फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Karnal News ›   Lale twelve bucks to eat

बारह रुपये में खाने के लाले

Sun, 24 Nov 2013 12:17 AM IST
करनाल
करनाल Updated Sun, 24 Nov 2013 12:17 AM IST
विज्ञापन
Lale twelve bucks to eat
करनाल में हरियाणा वेलफेयर सोसाइटी की ओर से चलाया जा रहा हरियाणा वाणी एवं श्रवण जन निशक्त केंद्र शहर के दानियाें के रहनुमाई पर चल रहा है।
विज्ञापन


यदि दानी सज्जन सहयोग नहीं करें तो इस केंद्र में रहने वाले विद्यार्थियों को भूखा मरना पड़ जाएगा। प्रदेश के राज्यपाल इस केंद्र की गवर्निंग बॉडी के प्रधान व मुख्यमंत्री उपप्रधान हैं लेकिन प्रदेश सरकार मानती है कि केवल 360 रुपये प्रतिमाह में एक बच्चे का गुजारा आसानी से हो सकता है।

केंद्र में रहकर पढ़ने वाले 52 मूक बधिर बच्चों के लिए प्रदेश सरकार मात्र 20 हजार 200 रुपये की आर्थिक सहायता सालाना दे रही है। यह सहायता भी वर्ष के केवल 10 महीने दी जाती है। वर्ष में होने वाली दो महीने की छुट्टियों के दौरान दो महीने की आर्थिक सहायता सरकार की ओर से काट ली जाती है।
विज्ञापन


शाखा ग्राउंड में हरियाणा वेलफेयर सोसाइटी की ओर से चलाया जा रहा हरियाणा वाणी एवं श्रवण जन निशक्त केंद्र में आठवीं कक्षा तक के बच्चे पढ़ाई करते हैं। 24 छात्राओं व 28 छात्रों से चल रहा यह स्कूल दानी सज्जनों की रहनुमाई पर ही चल रहा है।
विज्ञापन
विज्ञापन


वर्ष 2000 में प्रदेश सरकार द्वारा माता प्रकाश कौर संस्था को शाखा ग्राउंड की करीब दो एकड़ जगह दी गई थी। वर्ष 2001 में सरकार की ओर से इसे पूर्ण रूप से मूक बधिर स्कूल व छात्रावास बनाया गया लेकिन इसमें रहने वाले विद्यार्थियों को मात्र 400 रुपये की आर्थिक सहायता की जाती है। उस राशि में से भी 10 प्रतिशत राशि केंद्र का मुख्यालय अपने पास रख लेता है।

इसी प्रकार केंद्र में एक छात्र को केवल 360 रुपये ही आर्थिक सहायता मिल पाती है। यदि महीने का हिसाब लगाया जाए तो प्रत्येक बच्चों को प्रतिदिन 12 रुपये मिलते है, जिसमें केंद्र की ओर से बच्चों को तीन समय का भोजन, दूध व चाय देने का प्रावधान है।

एक बच्चे की डाइट में 400 ग्राम दूध अनिवार्य है, जहां दूध की कीमत 40 रुपये प्रति लीटर है, वहां एक बच्चे को प्रतिदिन 16 रुपये का दूध चाहिए। दिनभर की डाइट के लिए प्रत्येक बच्चे को आर्थिक सहायता के रूप में मात्र 12 रुपये की आर्थिक सहायता दी जाती है।

यदि शहर के दानी सज्जन केंद्र में पढ़ने वाले बच्चों का सहयोग नहीं करें तो केंद्र में रहने वाले विद्यार्थियों को भूखा रहने के लिए विवश होना पडे़गा। केंद्र के सहायक निदेशक कंवर सेन ने बताया कि प्रदेश के छह जिलों में कल्याण समिति बनाई गई है।

इसमें गुड़गांव, हिसार, करनाल, सोनीपत, सिरसा व रायपुररानी के केंद्र शामिल हैं। करनाल केंद्र में 93 छात्र हैं, जिनमें 41 छात्र दैनिक स्कूल में आने वाले हैं, जबकि 52 यहीं रहते हैं, जिनके लिए प्रदेश सरकार की ओर से 20200 रुपये सहायता राशि दी जाती है।

400 रुपये प्रति महीना एक छात्रा वासी छात्र को आर्थिक सहायता दी जाती है, जिसमें से 10 प्रतिशत राशि समिति का मुख्यालय अपने पास रख लेता है। 360 रुपये प्रति बच्चे के हिसाब से आर्थिक सहायता दी जाती है, जोकि काफी कम है, केंद्र को चलाने के लिए शहर के लोगों से सहयोग लिया जाता है।

कैंसर पीड़ित हर्ष को मदद की दरकार

करनाल में ब्लड कैंसर से पीड़ित अर्जुन गेट के कुम्हारा मोहल्ला में रहने वाले पांच वर्षीय हर्ष शर्मा के परिजनों ने पीड़ित के उपचार के लिए समाज के लोगों से आर्थिक सहायता की गुहार लगाई है।

हर्ष के पिता नरेश कुमार व माता सीमा ने बताया कि पिछले छह महीने से हर्ष रक्त कैंसर से पीड़ित है। हर्ष का दिल्ली के ऑल इंडिया अस्पताल में उपचार चल रहा है। अब तक हर्ष की पांच कीमोथैरेपी हो चुकी है लेकिन अभी उसे काफी समय अस्पताल में रहना होगा।

हर्ष के उपचार के लिए लाखाें रुपये खर्च आने की संभावना है। हर्ष के परिजनों का समाज के लोगों से काफी उम्मीद है कि उनके मासूम बच्चे के उपचार की सहायता के लिए दानी सज्जन सामने आएंगे। हर्ष के माता-पिता ने बताया कि अप्रैल में बुखार के दौरान हर्ष को खून की कमी हुई थी।

शरीर मेें दर्द होने के कारण हर्ष को पीजीआई चंडीगढ़ दाखिल कराया गया। वहां उपचार के दौरान हर्ष को रक्त कैंसर की पुष्टि हुई थी तभी से हर्ष का दिल्ली के ऑल इंडिया अस्पताल में उपचार जारी है।


हर्ष के शरीर की हड्डियां इतनी कमजोर हो गई थी कि उसकी टांगों ने काम करना बंद कर दिया था लेकिन अब पांच कीमोथेरेपी होने के बाद हर्ष अपनी टांगों पर खड़ा होकर चलने लगा है। हर्ष के परिजनों को उम्मीद है कि समाज के सहयोगी लोग उन्हें निराश नहीं करेंगे।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed