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ानसून की पहली बारिश ही किसानों के लिए बनी आफत

Mon, 19 Jun 2017 11:48 PM IST
Updated Mon, 19 Jun 2017 11:48 PM IST
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ानसून की पहली बारिश ही किसानों के लिए बनी आफत
जमकर हुई बारिश, धान के लिए वरदान, मक्का किसानों के लिए आफत
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कुरुक्षेत्र। धर्मनगरी और आसपास के क्षेत्र में सोमवार की सुबह जमकर बारिश हुई। इससे कई दिनों से जारी भीषण गर्मी से राहत मिली तो धान रोपाई में जुटे किसानों के चेहरे भी खिल गए। यही बारिश मक्का उत्पादक किसानों के लिए आफत बनकर भी आई। अनाज मंडी पिपली में मक्का लेकर पहुंचे कई किसानों की फसल पानी में बह गई।
मौसम ने करवट ली और तेज हवाओं के साथ झमाझम बारिश हुई। कृषि विभाग के अनुसार 38 एमएम बारिश दर्ज की गई। बारिश से जहां लोगों को गर्मी से राहत मिली तो शहर के निचले हिस्सों व पिपली की कई गलियों में जलभराव की स्थिति भी बन गई। पिपली के कई घरों में भी गली व नालियों का पानी घुस गया। जलभराव ने नगर व जिला प्रशासन के पानी निकासी के दावों की भी पोल खोल दी तो वहीं बारिश से धान रोपाई में जुटे किसानों के चेहरे खिले हुए दिखाई दिए। बारिश से धान रोपाई में तेजी होने की संभावना भी जताई जा रही है तो वहीं पिपली अनाज मंडी में किसानों की लाखों रुपये की मक्के की फसल बारिश के पानी में बह गई। किसान फसल को समेटने का भरसक प्रयास करते रहे, लेकिन उन्हें भारी नुकसान हुआ।
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निकासी नहीं, घरों में घुसा पानी: सतीश
पिपली निवासी सतीश कुमार ने बताया कि पिपली में पानी की निकासी के कोई प्रबंध नहीं किए गए हैं। इसके कारण ही पहली बारिश में ही कई गलियों में जलभराव हो गया। गली व नालियों का पानी उनके घरों में घुस गया।
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पहले सरकार की मार अब बारिश की
गांव कोलापुर के किसान अक्षय व कनीपला के किसान सोमदत्त का कहना था कि पहले सरकार की मार उन पर पड़ रही है और अब बारिश ने भी उनकी कड़ी परीक्षा ली है। सरकार जहां मक्का खरीदने से आनाकानी कर रही है और उन्हें सड़कों पर आने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है वहीं मंडी में भी कोई व्यवस्था नहीं है। पानी निकासी न होने के चलते उनकी व अन्य कई किसानों की भी फसल पानी में बह गई।

अब धान रोपाई में आएगी तेजी : उपनिदेशक
कृषि एवं किसान कल्याण विभाग के उपनिदेशक डॉ. कर्मचंद का कहना है कि यह मानसून की पहली बारिश है और इससे जहां मौसम खुशनुमा हुआ तो धान की रोपाई में भी तेजी आएगी। अगले दो दिन और भी बारिश होने की संभावना जताई जा रही है। इससे धान की फसल अच्छी होगी तो मौसम भी सुहावना रहेगा।

मंडी में हजारों क्विंटल मक्का भीगा
लाडवा। आंधी के साथ बूंदाबांदी होने से अनाज मंडी में हजारों क्विंटल मक्का भीग गया। मौसम के करवट लेने से तापमान में गिरावट आ गई और ठंडी हवा चलने से लोगों ने राहत की सांस ली। धान रोपाई कर रहे किसानों में बारिश से खुशी छा गई तो अनाजमंडी में सूखने के लिए प्लेटफार्मों पर पड़ा हजारों क्विंटल मक्का भीग गया। किसानों व मजदूरों को संभलने का मौका नहीं मिला और वे फैले हुए मक्के को इकट्ठा भी नहीं कर पाए। यह तो गनीमत रही कि कुछ ही देर में बूंदाबांदी रुक गई। किसान सुरेंद्र सिंह, पवन कुमार, तेजपाल, रामकरन, जसबीर सिंह, जयपाल, सुरमुख सिंह आदी का कहना है कि यदि तेज बारिश होती तो प्लेटफार्मों पर फैला मक्का पानी के बहाव में नालियों में बह सकता था, जिससे उन्हें काफी नुकसान उठाना पड़ता।


मौसम हुआ सुहावना, धान रोपाई के कार्य में आई तेजी
इस्माईलाबाद। क्षेत्र में सोमवार सुबह हुई बारिश से जहां मौसम सुहावना हुआ है और लोगों को गर्मी से राहत मिली है। किसानों को काफी फायदा भी हुआ है। सीजन की शुरुआत में ही अच्छी बरसात होने से किसानों के चेहरों पर रौनक छाई हुई है। धान रोपाई के कार्य में एक दम से तेजी आ गई है। वहीं मौसम के अनुसार हुई बरसात का सब्जियों व हरे चारे में काफी लाभ होने की संभावना जताई जा रही है।
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