फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Karnal News ›   Plots worth crores, facilities nil

Karnal News: प्लॉट करोड़ों के, सुविधाएं शून्य

Mon, 03 Nov 2025 01:54 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, करनाल
संवाद न्यूज एजेंसी, करनाल Updated Mon, 03 Nov 2025 01:54 AM IST
विज्ञापन
Plots worth crores, facilities nil
नूर महल चौक के नजदीक 24 मीटर रोड पर स्थित सेक्टर-33 में रह रहे 200 परिवार मूलभूत सुविधाओं के अभाव में जीने के लिए मजबूर हैं। स्थानीय निवासियों ने बताया कि यहां पर कई वर्षों से 350 झुग्गी-झोपड़ियां बसी हुई हैं। इनमें रहने वाले लोग खाना बनाने के लिए लकड़ी जलाते हैं, जिससे प्रदूषण का स्तर बढ़ता है। खाली मैदानों में बड़ी-बड़ी घास उगी हुई हैं। इनमें अकसर सांप और अन्य जहरीले जीव निकल आते हैं।
विज्ञापन

कई बार शिकायत देने के बाद भी इस सेक्टर की स्थिति सुधारने के लिए कोई कदम नहीं उठाया जा रहा है। इससे प्रशासन की लापरवाही साफ नजर आती है। स्थानीय निवासियों का कहना है कि जिस हिसाब से करोड़ों रुपये के प्लॉट इस सेक्टर में हैं उस मुताबिक यहां सुविधाएं भी होनी चाहिए थीं। सेक्टर वासी यहां पर जमीन लेकर अपने आप को ठगा सा महसूस कर रहे हैं।
विज्ञापन

सड़कों पर रहता है अंधेरा
विनोद गर्ग ने बताया कि इस सड़क पर रात के समय स्ट्रीट लाइटें जलती नहीं हैं। अंधेरा रहता है। ऐसे में यहां से गुजरने वाले लोगों को हर पल किसी अनहोनी का डर सताता रहता है। प्रशासन को जल्द से जल्द नूर महल चौक से लेकर 24 मीटर रोड के टी पॉइंट पर एक मास्ट लाइट लगवानी चाहिए।
विज्ञापन
विज्ञापन


सड़कों पर बेसहारा पशु
सेक्टर निवासी विकास का कहना है कि यहां सड़क पर खुलेआम घोड़े, कुत्ते और गोवंश घूमते रहते हैं। अचानक ये पशु सड़क के बीचोंबीच आ जाते हैं जिससे यहां कई बार सड़क हादसे हो चुके हैं। नगर निगम को बेसहारा पशुओं के लिए कोई योजना बनानी चाहिए जिससे लोगों को परेशानी न हो।

टैक्स लेते हैं, काम नहीं
सेक्टर-33 रेजिडेंस वेलफेयर एसोसिएशन के सचिव शमशेर ने कहा कि इस सेक्टर में 200 परिवार रहते हैं जो सरकार को करोड़ों रुपये का टैक्स चुकाते हैं। इसके बाद भी यहां के निवासियों को मूलभूत सुविधाओं के लिए भी तरसना पड़ रहा है। शिकायत के बाद भी कार्रवाई नहीं होती है।


बनने चाहिए स्पीड ब्रेकर
स्थानीय निवासी बलवंत सिंह ने कहा कि इस सेक्टर में सड़क पर स्पीड ब्रेकर भी नहीं है। ऐसे में कोई भी असामाजिक तत्व अपराध करके यहां से तेजी से भाग सकता है। मनिंद्र का कहना है कि इस सेक्टर में रात के समय महिलाओं का बाहर निकलना सुरक्षित नहीं है। यहां स्ट्रीट लाइट न होने के कारण नशेड़ियों का अड्डा बना रहता है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed