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Jind News: बिजली संकट, 87 ट्रांसफार्मर चल रहे ओवरलोड
Sat, 14 Jun 2025 12:02 AM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, जींद
संवाद न्यूज एजेंसी, जींद
Updated Sat, 14 Jun 2025 12:02 AM IST
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13जेएनडी06-शहर के रामलीला ग्राउंड में ट्रांसफार्मर में आए फाल्ट ठीक करने में जुटे बिजलीकर्मी। स
जींद। जिले में बिजली का संकट बढ़ गया है। तीनों डिविजनों के 87 ट्रांसफार्मर ओवरलोड चल रहे हैं। इसके कारण वोल्टेज कम होने या फ्यूज, जंपर, केबल जलने की घटनाएं हो रही हैं। ऐसे में बिजली उपभोक्ताओं को दिन और रात कट झेलने पड़ रहे हैं। इसको लेकर रोजाना निगम सर्कल के पास बिजली संबंधित 300 से ऊपर शिकायतें आ रही हैं। हालात यह है कि कई कॉलोनियों में कई-कई घंटे बिजली गुल रहती है।
बिजली की खपत बढ़ने के चलते ट्रांसफार्मरों पर लोड बढ़ गया है। इनमें जींद डिविजन के सबसे ज्यादा हैं। हालांकि शहर में कई जगह ओवरलोड ट्रांसफार्मरों की जगह दूसरा ट्रांसफार्मर लगवाकर लोड बांटा जा रहा है।
वहीं कई ओवरलोड ट्रांसफार्मरों की क्षमता बढ़ा दी गई, लेकिन बिजली उपभोक्ताओं को कम ही राहत मिल पा रही है, क्योंकि दिन और रात लग रहे लंबे-लंबे कटों के कारण गर्मी ने बेहाल कर दिया है।
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शुक्रवार को भी पटियाला चौक, पुराना बस अड्डा, संत नगर, श्याम नगर, बूढ़ा बाबा बस्ती, एकता नगर, खेम नगर समेत कई कॉलोनियों में फ्यूज जलने, कंडक्टर उड़ने और केबल जलने की शिकायतें आईं। सबसे ज्यादा शिकायतें फ्यूज उड़ने की आ रही हैं। रात को बार-बार कट लगने के कारण लोग सो नहीं पा रहे हैं। लोगों की नींद पूरी नहीं हो पा रही है। खासकर बच्चे, बुजुर्गों और बीमार लोगों को खासी परेशानी उठानी पड़ रही है।
ग्रामीण क्षेत्र में 16 की बजाय 10 घंटे मिल रही है बिजली
शहर में दिन और रात को कट लग रहे हैं। इसके अलावा ग्रामीण क्षेत्र में दिन और रात को लंबे-लंबे कट लग रहे हैं। ग्रामीण उपभोक्ताओं को 16 की बजाय 10 घंटे ही बिजली मुहैया हो रही है। पिछले 24 घंटे में जहां दिन में मात्र 2-3 घंटे ही बिजली मिली वहीं रात के समय 4 लंबे कट लगे। शाम को बिजली आने के बाद शाम 8:34 बजे पर घोषित कट लगा, जो कि 45 मिनट का था। इसके बाद 10:23 बजे 30 मिनट का कट लगा। फिर शुक्रवार सुबह 12:33 बजे 30 मिनट का फिर कट लगा। इसके बाद सुबह 3:45 बजे फिर 45 मिनट का घोषित कट लगाया गया।
87 लाख यूनिट तक पहुंची बिजली खपत
जिले में बिजली खपत लगातार बढ़ रही है। एक जून को बिजली खपत का आंकड़ा, जहां 62 लाख प्रति यूनिट था, वहीं अब 87 लाख प्रति यूनिट पर पहुंच गया है। दो जून को बिजली खपत 58.95 था वहीं तीन जून को 58.55 लाख, 4 जून को 56.29 लाख, 5 जून को 61.36 लाख, 6 जून को 68.63 लाख, 7 जून को 72.22 लाख, 8 जून को 78.16 लाख, 9 जून को 82.12, 10 जून को 85.05 लाख, 11 जून को 85.04 और 12 जून को बिजली खपत का आंकड़ा 87.15 लाख यूनिट पर पहुंच गया है।
एसी में भी नहीं मिल रही राहत
जिले का तापमान 44 डिग्री पहुंच चुका है। इसके कारण गर्मी भी अपना प्रचंड रूप दिखाने लगी है। इतनी भीषण गर्मी में एसी ने भी काम करना बंद कर दिया। लोगों को एसी भी गर्मी से राहत नहीं दिला पा रही है। पंखे, कूलरों के आगे बैठने के बाद भी पसीने नहीं सूख रहे हैं। ग्रामीण क्षेत्र में तो रात के समय लगने वाले बार-बार कटों के कारण एसी चलाने का कोई फायदा नहीं मिल पा रहा है, क्योंकि बार-बार कट लगने के कारण कमरे ठंडे नहीं हो पाते।
