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Kurukshetra News: टेलीग्राम पर पैसे कमाने का लालच देकर एसी मैकेनिक से 4.58 लाख ठगे
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कुरुक्षेत्र। शहर के गोशाला बाजार निवासी एसी मैकेनिक समीर खान से टेलीग्राम एप के माध्यम से साइबर ठगों ने 4.58 लाख रुपये की ठगी कर ली। ठगों ने समीर को काम के बदले रेटिंग देकर आसानी से पैसे कमाने का झांसा दिया और बाद में टैक्स के नाम पर लाखों रुपये वसूल लिए।
समीर खान ने बताया कि उनकी टेलीग्राम आईडी पर माराल नाम की आईडी से एक मैसेज आया। इसमें लिखा था कि घर बैठे आसानी से पैसे कमाए जा सकते हैं। लालच में आकर उन्होंने काम शुरू किया। आरोपी ने उन्हें टास्क दिए जिनमें दिए गए लिंक को गूगल मैप पर खोलकर विभिन्न स्थानों को स्टार रेटिंग देनी होती थी।
10 से 15 दिनों तक यह सिलसिला चलता रहा। इसके बाद ठगों ने समीर का एक खाता बनाया जिसमें करीब आठ लाख रुपये दिखने लगे। जब उन्होंने रुपये निकालने की कोशिश की तो रुपये नहीं निकले। उन्होंने आरोपियों से संपर्क किया तो सामने से नवलीन अग्रवाल नाम के व्यक्ति से बात हुई जिसने बताया कि इन रुपयों पर टैक्स लगेगा। पहले टैक्स जमा करो, फिर रुपये निकाल सकते हो।
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इसके बाद ठग बार-बार अलग-अलग यूपीआई आईडी भेजकर टैक्स के नाम पर रुपये मांगने लगे। समीर खान ने भरोसे में आकर कुल 4.58 लाख रुपये से अधिक विभिन्न यूपीआई आईडी पर ट्रांसफर कर दिए। इतनी राशि जमा करने के बाद अचानक उनका खाता और टेलीग्राम आईडी बंद कर दी गई। जब उन्होंने दोबारा संपर्क करने की कोशिश की तो कोई जवाब नहीं मिला। उन्होंने ठगी होने का पता चलते ही साइबर क्राइम की वेबसाइट पर शिकायत दर्ज करवाई। थाना साइबर क्राइम पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
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समीर खान ने बताया कि उनकी टेलीग्राम आईडी पर माराल नाम की आईडी से एक मैसेज आया। इसमें लिखा था कि घर बैठे आसानी से पैसे कमाए जा सकते हैं। लालच में आकर उन्होंने काम शुरू किया। आरोपी ने उन्हें टास्क दिए जिनमें दिए गए लिंक को गूगल मैप पर खोलकर विभिन्न स्थानों को स्टार रेटिंग देनी होती थी।
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10 से 15 दिनों तक यह सिलसिला चलता रहा। इसके बाद ठगों ने समीर का एक खाता बनाया जिसमें करीब आठ लाख रुपये दिखने लगे। जब उन्होंने रुपये निकालने की कोशिश की तो रुपये नहीं निकले। उन्होंने आरोपियों से संपर्क किया तो सामने से नवलीन अग्रवाल नाम के व्यक्ति से बात हुई जिसने बताया कि इन रुपयों पर टैक्स लगेगा। पहले टैक्स जमा करो, फिर रुपये निकाल सकते हो।
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इसके बाद ठग बार-बार अलग-अलग यूपीआई आईडी भेजकर टैक्स के नाम पर रुपये मांगने लगे। समीर खान ने भरोसे में आकर कुल 4.58 लाख रुपये से अधिक विभिन्न यूपीआई आईडी पर ट्रांसफर कर दिए। इतनी राशि जमा करने के बाद अचानक उनका खाता और टेलीग्राम आईडी बंद कर दी गई। जब उन्होंने दोबारा संपर्क करने की कोशिश की तो कोई जवाब नहीं मिला। उन्होंने ठगी होने का पता चलते ही साइबर क्राइम की वेबसाइट पर शिकायत दर्ज करवाई। थाना साइबर क्राइम पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।