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बाजरा वितरण में गोलमाल : बिना डिपो पर पहुंचे ही बेच दिया बाजरा
Updated Wed, 22 Nov 2017 11:30 PM IST
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बाजरा वितरण में गोलमाल : बिना डिपो पर पहुंचे ही बेच दिया बाजरा
नसीब सैनी
कैथल।
सरकार की ओर से इस बार सार्वजनिक वितरण प्रणाली के तहत लोगों को डिपो के माध्यम से दिए जाने वाले बाजरे के वितरण में भारी अनियमितता पाई गई है। डिपो धारकों ने डिपो पर बाजरे के पहुंचने से पहले ही इसे पोज मशीन में बेचा हुआ दिखा दिया और उपभोक्ताओं को रसीद थमा दी। ऑनलाइन सिस्टम से जुड़ी पॉज मशीन में जब बाजरा डिपो पर पहुंचने से पहले ही बिका हुआ पाया गया तो विभागीय अधिकारियों के होश उड़ गए और मामले की जांच के आदेश दे दिए गए। कैथल जिले में 65 डिपो धारकों को बाजरा पहुंचने से पहले ही बिक्री दिखाए जाने पर नोटिस जारी करके जवाब मांगा गया है। इसके बाद उन पर कार्रवाई भी संभव है। वहीं सभी 450 डिपो धारकों के बाजरा वितरण कार्य की जांच के भी आदेश दिए गए हैं।
सरकार द्वारा इस माह सार्वजनिक वितरण प्रणाली में अंत्योदय परिवारों को 35 किलो अनाज देने की योजना में इस बार 30 किलो गेहूं व 5 किलो बाजरा और बाकी सभी तरह के कार्ड धारकों को प्रति व्यक्ति आधा किलो बाजरा देने का फैसला लिया। जिसके तहत इस माह की शुरुआत से बाजरा वितरण का कार्य शुरू कर दिया गया।
विभाग द्वारा डिपो धारकों को दी गई पोज मशीन के माध्यम से गेहूं बिक्री के साथ ही कई डिपो धारकों ने बाजरा बेचने की रसीद भी काट दी और एक रुपया प्रति किलो के हिसाब से राशि भी ले ली। चूंकि ये रसीद पोज मशीनों के माध्यम से काटी गई और पोज मशीनें ऑनलाइन सिस्टम से जुड़ी हुई हैं। तो पूरी जानकारी विभागीय आला अधिकारियों तक पहुंची। अधिकारियों को जब पता चला कि बिना डिपो पर पहुंचे ही बाजरा बिका हुआ दिखाया जा रहा है तो गड़बड़ी की आशंका हुई। जांच हुई तो पता चला कि कैथल जिले में 150 क्विंटल से भी अधिक मात्रा में बाजरे को पहले ही बेचा हुआ दिखा गया है। ऐसा करने वाले 65 डिपो धारकों को विभाग ने नोटिस जारी करके जवाब मांगा है। पूरे जिले में 3180 क्विंटल बाजरा वितरित किया जाना है।
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जिला खाद्य आपूर्ति विभाग में डिपो प्रभारी पवन कुमार ने बताया कि जिले में 65 डिपो धारकों को नोटिस जारी किए गए हैं। जिनकी मशीनों में बाजरा पहुंचने से पहले ही बिक्री का पता चला। बाकी 450 डिपो पर भी बाजरा वितरण की जांच के लिए सभी इंस्पेक्टर्स को निर्देश दिए गए हैं।
जिले में बाजरा वितरण में जिस भी डिपो धारक ने गड़बड़ी की है। उसके खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल नोटिस जारी कर उनसे जवाब मांगा है। कई डिपो धारक ऐसे भी हैं, जिन्होंने उपभोक्ताओं को बता दिया था कि जब बाजरा आएगा, उन्हें दे दिया जाएगा। रसीद गेहूं के साथ ही काटी जा रही है।
सुरेंद्र अरोड़ा, डीएफएससी
विभाग ने पकड़ी गड़बड़ी, ऑनलाइन सर्वर से जुड़ी होने के कारण पोज मशीन ने किया खुलासा, 65 डिपो धारकों को नोटिस,
