फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Kurukshetra News ›   मारकंडा नदी में आया 14 हजार क्यूसिक पानी

मारकंडा नदी में आया 14 हजार क्यूसिक पानी

Sun, 20 Aug 2017 10:32 PM IST
Updated Sun, 20 Aug 2017 10:32 PM IST
विज्ञापन
मारकंडा नदी में आया 14 हजार क्यूसिक पानी
फोटो 14,15
विज्ञापन


मारकंडा नदी में आया 14 हजार क्यूसिक पानी
- प्रशासन ने किए सुरक्षा के पुख्ता प्रबंध, गांवों व गोशाला में घुसा पानी
अमर उजाला ब्यूरो
शाहाबाद। मारकंडा नदी में रविवार तड़के 14 हजार क्यूसिक पानी आने से लोगों में दहशत फैल गई। जहां नदी के पानी ने साथ लगते खेतों में मार की तो वहीं गोशाला में भी घुसा। विशेष तौर पर नदी की जड़ में स्थित गांव कठवा की सड़कों पर नदी का पानी पूरे बहाव के साथ बहने लगा। वहीं अरूप नगर, मलिक पुर, गुमटी, मदन पुर, कलसाना की सड़कें भी पानी की चपेट में आईं। सड़कों पर नदी के पानी का बहाव तेज होने से ग्रामीणों का आवागमन प्रभावित हुआ। जिन लोगों के घर सड़क पर स्थित थे उन्हें काफी परेशानी का सामना करना पड़ा। क्योंकि पानी का बहाव तेज व गहरा था। हालांकि जान माल का कोई नुकसान नहीं हुआ है, लेकिन अगर पानी की मात्रा बढ़ती है तो यह पानी लोगों के घरों में भी मार कर सकता है।
गांव कठवा के सरपंच अमरेंद्र सिंह व रणदीप रिंकू ने बताया कि शनिवार सायं को नदी का जलस्तर बढ़ रहा था। इस कारण ग्राम पंचायत भी लगातार नदी पर नजर रखी थी और यही आशंका जताई जा रही थी कि पानी की मात्रा बढ़ेगी। रविवार तड़के पानी का जलस्तर बढ़ा तो पानी गांव की सड़कों पर आ पहुंचा। सरपंच ने कहा कि इस पानी से खेतों में खड़ी फसलों को नुकसान पहुंचा है। अमरेंद्र सिंह ने कहा कि गांव के स्कूल की सड़क पर भी पानी की मार है जिस कारण जब तक पानी नहीं उतरता तब तक बच्चों का यहां से निकलना असंभव है। उधर प्रशासन ने पहले ही नदी के पास स्थित डेरों, गोशालाओं को अलर्ट किया था कि नदी में पानी आ सकता है। नदी का पानी नदी के साथ श्रीकृष्ण गोशाला में घुस गया लेकिन सेवादारों ने पहले ही गोशाला में स्थित ऊंचे स्थानों पर गायों को बांध दिया था। इसलिए किसी तरह का नुकसान नहीं हुआ है। वहीं अगर पानी की मात्रा अगर इससे भी ज्यादा बढ़ती है अरूप नगर, मलिक पुर, गुमटी, मदन पुर, कलसाना सहित आदि कई डेरों पर भी पानी की मार पड़ सकती है। नदी में पानी आने से आस-पास के गांवों के लोग भयभीत हो उठे और उन्होंने पूरा ध्यान नदी पर केन्द्रित कर दिया। हालांकि प्रशासन ने भी राहत के पूरे प्रबंध किए थे और सभी पटवारी भी इसी ड्यूटी पर तैनात है।
विज्ञापन


कर्मचारियों की ड्यूटियां नदी पर लगाई : एसडीएम
एसडीएम सतबीर कुंडू ने कहा कि पानी को लेकर कर्मचारियों की ड्यूटियां नदी पर लगाई हैं ताकि नदी में आने वाले पानी की सूचना पल में ली जा सके। उन्होंने कहा कि अगर पानी आता है तो लोगों की जान माल के सुरक्षा के पूरे प्रबंध हैं। उन्होंने कहा कि शनिवार सायं ही नदी के साथ लगते गांवों में मुनादी करवा दी कि नदी में पानी बढ़ेगा इसलिए ग्रामीण पहले से ही सचेत थे। वहीं नदी के साथ लगते डेरों से लोगों को पहले से ही बाहर निकाल लिया गया है ताकि अगर पानी आता है तो जान माल का कोई नुकसान न हो सके।
विज्ञापन
विज्ञापन


नदी में पानी आने से श्रद्धालु प्रसन्न
वहीं नदी में पानी आने से श्रद्धालु प्रसन्न हैं और वह नदी पर पहुंचकर पूजा करने में जुट गए हैं। जनश्रुति के मुताबिक मारकंडा नदी के पानी में स्नान करने से शरीर के सभी कष्ट दूर हो जाते हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed