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Kaithal News: हम शपथ लेते हैं... पहले खुद करेंगे सुरक्षा नियमों का पालन
Fri, 24 Jan 2025 01:11 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
Updated Fri, 24 Jan 2025 01:11 AM IST
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संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। जिला प्रशासन ने अमर शहीद नेताजी सुभाष चंद्र बोस की जयंती पर वीरवार से एक नई मुहिम शुरू की है। इसका उद्देश्य जिले में सड़क हादसों में होने वाली मौत को शून्य के लक्ष्य पर लाया जाना है। इसके लिए डीसी सहित सभी अधिकारियों ने सड़क सुरक्षा समिति की बैठक में शपथ ली और संकल्प लिया कि पहले वे स्वयं सड़क सुरक्षा के नियमों का पालन करेंगे। इसके बाद जनभागीदारी से इस अभियान को सफल बनाया जाएगा।
इसके तहत यातायात नियमों के पालन का प्रयास किया जाएगा कि सड़कों पर हादसे न हों। यदि हादसे हो भी जाएं तो घायलों को समय पर उपचार सहित अन्य उपायों से मौतों को कम किया जाए। डीसी प्रीति ने आमजन का भी आह्वान किया कि वे इस मुहिम में शामिल हों और सड़क पर वाहन चलाते समय नियमों का पालन करें।
डीसी ने एसडीएम को निर्देश दिए कि सायं तक यह अपडेट किया जाए कि कितनी बसों में गंभीर खामियों को दूर किया गया है। कितनी ऐसी बसें हैं, जिनमें अभी भी गंभीर खामियां हैं और संचालक के खिलाफ क्या कार्रवाई की गई।
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डीसी ने स्पष्ट किया कि नियमों का गंभीर उल्लंघन करने वाली बसें सड़कों पर नहीं चलेंगी। उन्होंने कहा कि हम हादसों का इंतजार करने की बजाय समय रहते उपाय करें ताकि हादसों से बचा जा सके। लघु सचिवालय स्थित सभागार में सड़क सुरक्षा समिति की बैठक में डीसी ने पिछली बैठक के एजेंडों की समीक्षा की और नए बिंदुओं पर चर्चा कर आवश्यक निर्देश दिए। इस दौरान बैठक में न पहुंचने पर एचएसवीपी के ईओ को कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए।
डीसी ने कहा कि स्कूल बसों में नियमों का पालन करवाने व कम उम्र के बच्चों को वाहन चलाने से रोकने का मकसद केवल चालान करना नहीं है बल्कि हादसों को रोकने की दिशा में जनभागीदारी से प्रयास करना है। शिक्षा विभाग के अधिकारी व यातायात पुलिस कर्मी स्कूलों के बाहर, कोचिंग संस्थानों के बाहर इस बात की जांच करें कि कोई बच्चा कम उम्र में वाहन न चलाता हो। यदि पकड़ा जाए तो पहली बार में उसके परिजनों को बुलाकर चेतावनी देकर छोड़ें, दूसरी बार नियमानुसार सख्त कार्रवाई करें। अध्यापकों को लगातार जागरूक किया जाए।
डीसी ने कहा कि एसडीएम, शिक्षा विभाग के अधिकारी व पुलिस अधिकारी बैठकें करें। इनमें नशे सहित अन्य मुद्दों के साथ-साथ सड़क सुरक्षा के विषय में भी लोगों से बात करें। स्कूलों में क्लब बनाकर इस विषय में चर्चा करवाई जाए। कार्यक्रमों में सड़क सुरक्षा नियमों की शपथ दिलवाएं। कहा कि सभी विभागाध्यक्ष यह सुनिश्चित करें कि उनके कार्यालय में आने वाले कर्मचारी व आमजन सड़क सुरक्षा नियमों का पालन करें। यदि कोई बिना हेलमेट कार्यालयों में आता है तो उसे हेलमेट का प्रयोग करने के लिए प्रेरित करें।
डीसी ने कहा कि संबंधित अधिकारी सुनिश्चित करें कि सड़कों में गड्डे न हों, बड़े वाहनों की अवैध पार्किंग न हो, घायलों के उपचार के लिए आवश्यक तैयारियां पूरी हों। डीसी ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे केवल माह में बैठक से पहले ही काम न संभालें, जो निर्देश दिए जाते हैं, उन पर बैठक के अगले दिन से काम शुरू करवाएं ताकि बैठक में काम पूरा होने पर संबंधित अधिकारी के काम की सराहना करें।
डीसी ने कहा कि यातायात पुलिस अधिकारी सुनिश्चित करें कि हाईवे पर डायल 112 का स्पष्ट बोर्ड लगाया जाए। सड़कों से जुड़े विभागीय अधिकारी सड़कों पर स्पीड लिमिट के बोर्ड लगाना भी सुनिश्चित करवाएं। इस मौके पर आरटीए गिरीश कुमार, गुहला एसडीएम कृष्ण कुमार, कैथल एसडीएम अजय सिंह, सीटीएम गुरविंद्र सिंह, डीडीपीओ कंवर दमन, सीएमओ रेणु चावला, रोडवेज जीएम कमलजीत सिंह आदि मौजूद रहे।
