{"_id":"6699bd1d7146ec5c97020c35","slug":"gift-of-educational-block-in-mhu-facilities-will-be-available-karnal-news-c-18-knl1008-433581-2024-07-19","type":"story","status":"publish","title_hn":"Karnal News: एमएचयू में मिली शैक्षणिक ब्लॉक की सौगात, मिलेगी सुविधाएं","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Karnal News: एमएचयू में मिली शैक्षणिक ब्लॉक की सौगात, मिलेगी सुविधाएं
विज्ञापन
कुलपति ने 2.70 करोड़ की लागत से किया उदघाटन
संवाद न्यूज एजेंसी
करनाल। महाराणा प्रताप उद्यान विश्वविद्यालय करनाल के कुलपति डॉ. सुरेश मल्होत्रा ने वीरवार को उद्यान महाविद्यालय अंजनथली नीलोखेड़ी में करीब 2.70 करोड़ रुपए की लागत से बने शैक्षणिक ब्लॉक का उद्घाटन किया गया। जिससे यहां पढ़ने वाले छात्रों को सुविधा मिलेगी
कुलपति डॉ. सुरेश ने कहा कि एमएचयू में तेजी से संसाधन बढ़ते जा रहे हैं। उसी के अनुरूप हमारी जिम्मेवारियां भी बढ़ जाती हैं। किसी भी यूनिवर्सिटी की पहचान, उसका अनुसंधान और अनुसंधान की गतिविधियां से होता है। संसाधनों की कमी के चलते जो अनुसंधान हम नहीं कर पा रहे थे, वे अब हम कर पाएंगे। विश्वविद्यालय के पास लैब की कमी थी, जिसके कारण अनुसंधान के कामों में तेजी नहीं आ पा रही थी, अब लैब बन चुकी हैं।
अब अनुसंधानात्मक काम तेजी से शुरू होंगे और सीधा फायदा किसानों ओर ग्रामीण क्षेत्रों तक पहुंचेगा। कुलपति डॉ. सुरेश ने वैज्ञानिकों का आह्वान किया कि वे रिसर्च के कामों को मेहनत से आगे बढ़ाएं, योजनाएं बनाएं कि किस-किस चीज की जरूरत हैं। ज्यादा से ज्यादा तकनीकी जानकारी को पहुंचाने का प्रयास करें, जिससे किसानों की आमदनी तो बढ़े ही साथ ही उत्पादन भी उच्च गुणवत्तायुक्त हो। उन्होंने कहा कि वैज्ञानिक भूमि के स्वास्थ्य की पूरी जांच करें, जिसमें भूमि की उर्वरता के साथ-साथ सूक्ष्म जीवों की उपलब्धता की जांच करने की सुविधा का प्रबंधन हो। अगर वे ऐसा करने में सफल हो जाते हैं तो एमएचयू पूरे देश में ऐसा करने वाली पहली यूनिवर्सिटी होगी। उद्यान महाविद्यालय में पहुंचने पर अनुसंधान निदेशक प्रो. रमेश गोयल, एमएचयू के रजिस्ट्रार एवम ईओ सुरेश सैनी ने स्वागत किया। मंच संचालन डॉ. सुरेंद्र सिंह ने किया।
विज्ञापन
नए भवन में ये होंगी सुविधाएं
ईओ एवं रजिस्ट्रार सुरेश सैनी ने बताया कि पहले से उपलब्ध शैक्षणिक ब्लॉक का यह नया भवन विस्तार है। इसमें 5 लैब, एक मशीन लैब, स्नातक डिग्री के लिए 4 लैक्चर हॉल, स्नातकोत्तर के लिए 5 लेक्चर हॉल, एक स्टॉफ रूम सहित अन्य सुविधाएं उपलब्ध हैं। उन्होंने कहा कि तय समय से पहले ही एमएचयू की इंजीनिरिंग विंग द्वारा 2 करोड़ 70 लाख की लागत से एक्सटेंशन ऑफ टीचिंग ब्लाक का निर्माण किया गया है।
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
करनाल। महाराणा प्रताप उद्यान विश्वविद्यालय करनाल के कुलपति डॉ. सुरेश मल्होत्रा ने वीरवार को उद्यान महाविद्यालय अंजनथली नीलोखेड़ी में करीब 2.70 करोड़ रुपए की लागत से बने शैक्षणिक ब्लॉक का उद्घाटन किया गया। जिससे यहां पढ़ने वाले छात्रों को सुविधा मिलेगी
कुलपति डॉ. सुरेश ने कहा कि एमएचयू में तेजी से संसाधन बढ़ते जा रहे हैं। उसी के अनुरूप हमारी जिम्मेवारियां भी बढ़ जाती हैं। किसी भी यूनिवर्सिटी की पहचान, उसका अनुसंधान और अनुसंधान की गतिविधियां से होता है। संसाधनों की कमी के चलते जो अनुसंधान हम नहीं कर पा रहे थे, वे अब हम कर पाएंगे। विश्वविद्यालय के पास लैब की कमी थी, जिसके कारण अनुसंधान के कामों में तेजी नहीं आ पा रही थी, अब लैब बन चुकी हैं।
विज्ञापन
अब अनुसंधानात्मक काम तेजी से शुरू होंगे और सीधा फायदा किसानों ओर ग्रामीण क्षेत्रों तक पहुंचेगा। कुलपति डॉ. सुरेश ने वैज्ञानिकों का आह्वान किया कि वे रिसर्च के कामों को मेहनत से आगे बढ़ाएं, योजनाएं बनाएं कि किस-किस चीज की जरूरत हैं। ज्यादा से ज्यादा तकनीकी जानकारी को पहुंचाने का प्रयास करें, जिससे किसानों की आमदनी तो बढ़े ही साथ ही उत्पादन भी उच्च गुणवत्तायुक्त हो। उन्होंने कहा कि वैज्ञानिक भूमि के स्वास्थ्य की पूरी जांच करें, जिसमें भूमि की उर्वरता के साथ-साथ सूक्ष्म जीवों की उपलब्धता की जांच करने की सुविधा का प्रबंधन हो। अगर वे ऐसा करने में सफल हो जाते हैं तो एमएचयू पूरे देश में ऐसा करने वाली पहली यूनिवर्सिटी होगी। उद्यान महाविद्यालय में पहुंचने पर अनुसंधान निदेशक प्रो. रमेश गोयल, एमएचयू के रजिस्ट्रार एवम ईओ सुरेश सैनी ने स्वागत किया। मंच संचालन डॉ. सुरेंद्र सिंह ने किया।
विज्ञापन
नए भवन में ये होंगी सुविधाएं
ईओ एवं रजिस्ट्रार सुरेश सैनी ने बताया कि पहले से उपलब्ध शैक्षणिक ब्लॉक का यह नया भवन विस्तार है। इसमें 5 लैब, एक मशीन लैब, स्नातक डिग्री के लिए 4 लैक्चर हॉल, स्नातकोत्तर के लिए 5 लेक्चर हॉल, एक स्टॉफ रूम सहित अन्य सुविधाएं उपलब्ध हैं। उन्होंने कहा कि तय समय से पहले ही एमएचयू की इंजीनिरिंग विंग द्वारा 2 करोड़ 70 लाख की लागत से एक्सटेंशन ऑफ टीचिंग ब्लाक का निर्माण किया गया है।