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Kaithal News: छह महीने तक मां का दूध ही पिलाएं
Fri, 08 Aug 2025 12:28 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
Updated Fri, 08 Aug 2025 12:28 AM IST
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संवाद न्यूज एजेंसी
राजौंद। खेड़ी सिंबल वाली गांव में एक अगस्त से आठ अगस्त तक मनाए जा रहे विश्व स्तनपान सप्ताह के तहत जागरूकता कार्यक्रम में ग्रामीण महिलाओं को शिशु के लिए मां के दूध के महत्व की जानकारी दी।
सर्कल सुपरवाइजर सावित्री ने कहा कि मां का दूध नवजात के लिए सर्वोत्तम आहार है और पहले छह महीनों तक बच्चे को केवल स्तनपान ही कराना चाहिए। उन्होंने बताया कि मां के दूध में सभी आवश्यक पोषक तत्व और रोगों से लड़ने की क्षमता होती है। इस अवसर पर आंगनबाड़ी कार्यकर्ता रीटा और संतोष ने स्तनपान से जुड़ी भ्रांतियों पर बात की। कार्यक्रम में यह भी बताया गया कि मां का पहला पीला और गाढ़ा दूध कोलोस्ट्रम कहलाता है, जो नवजात को हाइपोथर्मिया और हाइपोग्लाइसीमिया जैसी गंभीर समस्याओं से बचाता है।
इस अवसर पर आंगनबाड़ी कार्यकर्ता सुमन, रीटा, संतोष, आंगनवाड़ी सहायिकाएं मुकेश, केलो देवी, बिमला आदि उपस्थित रहीं।
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राजौंद। खेड़ी सिंबल वाली गांव में एक अगस्त से आठ अगस्त तक मनाए जा रहे विश्व स्तनपान सप्ताह के तहत जागरूकता कार्यक्रम में ग्रामीण महिलाओं को शिशु के लिए मां के दूध के महत्व की जानकारी दी।
सर्कल सुपरवाइजर सावित्री ने कहा कि मां का दूध नवजात के लिए सर्वोत्तम आहार है और पहले छह महीनों तक बच्चे को केवल स्तनपान ही कराना चाहिए। उन्होंने बताया कि मां के दूध में सभी आवश्यक पोषक तत्व और रोगों से लड़ने की क्षमता होती है। इस अवसर पर आंगनबाड़ी कार्यकर्ता रीटा और संतोष ने स्तनपान से जुड़ी भ्रांतियों पर बात की। कार्यक्रम में यह भी बताया गया कि मां का पहला पीला और गाढ़ा दूध कोलोस्ट्रम कहलाता है, जो नवजात को हाइपोथर्मिया और हाइपोग्लाइसीमिया जैसी गंभीर समस्याओं से बचाता है।
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इस अवसर पर आंगनबाड़ी कार्यकर्ता सुमन, रीटा, संतोष, आंगनवाड़ी सहायिकाएं मुकेश, केलो देवी, बिमला आदि उपस्थित रहीं।