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Karnal News: होली पर स्वयं सहायता समूह की महिलाएं साझा बाजार में लगाएंगी स्टॉल
Sun, 15 Feb 2026 12:40 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, करनाल
संवाद न्यूज एजेंसी, करनाल
Updated Sun, 15 Feb 2026 12:40 AM IST
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संवाद न्यूज एजेंसी
करनाल। होली का त्योहार नजदीक आते ही जहां बाजारों में रौनक बढ़ने लगी है। इस बार साझा बाजार में स्वयं सहायता समूह की महिलाएं भी अपने हस्तनिर्मित उत्पादों की स्टाॅल लगाएंगी। समूह की सदस्य सुनीता ने बताया कि वह पंद्रह दिन पहले ही सामान को बनाना शुरू कर दे की ओर से खरीदे जाते हैं।
होली का नाम आते ही गुजिया, मठरी, नमक पारे और शक्करपारे की खुशबू याद आ जाती है। स्वयं सहायता समूह की महिलाएं घर पर ही शुद्ध सामग्री से पारंपरिक पकवान तैयार कर बाजार में बेचेंगी। वहीं मिठाइयों में गुजिया, देसी घी की गुजिया, नमकपारे और शक्करपारे, घर की बनी पापड़ी, रंगीन मिठाइयां बनाई जाएंगी। सुनीता ने बताया कि लोगों को मिलावटी सामान की जगह साझा बाजार में साफ-सुथरा व सही दाम में सामान उपलब्ध करवाया जाता है।
स्वयं सहायता समूह योजना के जिला परियोजना प्रबंधक ने बताया कि स्वयं सहायता समूह की महिलाएं लगातार आत्मनिर्भरता की दिशा में आगे बढ़ रही हैं। हमारा उद्देश्य है कि महिलाएं केवल घरेलू कार्यों तक सीमित न रहें, बल्कि उद्यमिता के क्षेत्र में भी अपनी पहचान बनाएं। त्योहारों के समय उनकी बिक्री बढ़ती है, जिससे उनकी आय में भी इजाफा होता है।
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करनाल। होली का त्योहार नजदीक आते ही जहां बाजारों में रौनक बढ़ने लगी है। इस बार साझा बाजार में स्वयं सहायता समूह की महिलाएं भी अपने हस्तनिर्मित उत्पादों की स्टाॅल लगाएंगी। समूह की सदस्य सुनीता ने बताया कि वह पंद्रह दिन पहले ही सामान को बनाना शुरू कर दे की ओर से खरीदे जाते हैं।
होली का नाम आते ही गुजिया, मठरी, नमक पारे और शक्करपारे की खुशबू याद आ जाती है। स्वयं सहायता समूह की महिलाएं घर पर ही शुद्ध सामग्री से पारंपरिक पकवान तैयार कर बाजार में बेचेंगी। वहीं मिठाइयों में गुजिया, देसी घी की गुजिया, नमकपारे और शक्करपारे, घर की बनी पापड़ी, रंगीन मिठाइयां बनाई जाएंगी। सुनीता ने बताया कि लोगों को मिलावटी सामान की जगह साझा बाजार में साफ-सुथरा व सही दाम में सामान उपलब्ध करवाया जाता है।
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स्वयं सहायता समूह योजना के जिला परियोजना प्रबंधक ने बताया कि स्वयं सहायता समूह की महिलाएं लगातार आत्मनिर्भरता की दिशा में आगे बढ़ रही हैं। हमारा उद्देश्य है कि महिलाएं केवल घरेलू कार्यों तक सीमित न रहें, बल्कि उद्यमिता के क्षेत्र में भी अपनी पहचान बनाएं। त्योहारों के समय उनकी बिक्री बढ़ती है, जिससे उनकी आय में भी इजाफा होता है।
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