फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Jind News ›   Now people will get health facility at home in far flung areas

दूर-दराज क्षेत्र में अब लोगों को घर पर ही मिलेगी स्वास्थ्य सुविधा

Thu, 10 Feb 2022 11:12 PM IST
Rohtak Bureau रोहतक ब्यूरो
Updated Thu, 10 Feb 2022 11:12 PM IST
विज्ञापन
Now people will get health facility at home in far flung areas
एमएमयू के बारे में कर्मचारियों को ट्रेनिंग देते डॉ. जेके मान। - फोटो : Jind
जिले के ऐसे गांव जहां पर स्वास्थ्य सेवाओं का अभाव है उनमें स्वास्थ्य सेवाएं पहुंचाने के लिए अब स्वास्थ्य विभाग एमएमयू (मोबाइल मेडिकल यूनिट) भेजेगा। जिले में अब तक केवल एक ही एमएमयू चल रही है जबकि दो नई एमएमयू का स्टाफ तैयार किया जा रहा है। इस स्टाफ को मंगलवार को ट्रेनिंग दी गई। इसमें स्टाफ को समझाया गया कि मरीजों का डाटा कैसे ऑनलाइन करना है तथा किस तरह उन्हें बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं दी जा सकती हैं। एक एमएमयू को 12 दिन के लिए एक सीएचसी के लिए अलॉट किया जाएगा।
विज्ञापन

नागरिक अस्पताल में इस समय एक एमएमयू कार्यरत है जबकि दो में अभी स्टाफ की नियुक्ति व उनकी ट्रेनिंग चल रही है। इस ट्रेनिंग के बाद जिले में तीन एमएमयू चल सकेंगी। इससे दूर-दराज के लोगों को उनके घर द्वार पर ही स्वास्थ्य सुविधाएं मिल जाएंगी। इसके लिए एक एमएमयू को 12 दिन के लिए एक सीएचसी को अलॉट किया जाएगा। इसके 12 दिन बाद यह एमएमयू दूसरी सीएचसी के पास भेज दी जाएगी। इसी प्रकार एक महीने में 24 दिन एमएमयू कार्य करेगी। एमएमयू का फोकस उन गांवों की तरफ किया जाएगा, जहां पर उपस्वास्थ्य केंद्र भी नहीं है। इसके लिए अभी अस्थायी रूप से एक चिकित्सक, स्टाफ नर्स, फार्मासिस्ट, लैब तकनीशियन की नियुक्ति एक एमएमयू पर की गई है। स्थायी रूप से स्टाफ मिलने के बाद स्टाफ की संख्या बढ़ाई जा सकती है। एमएमयू में मरीज का सारा डॉटा ऑनलाइन करना होगा। इसके लिए मरीज के टेस्ट, उसको दी जाने वाली दवाइयां तथा उसकी बीमारी के बारे में सब कुछ ऑनलाइन किया जाएगा। एमएमयू को किस गांव में भेजना है यह उस एसएमओ को तय करनी होगी, जिस सीएचसी को 12 दिन के लिए एमएमयू अलॉट होगी।
विज्ञापन

स्वास्थ्य संस्थाओं से दूर के गांवों के लोगों को होगा लाभ
जिले के अंतिम छोर पर बसे कई गांव ऐसे हैं जहां से स्वास्थ्य संस्थाएं काफी दूर हैं। इन गांवों से सरकारी के अलावा प्राइवेट स्वास्थ्य सुविधाएं भी नहीं पहुंच पाती। ऐसे में स्वास्थ्य विभाग ने इन गांवों में एमएमयू भेजने का निर्णय लिया है। एमएमयू में कोई भी मरीज मौके पर ही अपनी जांच करवा सकता है। उनको दवाई का वितरण किया जाएगा। एमएमयू में डिलीवरी की भी सुविधा होगी। बहुत से लोग ऐसे हैं जो बिना चिकित्सक की सलाह के अपने आप ही मेडिकल स्टोर से दवाई ले लेते हैं। अब एमएमयू के द्वारा लोगों को चिकित्सीय सलाह के अलावा दवाई तथा जांच की सुविधा उनके घर के बाहर ही मिलेगी। यदि कोई गंभीर मरीज हुआ तो उसको रेफर भी किया जा सकता है।
विज्ञापन
विज्ञापन

टीकाकरण की भी होगी सुविधा
एमएमयू का लाभ उन लोगों को भी मिलेगा, जो दूर होने के कारण कई बार बच्चों का नियमित टीकाकरण नहीं करवा पाते हैं। एमएमयू में कोरोना जांच, कोरोना वैक्सीन के अलावा बच्चों को नियमित रूप से दी जाने वाली हर प्रकार की वैक्सीन उपलब्ध होगी। कोई भी माता-पिता अपने बच्चों को इन एमएमयू में टीकाकरण करवा सकता है।

जिले में तीन एमएमयू हैं। इनकी ड्यूटी सुबह नौ बजे से शाम पांच बजे तक होगी। एक फिलहाल चल रही है। दो पर स्टाफ की नियुक्ति हो गई है उनको ट्रेनिंग दी जा रही है। एक एमएमयू एक सीएचसी को 12 दिन के लिए दी जाएगी। एसएमओ जहां जरूरी होगी वहां पर एमएमयू को भेज देंगे। इसके बाद यह एमएमयू दूसरी सीएचसी के अधीन हो जाएगी। सबसे पहले एक एमएमयू उचाना तथा उझाना सीएचसी को दूसरी मुआना व सफीदों को दी जाएगी। जल्द ही यह एमएमयू फील्ड में उतर जाएंगी।
-डॉ. जेके मान, डिप्टी सिविल सर्जन।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed