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पांचवें अंतरराष्ट्रीय सरस्वती महोत्सव पर लटकी कोरोना की तलवार

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Sat, 22 Jan 2022 01:54 AM IST
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Corona's sword hanging on the fifth International Saraswati Festival, Kurukshetra
पिहोवा सरस्वती तीर्थ की फाइल फोटो। - फोटो : Kurukshetra
सुनील धीमान
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कुरुक्षेत्र। इस बार 3 से 5 फरवरी तक मनाए जाने वाले पांचवें अंतरराष्ट्रीय सरस्वती महोत्सव पर कोरोना महामारी की तलवार लटक गई है। बढ़ते संक्रमण के बीच महोत्सव का स्तर और स्वरूप कैसा होगा, इसे लेकर सरस्वती हेरिटेज बोर्ड की बैठक में माथापच्ची की जाएगी। इस बैठक में तय होगा महोत्सव की परंपरा टूटेगी या रस्म की अदायगी करके परंपरा को कायम रखा जाएगा।
पांचवें अंतरराष्ट्रीय महोत्सव को कोई कंट्री पार्टनर भी नहीं मिला है। वहीं इस बार पांच राज्यों में महोत्सव का आयोजन हो सकता है। बता दें गत वर्ष ही कोरोना महामारी के कारण महोत्सव को सूक्ष्म रूप से मनाकर केवल रस्म अदायगी की गई थी। महोत्सव में किसी तरह के सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित नहीं हुए थे। सरस व क्राफ्ट मेले का आयोजन भी नहीं किया गया था। इस बार अंतरराष्ट्रीय सरस्वती महोत्सव के स्तर और स्वरूप को बढ़ाने का प्रयास किया गया। पहली बार हरियाणा के साथ-साथ हिमाचल प्रदेश, गुजरात, राजस्थान और उत्तराखंड में महोत्सव का आयोजन संभावित है। इन राज्यों में महोत्सव को मनाने का शेड्यूल भी तैयार किया गया।
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इसके अलावा तीन दिवसीय महोत्सव में सरस्वती नदी के किनारे बसे 226 गांवों की सहभागिता भी सुनिश्चित की गई। पहली बार देशभर की 421 पवित्र नदियों के जल से मां सरस्वती जी का महा जलाभिषेक की योजना बनाई गई है। वहीं महोत्सव में पिहोवा के सरस्वती तीर्थ पर सरस एवं क्राफ्ट मेले के आयोजन भी रूपरेखा तय गई है। अब इन सब आयोजन पर कोरोना महामारी का ग्रहण लग सकता है। संभव है कि सांस्कृतिक कार्यक्रम, मेले सहित अन्य कई तरह की गतिविधियां नहीं होगी, बल्कि हवन-यज्ञ व महाआरती करके महोत्सव की परंपरा निभाई जाएगी।
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उल्लेखनीय है कि 12 फरवरी 2016 को सीएम मनोहर लाल ने सरस्वती महोत्सव समापन समारोह पर इसे 2018 में अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मनाने की घोषणा की थी। साल 2018 में महोत्सव को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मनाया। न अब तक महोत्सव को अंतरराष्ट्रीय पहचान नहीं मिल पाई, क्योंकि महोत्सव को कोई कंट्री पार्टनर भी नहीं मिला है। संवाद
जल्द तय होगा महोत्सव का स्तर : धुम्मन
सरस्वती हेरिटेज बोर्ड के उपाध्यक्ष धुम्मन सिंह ने बताया कि महोत्सव के स्तर को लेकर शीघ्र ही बैठक का आयोजन किया जाएगा। सीएम की अध्यक्षता में होने वाली उस बैठक में हुए निर्णय को लागू किया जाएगा।

पिहोवा एसडीएम एवं पिहोवा महोत्सव के नोडल अधिकारी सोनू राम ने बताया कि महोत्सव के स्तर को लेकर उनको अभी कोई आदेश प्राप्त नहीं हुए हैं। जैसे भी आदेश प्राप्त होंगे, उसी के अनुसार महोत्सव की तैयारी की जाएगी।
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