फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Kurukshetra News ›   Bhakiyu came out in protest against removal of import duty on cotton, decision on agitation will be taken in Bhiwani on 28th

Kurukshetra News: कपास पर आयात शुल्क हटाने का किया विरोध

Sun, 24 Aug 2025 03:56 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, कुरुक्षेत्र
संवाद न्यूज एजेंसी, कुरुक्षेत्र Updated Sun, 24 Aug 2025 03:56 AM IST
विज्ञापन
Bhakiyu came out in protest against removal of import duty on cotton, decision on agitation will be taken in Bhiwani on 28th
कुरुक्षेत्र भाकियू अध्यक्ष गुरनाम सिंह चढूनी।
कुरुक्षेत्र। केंद्र सरकार की ओर से कपास पर 11 फीसदी आयात शुल्क समाप्त करने के फैसले से देशभर के कपास किसानों में आक्रोश पनप रहा है। इस निर्णय के तुरंत बाद कॉटन कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया ने दो दिनों में ही कपास के दामों में 1,100 रुपये प्रति कैंडी की कटौती कर दी है।
विज्ञापन

सरकार ने यह फैसला वापस नहीं लिया तो भारतीय किसान यूनियन (चढ़ूनी) देशव्यापी आंदोलन शुरू करेगी। इसके लिए 28 को भिवानी में एक महत्वपूर्ण बैठक बुलाई गई है जिसमें आंदोलन की रूपरेखा तैयार की जाएगी। भाकियू अध्यक्ष गुरनाम सिंह चढूनी ने यहां जारी बयान में कहा कि यह लड़ाई सिर्फ कपास किसानों की नहीं बल्कि पूरे कृषि समुदाय के भविष्य की है।
विज्ञापन

किसानों को बर्बाद करने वाले किसी भी फैसले को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। यदि मांगें नहीं मानी गईं तो सड़क से संसद तक संघर्ष होगा। उन्होंने कहा कि यह फैसला टेक्सटाइल उद्योग को लाभ पहुंचाने और अमेरिका के दबाव में लिया गया है जबकि इसका खामियाजा भारत के कपास किसानों को भुगतना पड़ेगा। अमेरिका भारत का दूसरा सबसे बड़ा कपास निर्यातक है और अब भारतीय बाजार में बाढ़ की तरह अमेरिकी कॉटन आएगा जिससे घरेलू कीमतें और नीचे गिरेंगी। उन्होंने कहा कि कपास की भारत में कपास की खेती लगातार घट रही है। साल 2024 से 25 में आयात 107 फीसदी की बढ़तोरी हुई जिस कारण से उत्पादन 390 लाख गांठ से घटकर 300 लाख गांठ पर आ गया है।
विज्ञापन
विज्ञापन

खरीफ सीजन में कपास का रकबा 3.24 लाख हेक्टेयर घटा (पिछले साल से 2.91 फीसदी कम)। जो किसान और व्यापारी सीसीआई से ऊंचे दामों पर स्टॉक कर चुके हैं, वे बर्बाद हो जाएंगे। नई फसल के दाम भी दबाव में रहेंगे, जिससे किसानों को भारी नुकसान होगा। संवाद
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed