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टोल टैक्स माफ करवाने पहुंचे ग्रामीणों और अधिकारियों में झड़प
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लोगों को आश्वासन देते एसडीएम संजय बिश्नोई।
- फोटो : Jind
नरवाना के गांव बद्दोवाल, सच्चा खेड़ा, दनौदा, सुंदरपुरा, दबलैन, भीखेवाला और नरवाना शहर के वाहनों को टोल फ्री करने की मांग को लेकर टोल पर लोगों ने प्रशासन और टोल कंपनी के खिलाफ नारेबाजी की। इस दौरान पुलिस की मौजूदगी में टोल अधिकारियों और कर्मचारियों के साथ ग्रामीणों की झड़प हुई। इसमें एक टोल अधिकारी के कपड़े भी फाड़ दिए, लेकिन पुलिस प्रशासन ने भीड़ को काबू कर लिया। कई घंटे तक टोल ठप रहा और रोष जताते हुए लोगों ने वाहनों को निशुल्क निकालने शुरू कर दिया।
टोल पर हंगामा होने की सूचना मिलने के बाद एसडीएम संजय बिश्नोई और डीएसपी ताहिर हुसैन मौके पर पहुंचे और प्रदर्शनकारियों को समझाने का प्रयास किया। एसडीएम के आश्वासन पर लोगों ने हंगामा बंद कर दिया। अब एक सप्ताह तक आस-पास के गांवों और शहर को लोगों को टोल फ्री की सुविधा दी गई है। एक सप्ताह में टोल माफ होगा या नहीं इस पर विचार किया जाएगा। फिलहाल लोगों को एक सप्ताह की राहत मिल गई है।
जानकारी के लिए फास्ट टैग की सुविधा होने के बाद नरवाना व आस-पास के गांवों में भी टोल लगाना शुरू कर दिया। इससे पहले टोल प्लाजा के आस-पास के गांवों का टोल फ्री किया गया था, लेकिन अब नरवाना व आस-पास के लोगों को 270 रुपये का मासिक फास्ट टैग लगवाना पड़ रहा है। इसके विरोध में कई बार आस-पास के गांवों के लोग टोल प्लाजा पर लामबंद हो चुके हैं।
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शनिवार को भी नरवाना व आस-पास के लोगों ने बद्दोवाल टोल प्लाजा पर लामबंद होने की रणनीति बनाई थी। इसको लेकर सभी गांवों में लाउडस्पीकर से घोषणा भी करवाई गई थी। सुरक्षा व्यवस्था को लेकर शहर थाना प्रभारी राकेश कुमार व सदर थाना प्रभारी महेंद्र सिंह ने शनिवार सुबह पुलिस बल के साथ मोर्चा संभाल लिया था। साढे़ 11 बजे सैकड़ों की तादाद में लोग टोल प्लाजा पर पहुंचे और टोल फ्री करने की मांग करते हुए प्रदर्शन शुरू कर दिया। इस दौरान ग्रामीणों ने टोल वाहनों की लाइनों में बैठकर धरना शुरू कर दिया। इस दौरान दो घंटे तक टोल पर कार्य ठप रहा। प्रदर्शनकारियों ने जबरदस्ती वाहनों को बिना शुल्क दिए ही निकालने शुरू कर दिया। वाहनों को निकालने के दौरान प्रदर्शनकारियों और टोल अधिकारियों के बीच झड़प भी हुई। इस दौरान मौजूद विशाल मिर्धा, सत्यवान दनोदा, सुनील बदोवाल ने कहा कि टोल माफी को लेकर पिछले दिन भी लोग एकजुट हुए थे और आश्वासन दिया गया था कि गांव व शहर के लोगों को टोल फ्री कर दिया जाएगा, लेकिन अधिकारी व टोल कर्मी जानबूझकर लोगों को परेशान कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि अगर उनका टोल फ्री नहीं हुआ तो वह आंदोलन करेंगे।
एक महीने में तीसरी बार हुआ हंगामा
टोल माफी को लेकर एक महीने में तीसरी बार लोग एकजुट हुए हैं। पहले 11 जुलाई, फिर 23 जुलाई को लोगों ने टोल पर हंगामा किया था। इसके बाद टोल फ्री का आश्वासन दिया गया था, लेकिन टोल फ्री की सुविधा नहीं दी गई। दनोदा में रणनीति बनाकर आठ अगस्त को फिर टोल पर धरना देने की घोषणा की गई थी।
टोल कंपनी के अधिकारियों से की जाएगी बात : बिश्नोई
