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रविवार रात विधायक के कार्यक्रम में हंगामे का मामला
Updated Tue, 09 Oct 2018 12:17 AM IST
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गांव थेह बनेहड़ा के युवाओं पर एससी एक्ट के तहत केस दर्ज
रविवार रात विधायक के कार्यक्रम में हंगामे का मामला
डीएसपी से मिलने पहुंचे गांव वाले, बोले- कहासुनी को जातीय रंग देना गलत
फोटो संख्या-35
अमर उजाला ब्यूरो
गुहला-चीका। रविवार रात को विधायक कुलवंत बाजीगर के कार्यक्रम में हल्ला मचाने वाले एक दर्जन से अधिक युवाओं के खिलाफ चीका पुलिस ने एससी एक्ट के तहत केस दर्ज किया है। जिसके विरोध में गांव थेह बनेहड़ा के 50-60 लोगों की एक पंचायत डीएसपी गुहला से मिली और युवकों के खिलाफ एससी एक्ट लगाने की कार्रवाई को नाइंसाफी करार दिया।
पंचायत में आए लोगों ने कहा कि जिम के सामान व पानी की समस्या को लेकर युवाओं की विधायक कुलवंत बाजीगर से कहासुनी हुई थी। इसे जातीय रंग नहीं दिया जाना चाहिए। उधर, चीका पुलिस ने आरोपी युवकों की गिरफ्तारी के लिए प्रयास तेज कर दिए। अभी तक किसी भी आरोपी के पकड़े जाने की खबर नहीं है।
विदित रहे कि महात्मा गांधी की जयंती के उपलक्ष्य में प्रदेश भर में भाजपा द्वारा निकाली जा रही पदयात्राओं के तहत विधायक बाजीगर रविवार देर शाम गांव थेह बनेहड़ा पहुंचे थे। आरोप है कि विधायक के सामने जिम के सामान व गांव में पानी की समस्या के निदान की मांग रखने के दौरान विधायक पक्ष के कुछ लोगों के साथ युवाओं की कहासुनी हो गई। देखते ही देखते बात इतनी बिगड़ी कि विधायक को अपना कार्यक्रम बीच में छोड़कर जाना पड़ा। इस झगड़े के दौरान विधायक के मौसेरे भाई रतन बाजीगर व एक समर्थक श्रवण को काफी चोटें लगी।
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पुलिस में दर्ज मामले में ये आरोप लगाए : चीका पुलिस ने चोटिल रतन बाजीगर की शिकायत पर गांव थेह बनेहड़ा निवासी युवक मेजर सिंह पुत्र बचना राम सहित एक दर्जन से अधिक अज्ञात युवाओं के खिलाफ भादंसं की विभिन्न धाराओं के साथ-साथ एससी एक्ट की धारा 3 लगाई है। रतन ने कहा है कि रविवार देर शाम को जब विधायक बाजीगर गांव के स्कूल में चल रहा अपना कार्यक्रम समाप्त करके जा चुके थे कि तभी कुछ युवकों की टोली आई और उन्हें जातिसूचक शब्द कहने लगी। रतन के अनुसार जब उन्होंने युवकों को रोकने की कोशिश की तो उनके साथ लाठियों व डंडों से मारपीट की गई, जिस कारण वे खुद व श्रवण नाम का एक व्यक्ति बुरी तरह घायल हो गए।
परस्पर विरोधी बयानों से उलझी तस्वीर : हालांकि विधायक कुलवंत बाजीगर ने बयान में यह कहा है कि उनके कार्यक्रम से चले जाने के बाद गांव में यह वाकया हुआ है। लेकिन हंगामे में घायल रतन बाजीगर व सरवण ने रविवार आधी रात को गुहला अस्पताल पहुंचे मीडिया के कैमरों के सामने अपने रिकॉर्डेड बयानों में कहा था कि जब युवा भड़के उस समय विधायक बाजीगर स्टेज पर ही मौजूद थे। बेशक पुलिस को दी शिकायत में सोमवार को रतन ने लिखा कि जब मारपीट हुई तब विधायक का काफिला जा चुका था।
युवक का वीडियो वायरल : जिस युवक मेजर सिंह गुज्जर के खिलाफ चीका पुलिस ने केस दर्ज किया है, उसका रविवार रात को ही रिकार्ड किया एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया। मेजर सिंह इस वीडियो में खुद को कैथल के पूर्व विधायक एवं भाजपा नेता लीला राम गुज्जर का भांजा बता रहा है। मेजर सिंह इस वीडियो में बेधड़क स्वीकार कर रहा है कि विधायक के कार्यक्रम के दौरान मारपीट हुई है। लेकिन साथ ही यह भी आरोप लगा रहा है कि पहल विधायक पक्ष ने की थी। युवक वीडियो में साफ बोल रहा है कि पूर्व विधायक लीला राम को लेकर कहे शब्द सुनकर उसे गुस्सा आ गया और उसने थप्पड़ मार दिया।
शराबियों के बीच हुआ है झगड़ा : उधर, विधायक कुलवंत बाजीगर ने एक न्यूज चैनल को दिए अपने बयान में कहा कि उक्त झगड़े से उनका कोई संबंध नहीं है। वे गांव से आ चुके थे और बाद में सुना कि शराबियों के दो गुटों में मारपीट हुई है। बाजीगर ने स्पष्ट किया कि मुकदमा दर्ज करवाने के पीछे उनका कोई हाथ नहीं है।
डीएसपी गुहला प्रमोद कुमार का कहना है कि गांव थेह बनेड़ा मामले में कुछ लोग आकर मिले थे व एससी एक्ट हटाने की मांग की थी। पुलिस जांच चल रही है। जैसे प्रमाण मिलेंगे पुलिस उसके आधार पर कार्रवाई करेगी।
