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Karnal News: सौंदर्य प्रतियोगिता में दादूपुर के राजबीर के पशु छाए
Sat, 01 Mar 2025 01:43 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, करनाल
संवाद न्यूज एजेंसी, करनाल
Updated Sat, 01 Mar 2025 01:43 AM IST
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माई सिटी रिपोर्टर
करनाल। राष्ट्रीय डेरी अनुसंधान संस्थान (एनडीआरआई) में चल रहे तीन दिवसीय राष्ट्रीय डेरी मेला एवं एग्री एक्सपो 2025 के दूसरे दिन लगातार देशभर से आए पशुओं के बीच सौंदर्य प्रतियोगिता कराई गई। दूध देने वाली गाय की प्रतियोगिता में करनाल के राजबीर की गायों ने तीन पुरस्कार जीते।
वहीं बिना दूध देने वाली साहीवाल गाय के प्रतियोगिता में पानीपत के अनिल चौहान की गाय ने बाजील मार ली। दूध देने वाली भैंस की सौंदर्य प्रतियोगिता में भी पानीपत के नरेंद्र सिंह की भैंस अव्वल रही। महिलाओं की प्रतियोगिता में पनीर बनाने में मधु तो दुग्ध दोहन में माया प्रथम रही। राष्ट्रीय विज्ञान दिवस पर स्कूली बच्चों को विभिन्न तकनीकियों से अवगत कराया गया।
राष्ट्रीय डेरी मेले के दूसरे दिन सुबह से ही मेले में भीड़ रही। शाम तक 14124 किसानों, 1017 स्कूली शिक्षकों व छात्र-छात्राओं सहित कुल 15141 लोगों ने सहभाहिता कर मेले में प्रदर्शनी, नई तकनीकियों के स्टाल, स्टार्टअप स्टाल देखे। एनडीआरआई के निदेशक एवं कुलपति डा. धीर सिंह ने कहा कि ये किसान मेला किसानों, पशुपालकों, डेरी उद्यमियों, नवयुवकों, महिला किसानों का एक अभूतपूर्व संगम है, जहां कृषि विज्ञान से संबंधित सभी जानकारियां एक ही स्थान पर उपलब्ध हैं। आज विज्ञान दिवस के मौके पर हजारों की संख्या में किसानों, पशुपालकों, पशुप्रेमियों, अनेक स्कूल के विद्यार्थियों आदि ने मेला भ्रमण कर यहां कृषि एवं पशुपालन संबंधी उपलब्ध तकनीकियों एवं प्रौद्योगिकियों की जानकारी प्राप्त की। किसानोपयोगी संगोष्ठियां की गई।
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संयुक्त निदेशक (शैक्षणिक) डॉ एके सिंह, डॉ. योगेश खेत्रा, डॉ हिना शर्मा और डॉ गौरव देशवाल ने व्याख्यान दिए। चारा संरक्षण: साइलेज बनाने के तरीके पर प्रधान वैज्ञानिक डॉ नितिन त्यागी, राष्ट्रीय गोकुल मिशन के तहत पशुधन एवं दूध की गंगा विषय पर प्रधान वैज्ञानिक डॉ. पवन सिंह, डेयरी उद्योग, डेरी उद्यमी एवं डेरी किसान संवाद में डॉ एके सिंह और डॉ डीएन यादव ने व्याख्यान दिया।
पशुधन प्रबंधन में परिवर्तन लाने वाले डिजिटल नवाचार पर सहायक आयुक्त (मत्स्य पालन) डॉ. सुधांशु शेखर जानकारी दी। पशुधन बीमा की जानकारी उप प्रबंधक मनोज कुमार ने दी। किसान प्रश्नोत्तरी सत्र में डॉ. पंकज कुमार सारस्वत, डॉ बीएस मीना ने उत्तर दिए तो डेरी किसान पाठशाला के प्रतिभागियों एवं किसानों का सम्मान विषय पर डॉ. संजित माईति व डॉ पंकज कुमार सारस्वत ने व्याख्यान दिया। राष्ट्रीय डेरी मेला के एक मार्च को अंतिम दिन है, इस दिन पुरस्कार वितरण भी किया जाएगा।
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करनाल। राष्ट्रीय डेरी अनुसंधान संस्थान (एनडीआरआई) में चल रहे तीन दिवसीय राष्ट्रीय डेरी मेला एवं एग्री एक्सपो 2025 के दूसरे दिन लगातार देशभर से आए पशुओं के बीच सौंदर्य प्रतियोगिता कराई गई। दूध देने वाली गाय की प्रतियोगिता में करनाल के राजबीर की गायों ने तीन पुरस्कार जीते।
वहीं बिना दूध देने वाली साहीवाल गाय के प्रतियोगिता में पानीपत के अनिल चौहान की गाय ने बाजील मार ली। दूध देने वाली भैंस की सौंदर्य प्रतियोगिता में भी पानीपत के नरेंद्र सिंह की भैंस अव्वल रही। महिलाओं की प्रतियोगिता में पनीर बनाने में मधु तो दुग्ध दोहन में माया प्रथम रही। राष्ट्रीय विज्ञान दिवस पर स्कूली बच्चों को विभिन्न तकनीकियों से अवगत कराया गया।
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राष्ट्रीय डेरी मेले के दूसरे दिन सुबह से ही मेले में भीड़ रही। शाम तक 14124 किसानों, 1017 स्कूली शिक्षकों व छात्र-छात्राओं सहित कुल 15141 लोगों ने सहभाहिता कर मेले में प्रदर्शनी, नई तकनीकियों के स्टाल, स्टार्टअप स्टाल देखे। एनडीआरआई के निदेशक एवं कुलपति डा. धीर सिंह ने कहा कि ये किसान मेला किसानों, पशुपालकों, डेरी उद्यमियों, नवयुवकों, महिला किसानों का एक अभूतपूर्व संगम है, जहां कृषि विज्ञान से संबंधित सभी जानकारियां एक ही स्थान पर उपलब्ध हैं। आज विज्ञान दिवस के मौके पर हजारों की संख्या में किसानों, पशुपालकों, पशुप्रेमियों, अनेक स्कूल के विद्यार्थियों आदि ने मेला भ्रमण कर यहां कृषि एवं पशुपालन संबंधी उपलब्ध तकनीकियों एवं प्रौद्योगिकियों की जानकारी प्राप्त की। किसानोपयोगी संगोष्ठियां की गई।
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संयुक्त निदेशक (शैक्षणिक) डॉ एके सिंह, डॉ. योगेश खेत्रा, डॉ हिना शर्मा और डॉ गौरव देशवाल ने व्याख्यान दिए। चारा संरक्षण: साइलेज बनाने के तरीके पर प्रधान वैज्ञानिक डॉ नितिन त्यागी, राष्ट्रीय गोकुल मिशन के तहत पशुधन एवं दूध की गंगा विषय पर प्रधान वैज्ञानिक डॉ. पवन सिंह, डेयरी उद्योग, डेरी उद्यमी एवं डेरी किसान संवाद में डॉ एके सिंह और डॉ डीएन यादव ने व्याख्यान दिया।
पशुधन प्रबंधन में परिवर्तन लाने वाले डिजिटल नवाचार पर सहायक आयुक्त (मत्स्य पालन) डॉ. सुधांशु शेखर जानकारी दी। पशुधन बीमा की जानकारी उप प्रबंधक मनोज कुमार ने दी। किसान प्रश्नोत्तरी सत्र में डॉ. पंकज कुमार सारस्वत, डॉ बीएस मीना ने उत्तर दिए तो डेरी किसान पाठशाला के प्रतिभागियों एवं किसानों का सम्मान विषय पर डॉ. संजित माईति व डॉ पंकज कुमार सारस्वत ने व्याख्यान दिया। राष्ट्रीय डेरी मेला के एक मार्च को अंतिम दिन है, इस दिन पुरस्कार वितरण भी किया जाएगा।