एसडीएम संजय बिश्नोई ने कहा कि लोगों को एक सप्ताह तक निशुल्क आवागमन करने के लिए कहा गया है। इस दौरान टोल कंपनी के उच्च अधिकारियों के साथ बात कर समस्या का हल निकालने की कोशिश की जाएगी। तब तक आस-पास के लोगों के वाहनों को टोल से राहत दी गई है। वाहन चालक को अपनी दो आईडी दिखानी पड़ेगी, तभी वाहन को निशुल्क निकाला जाएगा।
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टोल पर हंगामा होने की सूचना मिलने के बाद एसडीएम संजय बिश्नोई और डीएसपी ताहिर हुसैन मौके पर पहुंचे और प्रदर्शनकारियों को समझाने का प्रयास किया। एसडीएम के आश्वासन पर लोगों ने हंगामा बंद कर दिया। अब एक सप्ताह तक आस-पास के गांवों और शहर को लोगों को टोल फ्री की सुविधा दी गई है। एक सप्ताह में टोल माफ होगा या नहीं इस पर विचार किया जाएगा। फिलहाल लोगों को एक सप्ताह की राहत मिल गई है।
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जानकारी के लिए फास्ट टैग की सुविधा होने के बाद नरवाना व आस-पास के गांवों में भी टोल लगाना शुरू कर दिया। इससे पहले टोल प्लाजा के आस-पास के गांवों का टोल फ्री किया गया था, लेकिन अब नरवाना व आस-पास के लोगों को 270 रुपये का मासिक फास्ट टैग लगवाना पड़ रहा है। इसके विरोध में कई बार आस-पास के गांवों के लोग टोल प्लाजा पर लामबंद हो चुके हैं।
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शनिवार को भी नरवाना व आस-पास के लोगों ने बद्दोवाल टोल प्लाजा पर लामबंद होने की रणनीति बनाई थी। इसको लेकर सभी गांवों में लाउडस्पीकर से घोषणा भी करवाई गई थी। सुरक्षा व्यवस्था को लेकर शहर थाना प्रभारी राकेश कुमार व सदर थाना प्रभारी महेंद्र सिंह ने शनिवार सुबह पुलिस बल के साथ मोर्चा संभाल लिया था। साढे़ 11 बजे सैकड़ों की तादाद में लोग टोल प्लाजा पर पहुंचे और टोल फ्री करने की मांग करते हुए प्रदर्शन शुरू कर दिया। इस दौरान ग्रामीणों ने टोल वाहनों की लाइनों में बैठकर धरना शुरू कर दिया। इस दौरान दो घंटे तक टोल पर कार्य ठप रहा। प्रदर्शनकारियों ने जबरदस्ती वाहनों को बिना शुल्क दिए ही निकालने शुरू कर दिया। वाहनों को निकालने के दौरान प्रदर्शनकारियों और टोल अधिकारियों के बीच झड़प भी हुई। इस दौरान मौजूद विशाल मिर्धा, सत्यवान दनोदा, सुनील बदोवाल ने कहा कि टोल माफी को लेकर पिछले दिन भी लोग एकजुट हुए थे और आश्वासन दिया गया था कि गांव व शहर के लोगों को टोल फ्री कर दिया जाएगा, लेकिन अधिकारी व टोल कर्मी जानबूझकर लोगों को परेशान कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि अगर उनका टोल फ्री नहीं हुआ तो वह आंदोलन करेंगे।
एक महीने में तीसरी बार हुआ हंगामा
टोल माफी को लेकर एक महीने में तीसरी बार लोग एकजुट हुए हैं। पहले 11 जुलाई, फिर 23 जुलाई को लोगों ने टोल पर हंगामा किया था। इसके बाद टोल फ्री का आश्वासन दिया गया था, लेकिन टोल फ्री की सुविधा नहीं दी गई। दनोदा में रणनीति बनाकर आठ अगस्त को फिर टोल पर धरना देने की घोषणा की गई थी।
टोल कंपनी के अधिकारियों से की जाएगी बात : बिश्नोई
एसडीएम संजय बिश्नोई ने कहा कि लोगों को एक सप्ताह तक निशुल्क आवागमन करने के लिए कहा गया है। इस दौरान टोल कंपनी के उच्च अधिकारियों के साथ बात कर समस्या का हल निकालने की कोशिश की जाएगी। तब तक आस-पास के लोगों के वाहनों को टोल से राहत दी गई है। वाहन चालक को अपनी दो आईडी दिखानी पड़ेगी, तभी वाहन को निशुल्क निकाला जाएगा।

बिना शुल्क दिए गाड़ियों को निकालते ग्रामीण।- फोटो : Jind

झड़प के दौरान फाड़े गए कपड़े को दिखाता टोल का कर्मचारी।- फोटो : Jind

टोल टैक्स फ्री करने की मांग को लेकर बद्दोवाल टोल प्लाटा पर बैठे ग्रामीण।- फोटो : Jind