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Kaithal News: संस्कृत और पंजाबी के साथ जानी अंग्रेजी की महत्ता
Sun, 08 Jun 2025 12:53 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
Updated Sun, 08 Jun 2025 12:53 AM IST
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संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। आरोही स्कूल, ग्योंग में चल रहे भारतीय भाषा ग्रीष्मकालीन शिविर का शनिवार को समापन हुआ। इस अवसर पर विद्यार्थियों ने रोल-प्ले गतिविधियों में बढ़-चढ़ कर भाग लिया। अंतिम दिन विद्यार्थियों ने संस्कृत और पंजाबी के साथ जानी अंग्रेजी की महत्ता जानी। अपने-अपने फीडबैक भी दिए।
कैंप में बच्चों को संस्कृत, पंजाबी, अंग्रेज़ी भाषाओं की महत्ता तथा इतिहास और भूगोल का भी विशेष ज्ञान प्राप्त हुआ। इस अवसर पर दसवीं की छात्राओं ने मातृभाषा में सुंदर गीत भी प्रस्तुत किया।
विद्यार्थियों ने रोल-प्ले के अंतर्गत शॉपिंग करना, किसी रेस्तरां में खाना ऑर्डर, खाद्य सामग्री ग्राहकों को बेचना, दूसरों को सड़क यातायात के नियम समझाना आदि में रोल-प्ले करते हुए अपनी-अपनी भूमिका अदा की।
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कक्षा 10वीं की जेसिका, दिव्या, गुरजीत ने कैंप की सराहना की और कहा कि उन्हें इस कैंप के माध्यम से बहुत कुछ नया सीखने को मिला।उन्होंने आगे कहा कि इस दौरान उन्हें खेल-खेल में भाषा सीखने को मिली।उन्हें भारत में व्यंजनों की विविधता और विविधता में एकता के बारे में पता चला।
कार्यक्रम में सांझी सभा के प्रधान जगपाल विशेष रूप से उपस्थित रहे। उनका हिंदी प्राध्यापक डॉ. विजय कुमार चावला ने स्वागत किया। संबोधन में डॉ. चावला ने कहा कि ये समर कैंप बच्चों को छोटी उम्र में ही अलग-अलग भाषाओं से परिचित कराने और भाषा में कुछ बुनियादी संचार कौशल विकसित करने के लिए डिजाइन किए।
सांझी सभा के प्रधान जगपाल ने विद्यालय प्रधानाचार्य डॉ मनीष सिंगला के मार्गदर्शन में चलाए गए भारतीय भाषा समर कैंप की सराहना की। अंत में सभी प्रतिभागी विद्यार्थियों को प्रतिभागिता प्रमाण पत्र प्रदान किए गए। इस अवसर पर डॉ विजय कुमार चावला, सरिता और अमन ने अपनी-अपनी अहम भूमिका अदा की।
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कैथल। आरोही स्कूल, ग्योंग में चल रहे भारतीय भाषा ग्रीष्मकालीन शिविर का शनिवार को समापन हुआ। इस अवसर पर विद्यार्थियों ने रोल-प्ले गतिविधियों में बढ़-चढ़ कर भाग लिया। अंतिम दिन विद्यार्थियों ने संस्कृत और पंजाबी के साथ जानी अंग्रेजी की महत्ता जानी। अपने-अपने फीडबैक भी दिए।
कैंप में बच्चों को संस्कृत, पंजाबी, अंग्रेज़ी भाषाओं की महत्ता तथा इतिहास और भूगोल का भी विशेष ज्ञान प्राप्त हुआ। इस अवसर पर दसवीं की छात्राओं ने मातृभाषा में सुंदर गीत भी प्रस्तुत किया।
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विद्यार्थियों ने रोल-प्ले के अंतर्गत शॉपिंग करना, किसी रेस्तरां में खाना ऑर्डर, खाद्य सामग्री ग्राहकों को बेचना, दूसरों को सड़क यातायात के नियम समझाना आदि में रोल-प्ले करते हुए अपनी-अपनी भूमिका अदा की।
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कक्षा 10वीं की जेसिका, दिव्या, गुरजीत ने कैंप की सराहना की और कहा कि उन्हें इस कैंप के माध्यम से बहुत कुछ नया सीखने को मिला।उन्होंने आगे कहा कि इस दौरान उन्हें खेल-खेल में भाषा सीखने को मिली।उन्हें भारत में व्यंजनों की विविधता और विविधता में एकता के बारे में पता चला।
कार्यक्रम में सांझी सभा के प्रधान जगपाल विशेष रूप से उपस्थित रहे। उनका हिंदी प्राध्यापक डॉ. विजय कुमार चावला ने स्वागत किया। संबोधन में डॉ. चावला ने कहा कि ये समर कैंप बच्चों को छोटी उम्र में ही अलग-अलग भाषाओं से परिचित कराने और भाषा में कुछ बुनियादी संचार कौशल विकसित करने के लिए डिजाइन किए।
सांझी सभा के प्रधान जगपाल ने विद्यालय प्रधानाचार्य डॉ मनीष सिंगला के मार्गदर्शन में चलाए गए भारतीय भाषा समर कैंप की सराहना की। अंत में सभी प्रतिभागी विद्यार्थियों को प्रतिभागिता प्रमाण पत्र प्रदान किए गए। इस अवसर पर डॉ विजय कुमार चावला, सरिता और अमन ने अपनी-अपनी अहम भूमिका अदा की।