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रविवार रात विधायक के कार्यक्रम में हंगामे का मामला
डीएसपी से मिलने पहुंचे गांव वाले, बोले- कहासुनी को जातीय रंग देना गलत
फोटो संख्या-35
अमर उजाला ब्यूरो
गुहला-चीका। रविवार रात को विधायक कुलवंत बाजीगर के कार्यक्रम में हल्ला मचाने वाले एक दर्जन से अधिक युवाओं के खिलाफ चीका पुलिस ने एससी एक्ट के तहत केस दर्ज किया है। जिसके विरोध में गांव थेह बनेहड़ा के 50-60 लोगों की एक पंचायत डीएसपी गुहला से मिली और युवकों के खिलाफ एससी एक्ट लगाने की कार्रवाई को नाइंसाफी करार दिया।
पंचायत में आए लोगों ने कहा कि जिम के सामान व पानी की समस्या को लेकर युवाओं की विधायक कुलवंत बाजीगर से कहासुनी हुई थी। इसे जातीय रंग नहीं दिया जाना चाहिए। उधर, चीका पुलिस ने आरोपी युवकों की गिरफ्तारी के लिए प्रयास तेज कर दिए। अभी तक किसी भी आरोपी के पकड़े जाने की खबर नहीं है।
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विदित रहे कि महात्मा गांधी की जयंती के उपलक्ष्य में प्रदेश भर में भाजपा द्वारा निकाली जा रही पदयात्राओं के तहत विधायक बाजीगर रविवार देर शाम गांव थेह बनेहड़ा पहुंचे थे। आरोप है कि विधायक के सामने जिम के सामान व गांव में पानी की समस्या के निदान की मांग रखने के दौरान विधायक पक्ष के कुछ लोगों के साथ युवाओं की कहासुनी हो गई। देखते ही देखते बात इतनी बिगड़ी कि विधायक को अपना कार्यक्रम बीच में छोड़कर जाना पड़ा। इस झगड़े के दौरान विधायक के मौसेरे भाई रतन बाजीगर व एक समर्थक श्रवण को काफी चोटें लगी।
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पुलिस में दर्ज मामले में ये आरोप लगाए : चीका पुलिस ने चोटिल रतन बाजीगर की शिकायत पर गांव थेह बनेहड़ा निवासी युवक मेजर सिंह पुत्र बचना राम सहित एक दर्जन से अधिक अज्ञात युवाओं के खिलाफ भादंसं की विभिन्न धाराओं के साथ-साथ एससी एक्ट की धारा 3 लगाई है। रतन ने कहा है कि रविवार देर शाम को जब विधायक बाजीगर गांव के स्कूल में चल रहा अपना कार्यक्रम समाप्त करके जा चुके थे कि तभी कुछ युवकों की टोली आई और उन्हें जातिसूचक शब्द कहने लगी। रतन के अनुसार जब उन्होंने युवकों को रोकने की कोशिश की तो उनके साथ लाठियों व डंडों से मारपीट की गई, जिस कारण वे खुद व श्रवण नाम का एक व्यक्ति बुरी तरह घायल हो गए।
परस्पर विरोधी बयानों से उलझी तस्वीर : हालांकि विधायक कुलवंत बाजीगर ने बयान में यह कहा है कि उनके कार्यक्रम से चले जाने के बाद गांव में यह वाकया हुआ है। लेकिन हंगामे में घायल रतन बाजीगर व सरवण ने रविवार आधी रात को गुहला अस्पताल पहुंचे मीडिया के कैमरों के सामने अपने रिकॉर्डेड बयानों में कहा था कि जब युवा भड़के उस समय विधायक बाजीगर स्टेज पर ही मौजूद थे। बेशक पुलिस को दी शिकायत में सोमवार को रतन ने लिखा कि जब मारपीट हुई तब विधायक का काफिला जा चुका था।
युवक का वीडियो वायरल : जिस युवक मेजर सिंह गुज्जर के खिलाफ चीका पुलिस ने केस दर्ज किया है, उसका रविवार रात को ही रिकार्ड किया एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया। मेजर सिंह इस वीडियो में खुद को कैथल के पूर्व विधायक एवं भाजपा नेता लीला राम गुज्जर का भांजा बता रहा है। मेजर सिंह इस वीडियो में बेधड़क स्वीकार कर रहा है कि विधायक के कार्यक्रम के दौरान मारपीट हुई है। लेकिन साथ ही यह भी आरोप लगा रहा है कि पहल विधायक पक्ष ने की थी। युवक वीडियो में साफ बोल रहा है कि पूर्व विधायक लीला राम को लेकर कहे शब्द सुनकर उसे गुस्सा आ गया और उसने थप्पड़ मार दिया।
शराबियों के बीच हुआ है झगड़ा : उधर, विधायक कुलवंत बाजीगर ने एक न्यूज चैनल को दिए अपने बयान में कहा कि उक्त झगड़े से उनका कोई संबंध नहीं है। वे गांव से आ चुके थे और बाद में सुना कि शराबियों के दो गुटों में मारपीट हुई है। बाजीगर ने स्पष्ट किया कि मुकदमा दर्ज करवाने के पीछे उनका कोई हाथ नहीं है।
डीएसपी गुहला प्रमोद कुमार का कहना है कि गांव थेह बनेड़ा मामले में कुछ लोग आकर मिले थे व एससी एक्ट हटाने की मांग की थी। पुलिस जांच चल रही है। जैसे प्रमाण मिलेंगे पुलिस उसके आधार पर कार्रवाई करेगी।