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कैथल। जिला प्रशासन ने अमर शहीद नेताजी सुभाष चंद्र बोस की जयंती पर वीरवार से एक नई मुहिम शुरू की है। इसका उद्देश्य जिले में सड़क हादसों में होने वाली मौत को शून्य के लक्ष्य पर लाया जाना है। इसके लिए डीसी सहित सभी अधिकारियों ने सड़क सुरक्षा समिति की बैठक में शपथ ली और संकल्प लिया कि पहले वे स्वयं सड़क सुरक्षा के नियमों का पालन करेंगे। इसके बाद जनभागीदारी से इस अभियान को सफल बनाया जाएगा।
इसके तहत यातायात नियमों के पालन का प्रयास किया जाएगा कि सड़कों पर हादसे न हों। यदि हादसे हो भी जाएं तो घायलों को समय पर उपचार सहित अन्य उपायों से मौतों को कम किया जाए। डीसी प्रीति ने आमजन का भी आह्वान किया कि वे इस मुहिम में शामिल हों और सड़क पर वाहन चलाते समय नियमों का पालन करें।
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डीसी ने एसडीएम को निर्देश दिए कि सायं तक यह अपडेट किया जाए कि कितनी बसों में गंभीर खामियों को दूर किया गया है। कितनी ऐसी बसें हैं, जिनमें अभी भी गंभीर खामियां हैं और संचालक के खिलाफ क्या कार्रवाई की गई।
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डीसी ने स्पष्ट किया कि नियमों का गंभीर उल्लंघन करने वाली बसें सड़कों पर नहीं चलेंगी। उन्होंने कहा कि हम हादसों का इंतजार करने की बजाय समय रहते उपाय करें ताकि हादसों से बचा जा सके। लघु सचिवालय स्थित सभागार में सड़क सुरक्षा समिति की बैठक में डीसी ने पिछली बैठक के एजेंडों की समीक्षा की और नए बिंदुओं पर चर्चा कर आवश्यक निर्देश दिए। इस दौरान बैठक में न पहुंचने पर एचएसवीपी के ईओ को कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए।
डीसी ने कहा कि स्कूल बसों में नियमों का पालन करवाने व कम उम्र के बच्चों को वाहन चलाने से रोकने का मकसद केवल चालान करना नहीं है बल्कि हादसों को रोकने की दिशा में जनभागीदारी से प्रयास करना है। शिक्षा विभाग के अधिकारी व यातायात पुलिस कर्मी स्कूलों के बाहर, कोचिंग संस्थानों के बाहर इस बात की जांच करें कि कोई बच्चा कम उम्र में वाहन न चलाता हो। यदि पकड़ा जाए तो पहली बार में उसके परिजनों को बुलाकर चेतावनी देकर छोड़ें, दूसरी बार नियमानुसार सख्त कार्रवाई करें। अध्यापकों को लगातार जागरूक किया जाए।
डीसी ने कहा कि एसडीएम, शिक्षा विभाग के अधिकारी व पुलिस अधिकारी बैठकें करें। इनमें नशे सहित अन्य मुद्दों के साथ-साथ सड़क सुरक्षा के विषय में भी लोगों से बात करें। स्कूलों में क्लब बनाकर इस विषय में चर्चा करवाई जाए। कार्यक्रमों में सड़क सुरक्षा नियमों की शपथ दिलवाएं। कहा कि सभी विभागाध्यक्ष यह सुनिश्चित करें कि उनके कार्यालय में आने वाले कर्मचारी व आमजन सड़क सुरक्षा नियमों का पालन करें। यदि कोई बिना हेलमेट कार्यालयों में आता है तो उसे हेलमेट का प्रयोग करने के लिए प्रेरित करें।
डीसी ने कहा कि संबंधित अधिकारी सुनिश्चित करें कि सड़कों में गड्डे न हों, बड़े वाहनों की अवैध पार्किंग न हो, घायलों के उपचार के लिए आवश्यक तैयारियां पूरी हों। डीसी ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे केवल माह में बैठक से पहले ही काम न संभालें, जो निर्देश दिए जाते हैं, उन पर बैठक के अगले दिन से काम शुरू करवाएं ताकि बैठक में काम पूरा होने पर संबंधित अधिकारी के काम की सराहना करें।
डीसी ने कहा कि यातायात पुलिस अधिकारी सुनिश्चित करें कि हाईवे पर डायल 112 का स्पष्ट बोर्ड लगाया जाए। सड़कों से जुड़े विभागीय अधिकारी सड़कों पर स्पीड लिमिट के बोर्ड लगाना भी सुनिश्चित करवाएं। इस मौके पर आरटीए गिरीश कुमार, गुहला एसडीएम कृष्ण कुमार, कैथल एसडीएम अजय सिंह, सीटीएम गुरविंद्र सिंह, डीडीपीओ कंवर दमन, सीएमओ रेणु चावला, रोडवेज जीएम कमलजीत सिंह आदि मौजूद रहे।