{"_id":"6435bcaf437cef571905e964","slug":"bhakiyu-came-out-against-the-value-cut-imposed-on-wheat-kurukshetra-news-c-18-1-88616-2023-04-12","type":"story","status":"publish","title_hn":"Kurukshetra News: गेहूं पर लगाए वैल्यू कट के विरोध में उतरी भाकियू","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Kurukshetra News: गेहूं पर लगाए वैल्यू कट के विरोध में उतरी भाकियू
Wed, 12 Apr 2023 01:31 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कुरुक्षेत्र
संवाद न्यूज एजेंसी, कुरुक्षेत्र
Updated Wed, 12 Apr 2023 01:31 AM IST
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
शाहाबाद। भारतीय किसान यूनियन सरकार की ओर से जारी किए गए गेहूं की फसल के लिए वैल्यू कट नोटिफिकेशन के विरोध में उतर आई है। गुरनाम सिंह चढूनी ने वीडियो जारी कर चेतावनी दी है कि अगर सरकार ने 14 अप्रैल तक अपने इस फरमान को वापस नहीं लिया तो किसान 15 अप्रैल से हरियाणा पंजाब की सभी अनाज मंडियों के बाहर सड़क जाम करेंगे।
उन्होंने कहा कि किसान पहले ही दोहरी मार झेल रहा है, ऊपर से ऐसे सरकारी फरमानों से किसान और टूट जाएगा। उन्होंने कहा कि बेशक हरियाणा सरकार ने एक अप्रैल से गेहूं की सरकारी खरीद शुरू करने का फैसला लिया था, लेकिन धरातल पर अभी तक खरीद शुरू नहीं हुई है। उन्होंने वीडियो में किसानों को 15 अप्रैल के बाद कमर कसने के आदेश जारी किए हैं। चढूनी ने कहा कि प्रदेश में कुछ दिनों पहले भारी बारिश और ओलावृष्टि हुई थी, जिस कारण गेहूं की फसल काफी बर्बाद हो गई है। फसल खराब होने से किसानों को भारी नुकसान हुआ है।
अब किसानों को आर्थिक तौर से भी काफी परेशानियों को सामना करना पड़ेगा। किसानों की फसल खराब होने का मुद्दा हरियाणा और पंजाब दोनों विधानसभा में उठा था। विपक्ष लगातार सरकार से किसानों को मुआवजा देने की बात कह रहा है। सरकार ने भी किसानों की समस्या समाधान करने का आश्वासन दिया था। प्रदेश के मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने कहा था कि किसानों का जो भी नुकसान हुआ है, उसकी जानकारी वह पोर्टल पर डाल दे, ताकि उन्हें मुआवजा दिया जा सके।
विज्ञापन
विज्ञापन
शाहाबाद। भारतीय किसान यूनियन सरकार की ओर से जारी किए गए गेहूं की फसल के लिए वैल्यू कट नोटिफिकेशन के विरोध में उतर आई है। गुरनाम सिंह चढूनी ने वीडियो जारी कर चेतावनी दी है कि अगर सरकार ने 14 अप्रैल तक अपने इस फरमान को वापस नहीं लिया तो किसान 15 अप्रैल से हरियाणा पंजाब की सभी अनाज मंडियों के बाहर सड़क जाम करेंगे।
उन्होंने कहा कि किसान पहले ही दोहरी मार झेल रहा है, ऊपर से ऐसे सरकारी फरमानों से किसान और टूट जाएगा। उन्होंने कहा कि बेशक हरियाणा सरकार ने एक अप्रैल से गेहूं की सरकारी खरीद शुरू करने का फैसला लिया था, लेकिन धरातल पर अभी तक खरीद शुरू नहीं हुई है। उन्होंने वीडियो में किसानों को 15 अप्रैल के बाद कमर कसने के आदेश जारी किए हैं। चढूनी ने कहा कि प्रदेश में कुछ दिनों पहले भारी बारिश और ओलावृष्टि हुई थी, जिस कारण गेहूं की फसल काफी बर्बाद हो गई है। फसल खराब होने से किसानों को भारी नुकसान हुआ है।
विज्ञापन
अब किसानों को आर्थिक तौर से भी काफी परेशानियों को सामना करना पड़ेगा। किसानों की फसल खराब होने का मुद्दा हरियाणा और पंजाब दोनों विधानसभा में उठा था। विपक्ष लगातार सरकार से किसानों को मुआवजा देने की बात कह रहा है। सरकार ने भी किसानों की समस्या समाधान करने का आश्वासन दिया था। प्रदेश के मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने कहा था कि किसानों का जो भी नुकसान हुआ है, उसकी जानकारी वह पोर्टल पर डाल दे, ताकि उन्हें मुआवजा दिया जा सके।
विज्ञापन