गर्मी के कारण बिजली की खपत बढ़ गई है। इसके कारण अघोषित कट लग रहे हैं। वहीं कई ट्रांसफार्मर ओवरलोड चल रहे हैं। ओवरलोड ट्रांसफार्मरों को बदला जा रहा है।
-एमएल सुखीजा, अधीक्षण अभियंता, बिजली निगम जींद
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बिजली की खपत बढ़ने के चलते ट्रांसफार्मरों पर लोड बढ़ गया है। इनमें जींद डिविजन के सबसे ज्यादा हैं। हालांकि शहर में कई जगह ओवरलोड ट्रांसफार्मरों की जगह दूसरा ट्रांसफार्मर लगवाकर लोड बांटा जा रहा है।
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वहीं कई ओवरलोड ट्रांसफार्मरों की क्षमता बढ़ा दी गई, लेकिन बिजली उपभोक्ताओं को कम ही राहत मिल पा रही है, क्योंकि दिन और रात लग रहे लंबे-लंबे कटों के कारण गर्मी ने बेहाल कर दिया है।
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शुक्रवार को भी पटियाला चौक, पुराना बस अड्डा, संत नगर, श्याम नगर, बूढ़ा बाबा बस्ती, एकता नगर, खेम नगर समेत कई कॉलोनियों में फ्यूज जलने, कंडक्टर उड़ने और केबल जलने की शिकायतें आईं। सबसे ज्यादा शिकायतें फ्यूज उड़ने की आ रही हैं। रात को बार-बार कट लगने के कारण लोग सो नहीं पा रहे हैं। लोगों की नींद पूरी नहीं हो पा रही है। खासकर बच्चे, बुजुर्गों और बीमार लोगों को खासी परेशानी उठानी पड़ रही है।
ग्रामीण क्षेत्र में 16 की बजाय 10 घंटे मिल रही है बिजली
शहर में दिन और रात को कट लग रहे हैं। इसके अलावा ग्रामीण क्षेत्र में दिन और रात को लंबे-लंबे कट लग रहे हैं। ग्रामीण उपभोक्ताओं को 16 की बजाय 10 घंटे ही बिजली मुहैया हो रही है। पिछले 24 घंटे में जहां दिन में मात्र 2-3 घंटे ही बिजली मिली वहीं रात के समय 4 लंबे कट लगे। शाम को बिजली आने के बाद शाम 8:34 बजे पर घोषित कट लगा, जो कि 45 मिनट का था। इसके बाद 10:23 बजे 30 मिनट का कट लगा। फिर शुक्रवार सुबह 12:33 बजे 30 मिनट का फिर कट लगा। इसके बाद सुबह 3:45 बजे फिर 45 मिनट का घोषित कट लगाया गया।
87 लाख यूनिट तक पहुंची बिजली खपत
जिले में बिजली खपत लगातार बढ़ रही है। एक जून को बिजली खपत का आंकड़ा, जहां 62 लाख प्रति यूनिट था, वहीं अब 87 लाख प्रति यूनिट पर पहुंच गया है। दो जून को बिजली खपत 58.95 था वहीं तीन जून को 58.55 लाख, 4 जून को 56.29 लाख, 5 जून को 61.36 लाख, 6 जून को 68.63 लाख, 7 जून को 72.22 लाख, 8 जून को 78.16 लाख, 9 जून को 82.12, 10 जून को 85.05 लाख, 11 जून को 85.04 और 12 जून को बिजली खपत का आंकड़ा 87.15 लाख यूनिट पर पहुंच गया है।
एसी में भी नहीं मिल रही राहत
जिले का तापमान 44 डिग्री पहुंच चुका है। इसके कारण गर्मी भी अपना प्रचंड रूप दिखाने लगी है। इतनी भीषण गर्मी में एसी ने भी काम करना बंद कर दिया। लोगों को एसी भी गर्मी से राहत नहीं दिला पा रही है। पंखे, कूलरों के आगे बैठने के बाद भी पसीने नहीं सूख रहे हैं। ग्रामीण क्षेत्र में तो रात के समय लगने वाले बार-बार कटों के कारण एसी चलाने का कोई फायदा नहीं मिल पा रहा है, क्योंकि बार-बार कट लगने के कारण कमरे ठंडे नहीं हो पाते।
गर्मी के कारण बिजली की खपत बढ़ गई है। इसके कारण अघोषित कट लग रहे हैं। वहीं कई ट्रांसफार्मर ओवरलोड चल रहे हैं। ओवरलोड ट्रांसफार्मरों को बदला जा रहा है।
-एमएल सुखीजा, अधीक्षण अभियंता, बिजली निगम जींद