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Kaithal News: रिमांड मिलते ही पूर्व पार्षद बीमार, रक्तचाप नीचे आया
Tue, 22 Apr 2025 02:11 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
Updated Tue, 22 Apr 2025 02:11 AM IST
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संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। एंटी करप्शन ब्यूरो (एसीबी) की टीम की गिरफ्त मंे पूर्व पार्षद कमल मित्तल रिमांड के पहले ही दिन सोमवार को बीमार हो गया। बीमारी बताने पर एसीबी की टीम ने उसका अस्पताल में इलाज करवाया। इससे पूर्व न्यायालय से इसकी अनुमति ली गई। इसके बाद उससे एसीबी की टीम ने पूछताछ भी की।
एसीबी की टीम मुताबिक, आरोपी पूर्व पार्षद का ब्लड प्रेशर (रक्तचाप) कम हो गया था। इसके बाद आरोपी को अस्पताल में ले जाया गया और उसके टेस्ट करवाए गए। इसके बाद उसे दवा भी दिलवाई गई।
सूत्रों के अनुसार, पूछताछ के तहत आरोपी कमल मित्तल ने कितने लोगों से रुपये लिए, इस संदर्भ में जानकारी ली गई। हालांकि अभी तक आरोपी ने टीम को इस बारे में जानकारी नहीं दी है। वहीं, अब रिश्वत मामले में काफी अधिक रुपये ऐंठने के अंदेशे पर आरोपी के खातों की भी जांच की जाएगी।
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एसीबी कैथल के प्रभारी इंस्पेक्टर सूबे सिंह ने बताया कि आरोपी पूर्व पार्षद से रिमांड के पहले दिन काफी बिंदुओं पर पूछताछ की है। टीम को अंदेशा है कि इस मामले के अलावा अन्य मामलों में भी आरोपी की ओर से रिश्वत ली गई है। हालांकि पहले दिन आरोपी ने टीम को कुछ अधिक जानकारी नहीं दी है। ऐसे में अब आरोपी के खातों को भी खंगालकर जांच की जाएगी।
यह है मामला ः गौरतलब है कि एसीबी कैथल टीम ने कैथल के पूर्व पार्षद कमल मित्तल को शनिवार दोपहर के समय चार लाख 20 हजार रुपये की रिश्वत लेते रंगेहाथों गिरफ्तार किया था। आरोपी ने इस मामले में डीसी को पैसे देने के नाम पर व्यापारी से रिश्वत मांगी थी। व्यापारी को धमकी दी गई थी कि अगर उसने रुपये नहीं दिए तो कार्रवाई तय है।
इस मामले में कैथल निवासी व्यापारी संदीप गर्ग ने 18 अप्रैल को एंटी करप्शन ब्यूरो को शिकायत दी थी। उन्होंने बताया कि उसकी पुराने बस स्टैंड के पास जमीन है, जिस पर उसने बिल्डिंग बनवाई थी। आरोपी ने इसकी शिकायत कर बिल्डिंग को सील करवा दिया था।
इसके बाद उसके शिकायतकर्ता कमल मित्तल से संपर्क साधा। उसने पांच लाख 20 हजार रुपये लेकर सील को खुलवा दिया। इसके बाद भी आरोपी ने आरटीआई और सीएम विंडो पर उसकी शिकायत कर दी। उसकी बिल्डिंग की सील खुल गई थी। वह खुश था कि तभी पता चला कि कमल मित्तल ने उसकी दोबारा शिकायत कर दी है।
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कैथल। एंटी करप्शन ब्यूरो (एसीबी) की टीम की गिरफ्त मंे पूर्व पार्षद कमल मित्तल रिमांड के पहले ही दिन सोमवार को बीमार हो गया। बीमारी बताने पर एसीबी की टीम ने उसका अस्पताल में इलाज करवाया। इससे पूर्व न्यायालय से इसकी अनुमति ली गई। इसके बाद उससे एसीबी की टीम ने पूछताछ भी की।
एसीबी की टीम मुताबिक, आरोपी पूर्व पार्षद का ब्लड प्रेशर (रक्तचाप) कम हो गया था। इसके बाद आरोपी को अस्पताल में ले जाया गया और उसके टेस्ट करवाए गए। इसके बाद उसे दवा भी दिलवाई गई।
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सूत्रों के अनुसार, पूछताछ के तहत आरोपी कमल मित्तल ने कितने लोगों से रुपये लिए, इस संदर्भ में जानकारी ली गई। हालांकि अभी तक आरोपी ने टीम को इस बारे में जानकारी नहीं दी है। वहीं, अब रिश्वत मामले में काफी अधिक रुपये ऐंठने के अंदेशे पर आरोपी के खातों की भी जांच की जाएगी।
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एसीबी कैथल के प्रभारी इंस्पेक्टर सूबे सिंह ने बताया कि आरोपी पूर्व पार्षद से रिमांड के पहले दिन काफी बिंदुओं पर पूछताछ की है। टीम को अंदेशा है कि इस मामले के अलावा अन्य मामलों में भी आरोपी की ओर से रिश्वत ली गई है। हालांकि पहले दिन आरोपी ने टीम को कुछ अधिक जानकारी नहीं दी है। ऐसे में अब आरोपी के खातों को भी खंगालकर जांच की जाएगी।
यह है मामला ः गौरतलब है कि एसीबी कैथल टीम ने कैथल के पूर्व पार्षद कमल मित्तल को शनिवार दोपहर के समय चार लाख 20 हजार रुपये की रिश्वत लेते रंगेहाथों गिरफ्तार किया था। आरोपी ने इस मामले में डीसी को पैसे देने के नाम पर व्यापारी से रिश्वत मांगी थी। व्यापारी को धमकी दी गई थी कि अगर उसने रुपये नहीं दिए तो कार्रवाई तय है।
इस मामले में कैथल निवासी व्यापारी संदीप गर्ग ने 18 अप्रैल को एंटी करप्शन ब्यूरो को शिकायत दी थी। उन्होंने बताया कि उसकी पुराने बस स्टैंड के पास जमीन है, जिस पर उसने बिल्डिंग बनवाई थी। आरोपी ने इसकी शिकायत कर बिल्डिंग को सील करवा दिया था।
इसके बाद उसके शिकायतकर्ता कमल मित्तल से संपर्क साधा। उसने पांच लाख 20 हजार रुपये लेकर सील को खुलवा दिया। इसके बाद भी आरोपी ने आरटीआई और सीएम विंडो पर उसकी शिकायत कर दी। उसकी बिल्डिंग की सील खुल गई थी। वह खुश था कि तभी पता चला कि कमल मित्तल ने उसकी दोबारा शिकायत कर दी है।