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Karnal News: फूसगढ़ की त्रिवेणी तीस वर्षों से है लोगों की आस्था का केंद्र

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Tue, 15 Jul 2025 02:39 AM IST
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The Triveni of Phusgarh has been the center of people's faith for thirty years
संवाद न्यूज एजेंसी
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करनाल। शहर के फूसगढ़ गांव मेंं स्थित हनुमान मंदिर में पिछले तीस वर्षों से एक त्रिवेणी (बड़, पीपल और आंवला) लोगों की आस्था का केंद्र बनी हुई है। यहां पर प्रतिदिन सैकड़ों की संख्या में हनुमान भक्त आते हैं और श्री हनुमान जी का आशीर्वाद प्राप्त करने के साथ-साथ इस त्रिवेणी की परिक्रमा करते हैं और अपनी मनोकामना मांगने के साथ ही यहां पर धागा बांध कर जाते हैं।

इस पवित्र धागे को मौली भी कहते हैं, इतना ही नहीं, यहां पर आने वाले भक्त इस पेड़ के नीचे दिया भी लगाते हैं। बड़, पीपल और आंवला की त्रिवेणी की पूजा को हिंदू धर्म में एक पवित्र परंपरा माना गया है। फूसगढ़ निवासी रमेश, विकास और पुनीत का कहना है कि त्रिवेणी में तीनों पेड़ों की पूजा करने वाले व्यक्ति के सभी कष्ट कुछ ही दिनों में दूर हो जाते हैं। उन्होंने यह भी बताया कि ऐसा भी मान्यता है कि बड़, पीपल और आंवले की पूजा एक साथ करने से घर में सकारात्मक ऊर्जा का वास होता है और घर में सुख-समृद्धि आती है। सेक्टर 32 के निवासी रोहित ने बताया कि त्रिवेणी में सभी देवी-देवताओं का वास होता है। उन्होंने कहा कि ऐसे बहुत से रोग हैं जिनमें नीम, आंवला और पीपल के औषधीय गुण असरदार साबित होते हैं। अगर वैज्ञानिक दृष्टि से देखें तो ऐसा भी कहा जाता है कि पीपल का पेड़ 24 घंटे ऑक्सीजन छोड़ता है। इस कारण भी इस त्रिवेणी की पूजा की जाती है।
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