाहिए। इसे लेकर संगठन की कोई बैठक नहीं हुई, लेकिन पदाधिकारियों ने इस प्रकार की गतिविधियों पर गहरा रोष जताया है।
उन्होंने कहा कि यह देश व धर्म को बांटने की देश विरोधी ताकतों की साजिश है। इस प्रकार से भारी पुलिस बल के समक्ष ही यह नारेबाजी व शव पर खालिस्तान लिखा कफन डाला जाना बेहद चिंतनीय है। उन्होंने कहा कि सिख लोगों ने देश के लिए कई कुर्बानियां दी हैं और हर समय देशहित में खड़े रहे हैं, लेकिन सिख व्यक्ति की मौत पर खालिस्तान व भिंडरावाला के समर्थन में नारेबाजी करना इस धर्म को बदनाम करने का प्रयास है। यह जिला व पुलिस प्रशासन के साथ सरकार की भी कमजोरी रही है कि ऐसे देश विरोधी नारेबाजी के बावजूद किसी आरोपी के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की जा सकी है। इस पर तत्काल कड़ा संज्ञान लेना चाहिए। उन्होंने कहा कि अन्य पदाधिकारियों से भी इस पर विचार-विर्मश कर अगला कदम उठाया जाएगा।
विज्ञापन