डिपो पर पहुंचने से पहले ही पोज मशीन में उपभोक्ताओं को बेचा हुआ दिखा दिया
फोटो संख्या-15
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नसीब सैनी
कैथल।
सरकार की ओर से इस बार सार्वजनिक वितरण प्रणाली के तहत लोगों को डिपो के माध्यम से दिए जाने वाले बाजरे के वितरण में भारी अनियमितता पाई गई है। डिपो धारकों ने डिपो पर बाजरे के पहुंचने से पहले ही इसे पोज मशीन में बेचा हुआ दिखा दिया और उपभोक्ताओं को रसीद थमा दी। ऑनलाइन सिस्टम से जुड़ी पॉज मशीन में जब बाजरा डिपो पर पहुंचने से पहले ही बिका हुआ पाया गया तो विभागीय अधिकारियों के होश उड़ गए और मामले की जांच के आदेश दे दिए गए। कैथल जिले में 65 डिपो धारकों को बाजरा पहुंचने से पहले ही बिक्री दिखाए जाने पर नोटिस जारी करके जवाब मांगा गया है। इसके बाद उन पर कार्रवाई भी संभव है। वहीं सभी 450 डिपो धारकों के बाजरा वितरण कार्य की जांच के भी आदेश दिए गए हैं।
सरकार द्वारा इस माह सार्वजनिक वितरण प्रणाली में अंत्योदय परिवारों को 35 किलो अनाज देने की योजना में इस बार 30 किलो गेहूं व 5 किलो बाजरा और बाकी सभी तरह के कार्ड धारकों को प्रति व्यक्ति आधा किलो बाजरा देने का फैसला लिया। जिसके तहत इस माह की शुरुआत से बाजरा वितरण का कार्य शुरू कर दिया गया।
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विभाग द्वारा डिपो धारकों को दी गई पोज मशीन के माध्यम से गेहूं बिक्री के साथ ही कई डिपो धारकों ने बाजरा बेचने की रसीद भी काट दी और एक रुपया प्रति किलो के हिसाब से राशि भी ले ली। चूंकि ये रसीद पोज मशीनों के माध्यम से काटी गई और पोज मशीनें ऑनलाइन सिस्टम से जुड़ी हुई हैं। तो पूरी जानकारी विभागीय आला अधिकारियों तक पहुंची। अधिकारियों को जब पता चला कि बिना डिपो पर पहुंचे ही बाजरा बिका हुआ दिखाया जा रहा है तो गड़बड़ी की आशंका हुई। जांच हुई तो पता चला कि कैथल जिले में 150 क्विंटल से भी अधिक मात्रा में बाजरे को पहले ही बेचा हुआ दिखा गया है। ऐसा करने वाले 65 डिपो धारकों को विभाग ने नोटिस जारी करके जवाब मांगा है। पूरे जिले में 3180 क्विंटल बाजरा वितरित किया जाना है।
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जिला खाद्य आपूर्ति विभाग में डिपो प्रभारी पवन कुमार ने बताया कि जिले में 65 डिपो धारकों को नोटिस जारी किए गए हैं। जिनकी मशीनों में बाजरा पहुंचने से पहले ही बिक्री का पता चला। बाकी 450 डिपो पर भी बाजरा वितरण की जांच के लिए सभी इंस्पेक्टर्स को निर्देश दिए गए हैं।
जिले में बाजरा वितरण में जिस भी डिपो धारक ने गड़बड़ी की है। उसके खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल नोटिस जारी कर उनसे जवाब मांगा है। कई डिपो धारक ऐसे भी हैं, जिन्होंने उपभोक्ताओं को बता दिया था कि जब बाजरा आएगा, उन्हें दे दिया जाएगा। रसीद गेहूं के साथ ही काटी जा रही है।
सुरेंद्र अरोड़ा, डीएफएससी
विभाग ने पकड़ी गड़बड़ी, ऑनलाइन सर्वर से जुड़ी होने के कारण पोज मशीन ने किया खुलासा, 65 डिपो धारकों को नोटिस,
डिपो पर पहुंचने से पहले ही पोज मशीन में उपभोक्ताओं को बेचा हुआ दिखा दिया
फोटो संख्या-15