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करनाल: खेलो इंडिया विंटर गेम्स में माफी ने जीता गोल्ड
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संवाद न्यूज एजेंसी
जलमाना। जम्मू कश्मीर के गुलमर्ग में आयोजित खेलो इंडिया विंटर गेम्स प्रतियोगिता में गांव ठरी की बेटी माफी उर्फ शायमो ने गोल्ड मेडल जीतकर परिवार और प्रदेश का नाम रोशन किया है। रविवार को गोल्ड मेडल जीत कर वह अपने पैतृक गांव पहुंची। यहां माफी कुमारी का ग्रामीणों ने जोरदार स्वागत किया।
माफी ने बताया कि खेलो इंडिया के तीसरे संस्करण में बॉबस्ले और स्केलेटन विंटर गेम्स के तीसरे संस्करण का आयोजन 10 से 14 फरवरी तक जम्मू-कश्मीर के गुलमर्ग में किया गया था। उन्होंने बताया कि इस गोल्ड मेडल को प्राप्त करने में उनके पति का महत्वपूर्ण योगदान है। जिन्होंने हर पथ पर उनका साथ दिया। उनके पति ने बताया कि प्रतियोगिता से पहले माफी ने लद्दाख और जम्मू कश्मीर में विंटर कैंप के माध्यम से तैयारी करते हुए कड़ी मेहनत की। जिसकी बदौलत उन्होंने गोल्ड हासिल किया। माफी ने दक्षिण कोरिया में होने वाली इंटरनेशनल चैंपियनशिप और अमेरिका में होने वाले वर्ल्ड चैंपियनशिप के लिए क्वालीफाई भी किया।
क्या है स्केलेटन खेल
इस खेल में एथलीटों को शुरुआत से ही गति हासिल करनी पड़ती है। खिलाड़ी लगभग 40 मीटर के बाद से गति प्राप्त करना शुरू करते हैं और जैसे ही वे उस बर्फ के ट्रैक से नीचे उतरते हैं, वे 130 किमी प्रति घंटे से अधिक की गति प्राप्त कर सकते हैं।
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क्या है बॉबस्ले खेल
बॉबस्ले इवेंट में एथलीट ऊपर से नीचे की ओर दौड़ते हैं। लगभग 50 मीटर की दूरी तय करने के बाद गति प्राप्त करते हैं। बॉबस्ले में एथलीट स्लेज के अंदर रस्सियों का उपयोग भी करते हैं। बॉबस्ले परंपरागत रूप से शीतकालीन ओलंपिक खेलों में एक टीम स्पोर्ट के रूप में सामने आता है।
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जलमाना। जम्मू कश्मीर के गुलमर्ग में आयोजित खेलो इंडिया विंटर गेम्स प्रतियोगिता में गांव ठरी की बेटी माफी उर्फ शायमो ने गोल्ड मेडल जीतकर परिवार और प्रदेश का नाम रोशन किया है। रविवार को गोल्ड मेडल जीत कर वह अपने पैतृक गांव पहुंची। यहां माफी कुमारी का ग्रामीणों ने जोरदार स्वागत किया।
माफी ने बताया कि खेलो इंडिया के तीसरे संस्करण में बॉबस्ले और स्केलेटन विंटर गेम्स के तीसरे संस्करण का आयोजन 10 से 14 फरवरी तक जम्मू-कश्मीर के गुलमर्ग में किया गया था। उन्होंने बताया कि इस गोल्ड मेडल को प्राप्त करने में उनके पति का महत्वपूर्ण योगदान है। जिन्होंने हर पथ पर उनका साथ दिया। उनके पति ने बताया कि प्रतियोगिता से पहले माफी ने लद्दाख और जम्मू कश्मीर में विंटर कैंप के माध्यम से तैयारी करते हुए कड़ी मेहनत की। जिसकी बदौलत उन्होंने गोल्ड हासिल किया। माफी ने दक्षिण कोरिया में होने वाली इंटरनेशनल चैंपियनशिप और अमेरिका में होने वाले वर्ल्ड चैंपियनशिप के लिए क्वालीफाई भी किया।
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क्या है स्केलेटन खेल
इस खेल में एथलीटों को शुरुआत से ही गति हासिल करनी पड़ती है। खिलाड़ी लगभग 40 मीटर के बाद से गति प्राप्त करना शुरू करते हैं और जैसे ही वे उस बर्फ के ट्रैक से नीचे उतरते हैं, वे 130 किमी प्रति घंटे से अधिक की गति प्राप्त कर सकते हैं।
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क्या है बॉबस्ले खेल
बॉबस्ले इवेंट में एथलीट ऊपर से नीचे की ओर दौड़ते हैं। लगभग 50 मीटर की दूरी तय करने के बाद गति प्राप्त करते हैं। बॉबस्ले में एथलीट स्लेज के अंदर रस्सियों का उपयोग भी करते हैं। बॉबस्ले परंपरागत रूप से शीतकालीन ओलंपिक खेलों में एक टीम स्पोर्ट के रूप में सामने आता है।