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ग्रामीणों के विरोध के कारण दुकानों को तोड़ने गया प्रशासनिक अमला लौटा

Sat, 04 Sep 2021 12:08 AM IST
Rohtak Bureau रोहतक ब्यूरो
Updated Sat, 04 Sep 2021 12:08 AM IST
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The administrative staff, who went to break the shops due to the protest of the villagers, returned
डीटीपी द्वारा तोड़ा गया एक दुकान का छज्जा। संवाद - फोटो : Jind
डूमरखां गांव के बस स्टॉप पर बनी दुकानों को तोड़ने पहुंचे जिला नगर योजनाकर विभाग के अमले को ग्रामीणों के विरोध का सामना करना पड़ा। इससे यह टीम बिना कार्रवाई किए लौट गई। ग्रामीणों ने कहा कि इसके लिए करीब दो साल पहले नोटिस दिया गया था, ऐसे में अब कार्रवाई क्यों की जा रही है। सूचना मिलने पर बद्दोवाल टोल प्लाजा से भी किसान यहां पहुंचे।
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शुक्रवार को जिला नगर योजनाकार अरविंद्र सिंह ढूल पुलिस बल के साथ डूमरखां गांव के बस स्टैंड पर बनी दुकानों को तोड़ने पहुंचे। इस पर लोगों ने विरोध शुरू कर दिया। कार्रवाई के लिए तहसीलदार विजय कुमार को ड्यूटी मजिस्ट्रेट नियुक्त किया गया था और सदर थाना प्रभारी सत्यपाल पुलिस बल के साथ मौजूद रहे। ग्रामीणों ने कहा कि शुक्रवार को अचानक जिला नगर योजनाकार पुलिस के साथ जेबीसी लेकर दुकानों को तोड़ने पहुंचे। ग्रामीणों ने अधिकारी पर कार्रवाई से पहले नोटिस नहीं देने का आरोप लगाकर विरोध शुरू कर दिया। ग्रामीणों का कहना है कि इन दुकानों को गिराते समय अधिकारी ने कहा कि दो साल पहले नोटिस दिया था। इस पर ग्रामीणों ने कहा कि कार्रवाई भी दो साल पहले करनी थी अब क्यों। देखते ही देखते डूमरखा गांव में बनी इस दुकानों के पास लोगों की संख्या बढ़ती गई। इसके बाद प्रशासनिक की टीम ने कार्रवाई रोक दी।
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10 दुकानों पर होनी थी कार्रवाई
ग्रामीणों के अनुसार, जिला नगर योजनाकार की टीम द्वारा शुक्रवार को डूमरखा गांव के बस स्टैंड पर स्थित 10 दुकानों को गिराया जाना था। विभाग की टीम जैसे ही पहुंची तो दुकानदारों ने दुकानों का सामान भी बाहर निकाल दिया था। दुकानों के मालिकों ने मौके पर आकर अधिकारी से नोटिस के बारे में बात की तो दो साल पहले नोटिस दिए जाने की बात अधिकारी ने कही। जिसके बाद विरोध शुरू हो गया।
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माहौल को देखते हुए रोकी गई कार्रवाई
प्रशासन की कार्रवाई के दौरान लोगों ने विरोध कर दिया। शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए कार्रवाई रोक दी गई।
सत्यपाल सिंह, सदर थाना प्रभारी, नरवाना।
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ढाबे का रास्ता किया बंद
दूसरी ओर झील गांव के पास बने ढाबे पर कार्रवाई करते हुए डीटीपी टीम ने राष्ट्रीय राजमार्ग से ढाबे का रास्ता बंद कर दिया। इसके आगे खाई खोदते हुए दस दिन में अनुमति लेने के लिए नोटिस दिया गया है। यदि इस दौरान ढाबा संचालक विभाग से अनुमति नहीं लेता है तो कार्रवाई की जाएगी।

डीटीपी की कार्रवाई के विरोध में एकत्रित हुए लोग। संवाद

डीटीपी की कार्रवाई के विरोध में एकत्रित हुए लोग। संवाद- फोटो : Jind

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