{"_id":"683de9ad18f46bba3a01e8be","slug":"the-roof-of-a-house-collapsed-due-to-heavy-storm-and-rain-in-gangoli-jind-news-c-199-1-jnd1002-135709-2025-06-02","type":"story","status":"publish","title_hn":"Jind News: गांगोली में तेज तुफान व बारिश से मकान की गिरी छत","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Jind News: गांगोली में तेज तुफान व बारिश से मकान की गिरी छत
विज्ञापन
02जेएनडी32-गांव गांगोली में गिरी हुई छत को दिखाती मुकेश। संवाद
पिल्लूखेड़ा(जींद)। शनिवार को आई तेज आंधी और तूफान के चलते गांव गांगोली में मुकेश पत्नी स्व. शमशेर के मकान की छत गिर गई। उस समय मुकेश, बच्चे, भैंस व कटड़ियां मकान के अंदर ही थे। गनीमत रही कि बच्चे भाग कर घर से बाहर आ गए और पड़ोसियों को मदद की गुहार लगाई।
मुकेश ने बताया कि घर की छत गिरने से घर में बंधे पशु मलबे के नीचे दब गए। पड़ोसियों ने मौके पर पहुंचकर उसकी भैंसों व कटड़ियों को किसी तरह से निकाला और उन्हें अन्य जगह शरण दी व पशुओं को गहरी चोटें भी लगीं। घर में भी दरारें आ गई हैं, जो किसी भी समय गिर सकता है। वह घर रहने लायक ही नहीं बचा। मुकेश विधवा है।
उसके पति शमशेर की मृत्यु करीब 3 साल पहले हो चुकी है। मुकेश किसी प्रकार दूध बेचकर अपना और बच्चों का गुजारा कर रही है। वह दोबारा मकान बनाने की स्थिति में नहीं है। परिवार का कोई भी सदस्य कमाने वाला नहीं है।
विज्ञापन
परिवार की आर्थिक दयनीय है। मुकेश के साथ-साथ उसके पड़ोसियों ने भी सरकार से गुहार लगाई कि मुकेश को मकान दोबारा बनाने के लिए आर्थिक सहायता दी जाए, ताकि वह अपना व बच्चों का गुजारा कर सके।
विज्ञापन
मुकेश ने बताया कि घर की छत गिरने से घर में बंधे पशु मलबे के नीचे दब गए। पड़ोसियों ने मौके पर पहुंचकर उसकी भैंसों व कटड़ियों को किसी तरह से निकाला और उन्हें अन्य जगह शरण दी व पशुओं को गहरी चोटें भी लगीं। घर में भी दरारें आ गई हैं, जो किसी भी समय गिर सकता है। वह घर रहने लायक ही नहीं बचा। मुकेश विधवा है।
विज्ञापन
उसके पति शमशेर की मृत्यु करीब 3 साल पहले हो चुकी है। मुकेश किसी प्रकार दूध बेचकर अपना और बच्चों का गुजारा कर रही है। वह दोबारा मकान बनाने की स्थिति में नहीं है। परिवार का कोई भी सदस्य कमाने वाला नहीं है।
विज्ञापन
परिवार की आर्थिक दयनीय है। मुकेश के साथ-साथ उसके पड़ोसियों ने भी सरकार से गुहार लगाई कि मुकेश को मकान दोबारा बनाने के लिए आर्थिक सहायता दी जाए, ताकि वह अपना व बच्चों का गुजारा कर सके।

02जेएनडी32-गांव गांगोली में गिरी हुई छत को दिखाती मुकेश। संवाद