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शाहीन बाग मामले से जुड़े हो सकते हैं तार
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कैथल। गत 28 अप्रैल को दिल्ली के शाहीन बाग क्षेत्र से बरामद की गई 100 करोड़ से अधिक की 50 किलो हेरोइन मामले से कैथल में बरामद हुई हेरोइन के मामले के तार जुड़े हो सकते हैं। दिल्ली से पुलिस ने एक व्यक्ति को पकड़ा था। सूत्रों ने बताया कि दिल्ली में हुई कार्रवाई के बाद आगे मिली जानकारी के आधार पर कैथल में कार्रवाई की गई है।
गौरतलब है कि एनसीबी की टीम ने 27 अप्रैल को दिल्ली के शाहीन बाग क्षेत्र में एक किराये के घर में छापा मार कर एक व्यक्ति को 50 किलो हेरोइन बरामद की थी। भारत-अफगानिस्तान से जुड़े ड्रग सिंडिकेट मामले में यह पांचवीं गिरफ्तारी बताई गई थी। अब कैथल में जिस युवक के घर में छापा मारा गया है, वह युवक सात साल तक अफ्रीकी देश युगांडा में रहकर लौटा है। उसके संबंध दिल्ली में सक्रिय नाइजीरियन तस्करों से बताए जा रहे हैं।
उसके तार एक बड़े अंतरराष्ट्रीय गिरोह से जुड़े बताए जा रहे हैं। हालांकि गांव में उसका घर बिल्कुल साधारण है और गांव वालों के मुताबिक वह सामान्य तौर पर ही अपना जीवन बिता रहा था।
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मंगलवार रात जब डीआरआई की टीम ने उसके घर पर छापा मारा तो किसी को भी उसकी करतूत पर विश्वास नहीं हुआ। उधर, एसपी कैथल ने इसे स्वीकारा है कि डीआरआई ने इतने बड़े स्तर पर छापा मार कार्रवाई की है तो निश्चित तौर पर यह एक अंतरराष्ट्रीय गिरोह है।
हवाला का हो सकता है बरामद रुपया
जिस तरह से दिल्ली में बरामद नकदी को एनसीबी ने हवाला का बताया था। उसी तरह से कैथल के गांव खरकां में बरामद कैश भी हवाला का हो सकता है। दरअसल, जिस घर से यह नकदी बरामद हुई है, वह इतना साधारण है कि उसे देखकर लगता है कि परिवार के सदस्य मुश्किल से गुजारा चला रहे हैं। वहीं आरोपी युवक पर पहले कोई मामला तक दर्ज नहीं है। गांव के लोगों का भी कहना है कि आज तक यह युवक किसी संदिग्ध गतिविधि में संलिप्त नहीं पाया गया था। संवाद
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गौरतलब है कि एनसीबी की टीम ने 27 अप्रैल को दिल्ली के शाहीन बाग क्षेत्र में एक किराये के घर में छापा मार कर एक व्यक्ति को 50 किलो हेरोइन बरामद की थी। भारत-अफगानिस्तान से जुड़े ड्रग सिंडिकेट मामले में यह पांचवीं गिरफ्तारी बताई गई थी। अब कैथल में जिस युवक के घर में छापा मारा गया है, वह युवक सात साल तक अफ्रीकी देश युगांडा में रहकर लौटा है। उसके संबंध दिल्ली में सक्रिय नाइजीरियन तस्करों से बताए जा रहे हैं।
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उसके तार एक बड़े अंतरराष्ट्रीय गिरोह से जुड़े बताए जा रहे हैं। हालांकि गांव में उसका घर बिल्कुल साधारण है और गांव वालों के मुताबिक वह सामान्य तौर पर ही अपना जीवन बिता रहा था।
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मंगलवार रात जब डीआरआई की टीम ने उसके घर पर छापा मारा तो किसी को भी उसकी करतूत पर विश्वास नहीं हुआ। उधर, एसपी कैथल ने इसे स्वीकारा है कि डीआरआई ने इतने बड़े स्तर पर छापा मार कार्रवाई की है तो निश्चित तौर पर यह एक अंतरराष्ट्रीय गिरोह है।
हवाला का हो सकता है बरामद रुपया
जिस तरह से दिल्ली में बरामद नकदी को एनसीबी ने हवाला का बताया था। उसी तरह से कैथल के गांव खरकां में बरामद कैश भी हवाला का हो सकता है। दरअसल, जिस घर से यह नकदी बरामद हुई है, वह इतना साधारण है कि उसे देखकर लगता है कि परिवार के सदस्य मुश्किल से गुजारा चला रहे हैं। वहीं आरोपी युवक पर पहले कोई मामला तक दर्ज नहीं है। गांव के लोगों का भी कहना है कि आज तक यह युवक किसी संदिग्ध गतिविधि में संलिप्त नहीं पाया गया था। संवाद