फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Kaithal News ›   आखिर वाहनों पर अवैध रुप से स्टीकर लगाए ही क्यों जा रहे हैं?

आखिर वाहनों पर अवैध रुप से स्टीकर लगाए ही क्यों जा रहे हैं?

Sat, 07 Oct 2017 12:11 AM IST
Updated Sat, 07 Oct 2017 12:11 AM IST
विज्ञापन
आखिर वाहनों पर अवैध रुप से स्टीकर लगाए ही क्यों जा रहे हैं?
नियमों को ताक पर रखकर बनाई जा रही हैं नंबर प्लेट
विज्ञापन


राजू जगत
कैथल। आरकेएसडी कॉलेज में खालिस्तान लिखी हुई बाइक पकड़ने के बाद सवाल उठ रहे हैं कि आखिर वाहनों पर अवैध रूप से स्टीकर लगाए ही क्यों जा रहे हैं? नियमों को ताक पर रखकर नंबर प्लेट बनाई जा रही हैं। उनके ऊपर अवैध रूप से स्टीकर लगाकर सरेआम ट्रैफिक नियमों की धज्जियां उड़ाई जा रही हैं। जिले में करीब 100 दुकानें ऐसी हैं, जहां से वाहनों पर किसी भी तरह का स्टीकर लगवाया जा सकता है। इतना ही नहीं कई बाइकों पर ऐसे ढंग से नंबर लिखवाए जा रहे हैं कि वे पढ़ने में नहीं आते। जिससे आपराधिक वारदातों को आसानी से अंजाम दिया जा सकता है।
दुकानदार चंद पैसों के लिए नियमों को ताक पर रखकर काली, पीली, लाल, हरी, गुलाबी नंबर प्लेट बना देते हैं। जबकि नियम है कि दोपहिया वाहन को केवल सफेद रंग की नंबर प्लेट होगी। जिस पर काले रंग के नंबर अंकित होंगे। लेकिन काले रंग की बजाय युवक सिल्वर रंग, लाल, हरा सहित अलग-अलग रंग की नंबर प्लेट बनवा रहे हैं और दुकानदार बिना किसी नियम व शर्तों के नंबर प्लेट बदल रहे हैं।
विज्ञापन


इस प्रकार के नंबर प्लेटों का क्रेज : युवक मोटर साइकिलों पर जातिगत स्टीकर, बब्बू मान की फोटो, क्या बिगाड़ लेगी पुलिस, यार तेरा, हट जा पीछे, ओ गया सहित अन्य चीजों को नंबर प्लेटों पर लिखवा रहे हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन


चेन स्नेचर, छेड़छाड़, सहित अन्य अपराधों को मिल रहा है बल : नकली नंबर प्लेट लगाने के कारण जिले में अपराधों को बढ़ावा मिल रहा है। आपराधिक तत्व चेन स्नेचिंग, छेड़छाड़ सहित अन्य में नकली नंबर प्लेटों का इस्तेमाल कर रहे हैं। नंबर प्लेट में दुकानदार एक नंबर बड़ा और बाकी छोटे कर देते हैं। ऐसे में अपराध होने पर नंबर की पहचान करना मुश्किल हो जाता है।

पुलिस की भूमिका पर सवाल : जिले में हजारों की संख्या में दोपहिया वाहन चालक नंबर प्लेट बदलकर घूम रहे हैं। वाहनों के नंबर प्लेटों पर मनमर्जी से कुछ भी लिखवाया जा रहा है। जिस ओर पुलिस का ध्यान नहीं है। नंबर प्लेट से छेड़छाड़ करने पर चालान बनता है। लेकिन पुलिस कर्मचारी इस ओर ध्यान नहीं दे रहे हैं।

कलायत हलके में काफी संख्या में मोटर साइकिल पर खालिस्तानी लिखे जाने की सूचना : कलायत क्षेत्र में दर्जनों मोटर साइकिलों पर खालिस्तानी लिखे जाने की सूचना है। जिला प्रशासन की ओर से इस ओर कड़े कदम उठाने की आवश्यकता है। वीरवार को आरकेएसडी कॉलेज में एक युवक भिंडरवाला की फोटो के साथ खालिस्तानी लिखे जाने के पकड़ा गया है।

ट्रैफिक पुलिस के एसआई दुर्गादास ने बताया कि अगर नियमों के अनुसार नंबर प्लेट गलत है तो उसका चालान किया जाता है। उस पर जुर्माना लगाया जाता है। दुुकानदारों पर प्रशासन ही कदम उठा सकता है।

एसपी सुमेर प्रताप सिंह ने बताया कि उनके संज्ञान में अभी यह मामला आया है। जल्द ही नंबर प्लेट को लेकर दुकानदारों को निर्देश जारी किए जाएंगे। नंबर प्लेट को बदलना गैर कानूनी है।


एसडीएम कमलप्रीत कौर ने बताया कि नंबर प्लेट नकली व उसमें बदलाव करना गैर कानूनी है। नंबर लिखने का एक नियम है। अगर वाहनों पर नंबर प्लेटों से छेड़छाड़ होती है तो उनके खिलाफ कार्रवाई करेंगे।


काली, लाल, गुलाबी, हरी बनाई जा रही हैं नंबर प्लेट, सफेद रंग के अलावा नहीं बन सकती नंबर प्लेट

फोटो नंबर- 16, 17, 18, 19
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed