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मिट्टी की ढांग में दबकर एक श्रमिक की मौत, दूसरा गंभीर
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मिट्टी की ढांग में दबकर एक श्रमिक की मौत, दूसरा गंभीर
- ज्योतिसर गांव में सरस्वती प्रोजेक्ट के तहत सीवरेज पाइप लाइन दबाते समय हुआ हादसा
अमर उजाला ब्यूरो
कुरुक्षेत्र। गांव ज्योतिसर में चल रहे सीवरेज पाइप लाइन दबाए जाने के दौरान 18 फीट गहरे गड्ढे में मजदूरों पर मिट्टी की ढांग गिर गई। जिससे एक मजदूर की तत्काल मौत हो गई, जबकि एक अन्य मजदूर की हालत गंभीर है। घंटे भर की कड़ी मशक्कत के बाद मलबे से मजदूर का शव निकाला जा सका। हादसे से वहां काम कर रहे मजदूर मौके से भाग खड़े हुए जबकि घटनास्थल पर काफी तादाद में ग्रामीण जुट गए। पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराकर परिजनों को सौंप दिया है। पुलिस ने कार्य करा रहे ठेकेदार पर मामला दर्ज किया है।
ज्योतिसर के मुंडाखेड़ा मोड़ पर बीते दस दिनों से सीवरेज का निर्माण कार्य चला हुआ है। सरस्वती प्रोजेक्ट के तहत हो रहे इस कार्य में शनिवार दोपहर 12.30 बजे गांव अढौण निवासी सुमित अपने साथी शुभम और पवन के साथ सीवर के 18 फीट गहरे गड्ढे में पाइप लाइन दबाने के लिए उतरा। अचानक उसके ऊपर मिट्टी की ढांग गिर गई। जिसके नीचे दबने से सुमित कुमार (26) की मौत हो गई, जबकि शुभम को एक घंटा तक कड़ी मशक्कत के बाद बाहर निकाला। पुलिस ने दोनों को एलएनजेपी अस्पताल पहुंचाया।
हादसा होने की सूचना मिलने पर पहुंची पुलिस ने ग्रामीणों की मदद से मिट्टी में दबे मजदूरों को बाहर निकाला। हालांकि इस दौरान पंचायती विभाग के अधिकारी मौके पर नहीं पहुंचे। विभाग के एक्सईएन कर्ण सिंह श्योराण से कई बार घटना की बाबत संपर्क किया गया लेकिन संपर्क नहीं हो सका। वहीं एसडीओ योगेश शर्मा ने नो कॉमेंट कहकर फोन काट दिया। संबंधित विभाग की ओर से मजदूर को निकाले जाने तक भी कोई अधिकारी घटनास्थल पर नहीं पहुंचा। नायब तहसीलदार जसबीर रंगा शव के पोस्टमार्टम के दौरान पहुंचे। मजदूरों ने आरोप लगाए कि पाइप लाईन दबाने के कार्य के दौरान उनके लिए कोई सुरक्षा व्यवस्था के प्रबंध नहीं किए गए। ज्योतिसर चौकी प्रभारी शर्मिला ने बताया कि सीवरेज का निर्माण कार्य पंचायती राज विभाग द्वारा किया जा रहा है। मृतक के परिजन सुरमुख सिंह की शिकायत पर अज्ञात ठेकेदार के खिलाफ धारा 304 के तहत लापरवाही का मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम करा परिजनों को सौंप दिया है। पुलिस मामले की गहना से जांच कर रही है।
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एंबुलेंस पहुंची तो फट गया टायर
एलएनजेपी अस्पताल स्थित एंबुलेंस कंट्रोल रूम में दोपहर 1.31 बजे हादसे की सूचना मिली। जिसके तुरंत बाद एंबुलेंस घटना स्थल के लिए रवाना हुई। जैसी ही एंबुलेंस घटना स्थल पर पहुंची तो अचानक टायर फट गया। स्थिति देख वहां कार्यवाही में जुटे पुलिस कर्मी संजीव कुमार घायल शुभम और मृतक सुमित के शव को अपने निजी वाहन से एलएनजेपी अस्पताल लेकर पहुंचा।
शव निकालते ही आनन-फानन में गढ्ढे में भर दी मिट्टी
ज्योतिसर में पंचायती राज विभाग द्वारा सरस्वती नदी के साथ-साथ सीवरेज की पाइप लाइन दबाई जा रही है। जब इस सदंर्भ में संबंधित अधिकारी एक्सइएन कर्ण सिंह श्योराण से संपर्क साधा गया तो उन्होंने कॉल रसीव नहीं ही। हालांकि हादसा होने के बाद अफरा-तफरी में सीवरेज के लिए खोदे गए करीब 18 फुट के गहरे गड्ढे को जेसीबी से भरा गया। यहां विभाग की ओर से 2200 फुट सीवरेज पाइप लाइन दबाई जानी है। करीब 10 दिन पहले शुरू किए गए इस कार्य के चलते शनिवार तक करीब 600 फुट ही लाइन दबाई जा सकी थी कि हादसा हो गया। इसके बाद एकाएक ही काम रोक दिया गया।
