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बकायेदारों की निगम ने शुरू की सीलिंग की कार्रवाई
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220 करोड़ रुपये के बकाया संपत्ति कर की वसूली के लिए लगातार नोटिस देने के बावजूद लोग भुगतान नहीं कर रहे हैं। निगम ने बुधवार से बड़े बकायेदारों की संपत्तियां सील करने की कार्रवाई शुरू कर दी है। कंबोपुरा स्थित कमलेश एग्रो इंडस्ट्री के नाम से संचालित एक फैक्टरी को सील कर दिया है। वहीं एसडी गर्ल्स सीनियर सेकेंडरी स्कूल की दुकानों को सील करने टीम पहुंची तो दुकानदारों ने बाजार बंद कर दिया। विरोध को देखते हुए टीम ने 25 दुकानों पर बकायेदारी के नोटिस चस्पा कर अदायगी के लिए सोमवार तक का समय दिया है।
निगमायुक्त विक्रम के आदेश पर बकायेदारों के खिलाफ संपत्ति सील की कार्रवाई शुरू कर दी है। एसडी गर्ल्स सीनियर सेकेंडरी स्कूल की करीब 25 दुकानों पर नोटिस चस्पा कर दिया गया है। स्कूल प्रबंधक को अगले सोमवार तक का समय बकाया प्रॉपर्टी टैक्स भरने के लिए दिया है। इसके बाद सभी दुकानो को सील कर दिया जाएगा। इस निजी स्कूल पर नगर निगम का 1.53 करोड़ रुपये का प्रॉपर्टी टैक्स बकाया है। स्कूल यदि अभी कर का भुगतान करता है तो उसे शतप्रतिशत ब्याज माफी का लाभ मिल जाएगा। ऐसे में विद्यालय को सिर्फ 69 लाख रुपये भरने पड़ेंगे। निगम की टैक्स शाखा की टीम कर अधीक्षक गगनदीप सिंह की अगुवाई में कंबोपुरा में कमलेश एग्रो इंडस्ट्री के नाम से एक फैक्ट्री पर पहुंची। फैक्टरी को सील कर दिया। इस पर 17 लाख रुपये बकाया हैं। बताया जा रहा है कि इस संपत्ति पर पहले किसी ने बैंक से कर्ज लेकर इंडस्ट्री लगाई थी, समय पर कर्ज न चुकाने के कारण यह प्रॉपर्टी बैंक के पास गिरवी हो गई और कुर्की के बाद नीलामी में तीसरे व्यक्ति ने खरीद ली। लेकिन उसने भी प्रॉपर्टी टैक्स का भुगतान नहीं किया। यदि संपत्ति का मौजूदा मालिक 31 मार्च तक टैक्स भरता है, तो उसे मात्र 9 लाख रुपये ही भरने पड़ेंगे।
अभी भी 220 करोड़ रुपये बकाया
नगर निगम करनाल में हाउस होल्ड तो डेढ़ लाख से अधिक हो गए हैं। लेकिन 303 करोड़ रुपये की संपत्ति कर की बकायेदारी में सालभर में 17 करोड़ रुपये ही जमा हो पाए हैं। अभी भी निगम का करीब 220 करोड़ रुपये बकाया है। यदि यह 31 मार्च-2021 तक शतप्रतिशत ब्याज की छूट को शामिल कर लिया जाए तो कुल बकायेदारी 150 करोड़ रुपये ही है।
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संपत्ति कर की बकाया धनराशि के भुगतान पर लोग लगातार नोटिस जारी होने के बावजूद जमा नहीं कर रहे हैं, ऐसे में अब सीलिंग की कार्रवाई लगातार जारी रहेगी। 31 मार्च तक बकायेदारों को एक मुश्त भुगतान पर बड़ी छूट मिल सकती है। इसके बाद पूरी धनराशि की वसूली की जाएगी। बकायेदारों को छूट का लाभ उठाना चाहिए।
-विक्रम कमिश्नर नगर निगम करनाल
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निगमायुक्त विक्रम के आदेश पर बकायेदारों के खिलाफ संपत्ति सील की कार्रवाई शुरू कर दी है। एसडी गर्ल्स सीनियर सेकेंडरी स्कूल की करीब 25 दुकानों पर नोटिस चस्पा कर दिया गया है। स्कूल प्रबंधक को अगले सोमवार तक का समय बकाया प्रॉपर्टी टैक्स भरने के लिए दिया है। इसके बाद सभी दुकानो को सील कर दिया जाएगा। इस निजी स्कूल पर नगर निगम का 1.53 करोड़ रुपये का प्रॉपर्टी टैक्स बकाया है। स्कूल यदि अभी कर का भुगतान करता है तो उसे शतप्रतिशत ब्याज माफी का लाभ मिल जाएगा। ऐसे में विद्यालय को सिर्फ 69 लाख रुपये भरने पड़ेंगे। निगम की टैक्स शाखा की टीम कर अधीक्षक गगनदीप सिंह की अगुवाई में कंबोपुरा में कमलेश एग्रो इंडस्ट्री के नाम से एक फैक्ट्री पर पहुंची। फैक्टरी को सील कर दिया। इस पर 17 लाख रुपये बकाया हैं। बताया जा रहा है कि इस संपत्ति पर पहले किसी ने बैंक से कर्ज लेकर इंडस्ट्री लगाई थी, समय पर कर्ज न चुकाने के कारण यह प्रॉपर्टी बैंक के पास गिरवी हो गई और कुर्की के बाद नीलामी में तीसरे व्यक्ति ने खरीद ली। लेकिन उसने भी प्रॉपर्टी टैक्स का भुगतान नहीं किया। यदि संपत्ति का मौजूदा मालिक 31 मार्च तक टैक्स भरता है, तो उसे मात्र 9 लाख रुपये ही भरने पड़ेंगे।
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अभी भी 220 करोड़ रुपये बकाया
नगर निगम करनाल में हाउस होल्ड तो डेढ़ लाख से अधिक हो गए हैं। लेकिन 303 करोड़ रुपये की संपत्ति कर की बकायेदारी में सालभर में 17 करोड़ रुपये ही जमा हो पाए हैं। अभी भी निगम का करीब 220 करोड़ रुपये बकाया है। यदि यह 31 मार्च-2021 तक शतप्रतिशत ब्याज की छूट को शामिल कर लिया जाए तो कुल बकायेदारी 150 करोड़ रुपये ही है।
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संपत्ति कर की बकाया धनराशि के भुगतान पर लोग लगातार नोटिस जारी होने के बावजूद जमा नहीं कर रहे हैं, ऐसे में अब सीलिंग की कार्रवाई लगातार जारी रहेगी। 31 मार्च तक बकायेदारों को एक मुश्त भुगतान पर बड़ी छूट मिल सकती है। इसके बाद पूरी धनराशि की वसूली की जाएगी। बकायेदारों को छूट का लाभ उठाना चाहिए।
-विक्रम कमिश्नर नगर निगम करनाल