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Kaithal News: नई धान खरीद पाॅलिसी बनी परेशानी का सबब
Fri, 29 Sep 2023 12:58 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
Updated Fri, 29 Sep 2023 12:58 AM IST
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संवाद न्यूज एजेंसी
गुहला-चीका। सरकार की नई धान खरीद पॉलिसी किसानों के साथ आढ़तियों व राइस मिलरों के परेशानी का सबब बनी है। 25 सितंबर से धान की सरकारी खरीद शुरू होने के बाद पिछले चार दिनों में चीका की मंडियों ने 86 हजार क्विंटल से अधिक धान की आवक हो चुकी है, लेकिन ठेकेदार द्वारा जीपीएस लगे वाहन उपलब्ध नहीं करवाए जाने से अभी तक एक भी बोरी धान का उठान नहीं हो सका है।
धान का उठान ना होने के कारण मंडियों में जाम की स्थिति बन गई है। धान से लदे सैंकड़ों ट्रैक्टर व ट्रालियां व ट्रक पिछले तीन दिनों से मंडी में खड़े है, लेकिन गेट पास नहीं काटे जाने के कारण ये मंडी से बाहर नहीं जा पा रहे है। सरकार के आदेश हैं कि एमएसपी पर खरीदे गए धान को मंडी से राइस मिलों तक पहुंचाने के लिए वाहनों में जीपीएस सिस्टम का लगा होना जरूरी है, लेकिन संबंधित ठेकेदार आज तक जीपीएस सिस्टम लगा एक भी ट्रक खरीद एजेंसियों को उपलब्ध नहीं करवा पाया है।
सरकारी खरीद शुरू होने के तुरंत बाद धान का उठान न होने व मंडियों में जाम की स्थिति बन जाने से खफा भाकियू के प्रदेश उपाध्यक्ष चमकौर सिंह बनेहड़ा की अगुवाई में वीरवार को जरनैल सिंह, केवल सदरेहड़ी, किंद्र सिंह सहित कई किसानों का एक शिष्टमंडल एसडीएम कृष्ण कुमार से मिला। किसान नेताओं ने कहा कि जैसे ही फसलें मंडी में आना शुरू होती है वैसे सरकार ऐसी बेतुका पाॅलिसी लेकर आती है कि पूरी व्यवस्था ही ठप होकर रह जाती है और इसका खामियाजा किसानों को भुगतना पड़ता है। कहा कि यदि शुक्रवार सुबह तक धान उठान का काम शुरू नहीं किया गया तो किसान चीका मंडी को ताला लगा कैथल-पटियाला स्टेट हाईवे को जाम कर देंगे। एसडीएम कृष्ण कुमार ने फूड सप्लाई के अधिकारियों से बात कर समय रहते उठान का काम शुरू करवाने का किसानों को भरोसा दिलाया।
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चीका की मंडियों से धान उठान करने वाले ठेकेदार होशियार सिंह ने कहा कि धान उठाने के लिए ट्रकों में जीपीएस सिस्टम लगाने का काम तेजी से किया जा रहा है। जल्द ही वाहनों में जीपीएस सिस्टम लग जाएगा। एजेंसियों को जितने भी वाहनों की जरूरत होगी उतने ही उपलब्ध करवा दिए जाएंगे।
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गुहला-चीका। सरकार की नई धान खरीद पॉलिसी किसानों के साथ आढ़तियों व राइस मिलरों के परेशानी का सबब बनी है। 25 सितंबर से धान की सरकारी खरीद शुरू होने के बाद पिछले चार दिनों में चीका की मंडियों ने 86 हजार क्विंटल से अधिक धान की आवक हो चुकी है, लेकिन ठेकेदार द्वारा जीपीएस लगे वाहन उपलब्ध नहीं करवाए जाने से अभी तक एक भी बोरी धान का उठान नहीं हो सका है।
धान का उठान ना होने के कारण मंडियों में जाम की स्थिति बन गई है। धान से लदे सैंकड़ों ट्रैक्टर व ट्रालियां व ट्रक पिछले तीन दिनों से मंडी में खड़े है, लेकिन गेट पास नहीं काटे जाने के कारण ये मंडी से बाहर नहीं जा पा रहे है। सरकार के आदेश हैं कि एमएसपी पर खरीदे गए धान को मंडी से राइस मिलों तक पहुंचाने के लिए वाहनों में जीपीएस सिस्टम का लगा होना जरूरी है, लेकिन संबंधित ठेकेदार आज तक जीपीएस सिस्टम लगा एक भी ट्रक खरीद एजेंसियों को उपलब्ध नहीं करवा पाया है।
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सरकारी खरीद शुरू होने के तुरंत बाद धान का उठान न होने व मंडियों में जाम की स्थिति बन जाने से खफा भाकियू के प्रदेश उपाध्यक्ष चमकौर सिंह बनेहड़ा की अगुवाई में वीरवार को जरनैल सिंह, केवल सदरेहड़ी, किंद्र सिंह सहित कई किसानों का एक शिष्टमंडल एसडीएम कृष्ण कुमार से मिला। किसान नेताओं ने कहा कि जैसे ही फसलें मंडी में आना शुरू होती है वैसे सरकार ऐसी बेतुका पाॅलिसी लेकर आती है कि पूरी व्यवस्था ही ठप होकर रह जाती है और इसका खामियाजा किसानों को भुगतना पड़ता है। कहा कि यदि शुक्रवार सुबह तक धान उठान का काम शुरू नहीं किया गया तो किसान चीका मंडी को ताला लगा कैथल-पटियाला स्टेट हाईवे को जाम कर देंगे। एसडीएम कृष्ण कुमार ने फूड सप्लाई के अधिकारियों से बात कर समय रहते उठान का काम शुरू करवाने का किसानों को भरोसा दिलाया।
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चीका की मंडियों से धान उठान करने वाले ठेकेदार होशियार सिंह ने कहा कि धान उठाने के लिए ट्रकों में जीपीएस सिस्टम लगाने का काम तेजी से किया जा रहा है। जल्द ही वाहनों में जीपीएस सिस्टम लग जाएगा। एजेंसियों को जितने भी वाहनों की जरूरत होगी उतने ही उपलब्ध करवा दिए जाएंगे।