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Karnal News: विद्यार्थियों को टैबलेट पर करना होगा हिंदी और अंग्रेजी का गृह कार्य
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माई सिटी रिपोर्टर
करनाल। इस बार नए शिक्षा सत्र की शुरुआत से ही विद्यार्थियों की टैबलेट से पढ़ाई होगी। रोजाना हिंदी और अंग्रेजी विषय का गृह कार्य विद्यार्थियों को टैबलेट पर ही करना होगा। इसके लिए शिक्षा अधिकारी राजपाल चौधरी की ओर से सभी स्कूलों को निर्देश जारी कर दिए गए हैं। गृह कार्य देने के साथ-साथ रोजाना कम से कम तीन घंटे तक हिंदी और अंग्रेजी शिक्षकों का भी टैबलेट इस्तेमाल करना अनिवार्य किया गया है। ताकि विद्यार्थियों की स्थिति का भी पता चले और टैबलेट पर कार्य करने की शिक्षकों की भी निरंतरता बनी रहे।
ई-अधिगम योजना के तहत राजकीय स्कूलों में कक्षा नौवीं से 12वीं तक के विद्यार्थियों को प्रदेश सरकार की ओर से टैबलेट दिए गए हैं। पिछले सत्र में स्कूलों में करीब 24 हजार टैबलेट दिए गए थे। 12वीं की परीक्षा देने वाले विद्यार्थियों के टैबलेट तो स्कूलों ने वापस ले लिए। वहीं, नौवीं कक्षा में आए नए विद्यार्थियों को स्कूलों की ओर से दाखिले के साथ ही टैबलेट दिए जा रहे हैं। इन विद्यार्थियों को अगले सप्ताह में सिम कार्ड देने का कार्य भी शुरू होगा। इसके लिए शिक्षा अधिकारी की ओर से 17 अप्रैल तक सभी स्कूलों से सिम कार्ड की आवश्यकता रिपोर्ट मांगी गई है। ताकि निदेशालय को सूचित करते हुए विद्यार्थियों को सिम कार्ड भी दिलाया जाए। बुधवार को शिक्षा अधिकारी के कार्यालय में जिला शिक्षा अधिकारी राजपाल चौधरी की अध्यक्षता में डीपीआईयू व ई-अधिगम योजना को लेकर बैठक हुई। बैठक में एफएलएन के मार्च स्कोर का भी खंड अनुसार विश्लेषण किया गया। इस अवसर पर डीपीसी वंदना, बीआरसी धर्मपाल, गणित विशेषज्ञ छत्रपाल, विज्ञान विशेषज्ञ दीपक वर्मा, एपीसी सचिन, पवन, अंजू, चंद्रमोहन और एफएलएन के जिला समन्वयक विपिन शर्मा व सभी खंड शिक्षा अधिकारी मौजूद रहे।
बैठक में ये लिए निर्णय
- स्किल पासबुक को शिक्षक दक्षता अनुसार भरेंगे।
- सभी स्कूलों में विद्यार्थियों का साप्ताहिक आकलन किया जाएगा।
- हर सप्ताह कलस्टर स्तर पर समीक्षा बैठक होगी।
- कक्षाओं में प्रिंट रिच वातावरण बनाते हुए प्रतियोगिताएं आयोजित की जाएंगी।
- मेंटर्स कक्षा विजिट 100 प्रतिशत करनी होगी।
- कक्षा छठी से आठवीं तक की स्किल पासबुक की उपलब्धता बारे शिक्षा निदेशालय को रिपोर्ट भेजी जाएगी।
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करनाल। इस बार नए शिक्षा सत्र की शुरुआत से ही विद्यार्थियों की टैबलेट से पढ़ाई होगी। रोजाना हिंदी और अंग्रेजी विषय का गृह कार्य विद्यार्थियों को टैबलेट पर ही करना होगा। इसके लिए शिक्षा अधिकारी राजपाल चौधरी की ओर से सभी स्कूलों को निर्देश जारी कर दिए गए हैं। गृह कार्य देने के साथ-साथ रोजाना कम से कम तीन घंटे तक हिंदी और अंग्रेजी शिक्षकों का भी टैबलेट इस्तेमाल करना अनिवार्य किया गया है। ताकि विद्यार्थियों की स्थिति का भी पता चले और टैबलेट पर कार्य करने की शिक्षकों की भी निरंतरता बनी रहे।
ई-अधिगम योजना के तहत राजकीय स्कूलों में कक्षा नौवीं से 12वीं तक के विद्यार्थियों को प्रदेश सरकार की ओर से टैबलेट दिए गए हैं। पिछले सत्र में स्कूलों में करीब 24 हजार टैबलेट दिए गए थे। 12वीं की परीक्षा देने वाले विद्यार्थियों के टैबलेट तो स्कूलों ने वापस ले लिए। वहीं, नौवीं कक्षा में आए नए विद्यार्थियों को स्कूलों की ओर से दाखिले के साथ ही टैबलेट दिए जा रहे हैं। इन विद्यार्थियों को अगले सप्ताह में सिम कार्ड देने का कार्य भी शुरू होगा। इसके लिए शिक्षा अधिकारी की ओर से 17 अप्रैल तक सभी स्कूलों से सिम कार्ड की आवश्यकता रिपोर्ट मांगी गई है। ताकि निदेशालय को सूचित करते हुए विद्यार्थियों को सिम कार्ड भी दिलाया जाए। बुधवार को शिक्षा अधिकारी के कार्यालय में जिला शिक्षा अधिकारी राजपाल चौधरी की अध्यक्षता में डीपीआईयू व ई-अधिगम योजना को लेकर बैठक हुई। बैठक में एफएलएन के मार्च स्कोर का भी खंड अनुसार विश्लेषण किया गया। इस अवसर पर डीपीसी वंदना, बीआरसी धर्मपाल, गणित विशेषज्ञ छत्रपाल, विज्ञान विशेषज्ञ दीपक वर्मा, एपीसी सचिन, पवन, अंजू, चंद्रमोहन और एफएलएन के जिला समन्वयक विपिन शर्मा व सभी खंड शिक्षा अधिकारी मौजूद रहे।
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बैठक में ये लिए निर्णय
- स्किल पासबुक को शिक्षक दक्षता अनुसार भरेंगे।
- सभी स्कूलों में विद्यार्थियों का साप्ताहिक आकलन किया जाएगा।
- हर सप्ताह कलस्टर स्तर पर समीक्षा बैठक होगी।
- कक्षाओं में प्रिंट रिच वातावरण बनाते हुए प्रतियोगिताएं आयोजित की जाएंगी।
- मेंटर्स कक्षा विजिट 100 प्रतिशत करनी होगी।
- कक्षा छठी से आठवीं तक की स्किल पासबुक की उपलब्धता बारे शिक्षा निदेशालय को रिपोर्ट भेजी जाएगी।