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- ज्योतिसर गांव में सरस्वती प्रोजेक्ट के तहत सीवरेज पाइप लाइन दबाते समय हुआ हादसा
अमर उजाला ब्यूरो
कुरुक्षेत्र। गांव ज्योतिसर में चल रहे सीवरेज पाइप लाइन दबाए जाने के दौरान 18 फीट गहरे गड्ढे में मजदूरों पर मिट्टी की ढांग गिर गई। जिससे एक मजदूर की तत्काल मौत हो गई, जबकि एक अन्य मजदूर की हालत गंभीर है। घंटे भर की कड़ी मशक्कत के बाद मलबे से मजदूर का शव निकाला जा सका। हादसे से वहां काम कर रहे मजदूर मौके से भाग खड़े हुए जबकि घटनास्थल पर काफी तादाद में ग्रामीण जुट गए। पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराकर परिजनों को सौंप दिया है। पुलिस ने कार्य करा रहे ठेकेदार पर मामला दर्ज किया है।
ज्योतिसर के मुंडाखेड़ा मोड़ पर बीते दस दिनों से सीवरेज का निर्माण कार्य चला हुआ है। सरस्वती प्रोजेक्ट के तहत हो रहे इस कार्य में शनिवार दोपहर 12.30 बजे गांव अढौण निवासी सुमित अपने साथी शुभम और पवन के साथ सीवर के 18 फीट गहरे गड्ढे में पाइप लाइन दबाने के लिए उतरा। अचानक उसके ऊपर मिट्टी की ढांग गिर गई। जिसके नीचे दबने से सुमित कुमार (26) की मौत हो गई, जबकि शुभम को एक घंटा तक कड़ी मशक्कत के बाद बाहर निकाला। पुलिस ने दोनों को एलएनजेपी अस्पताल पहुंचाया।
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हादसा होने की सूचना मिलने पर पहुंची पुलिस ने ग्रामीणों की मदद से मिट्टी में दबे मजदूरों को बाहर निकाला। हालांकि इस दौरान पंचायती विभाग के अधिकारी मौके पर नहीं पहुंचे। विभाग के एक्सईएन कर्ण सिंह श्योराण से कई बार घटना की बाबत संपर्क किया गया लेकिन संपर्क नहीं हो सका। वहीं एसडीओ योगेश शर्मा ने नो कॉमेंट कहकर फोन काट दिया। संबंधित विभाग की ओर से मजदूर को निकाले जाने तक भी कोई अधिकारी घटनास्थल पर नहीं पहुंचा। नायब तहसीलदार जसबीर रंगा शव के पोस्टमार्टम के दौरान पहुंचे। मजदूरों ने आरोप लगाए कि पाइप लाईन दबाने के कार्य के दौरान उनके लिए कोई सुरक्षा व्यवस्था के प्रबंध नहीं किए गए। ज्योतिसर चौकी प्रभारी शर्मिला ने बताया कि सीवरेज का निर्माण कार्य पंचायती राज विभाग द्वारा किया जा रहा है। मृतक के परिजन सुरमुख सिंह की शिकायत पर अज्ञात ठेकेदार के खिलाफ धारा 304 के तहत लापरवाही का मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम करा परिजनों को सौंप दिया है। पुलिस मामले की गहना से जांच कर रही है।
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एंबुलेंस पहुंची तो फट गया टायर
एलएनजेपी अस्पताल स्थित एंबुलेंस कंट्रोल रूम में दोपहर 1.31 बजे हादसे की सूचना मिली। जिसके तुरंत बाद एंबुलेंस घटना स्थल के लिए रवाना हुई। जैसी ही एंबुलेंस घटना स्थल पर पहुंची तो अचानक टायर फट गया। स्थिति देख वहां कार्यवाही में जुटे पुलिस कर्मी संजीव कुमार घायल शुभम और मृतक सुमित के शव को अपने निजी वाहन से एलएनजेपी अस्पताल लेकर पहुंचा।
शव निकालते ही आनन-फानन में गढ्ढे में भर दी मिट्टी
ज्योतिसर में पंचायती राज विभाग द्वारा सरस्वती नदी के साथ-साथ सीवरेज की पाइप लाइन दबाई जा रही है। जब इस सदंर्भ में संबंधित अधिकारी एक्सइएन कर्ण सिंह श्योराण से संपर्क साधा गया तो उन्होंने कॉल रसीव नहीं ही। हालांकि हादसा होने के बाद अफरा-तफरी में सीवरेज के लिए खोदे गए करीब 18 फुट के गहरे गड्ढे को जेसीबी से भरा गया। यहां विभाग की ओर से 2200 फुट सीवरेज पाइप लाइन दबाई जानी है। करीब 10 दिन पहले शुरू किए गए इस कार्य के चलते शनिवार तक करीब 600 फुट ही लाइन दबाई जा सकी थी कि हादसा हो गया। इसके बाद एकाएक ही काम रोक दिया गया।