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Jind News: अब जींद के नागरिक अस्पताल में मिलेंगी सभी दवाइयां , मरीजों को राहत
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प्रशिक्षुओं व फार्मास्टि ऑफिसर की बैठक लेते डॉ. राजेश भोला।
- फोटो : Jind
जींद। जिला नागरिक अस्पताल स्थित दवा खिड़की पर मरीजों को दवा नहीं मिलने को लेकर स्वास्थ्य विभाग अब सख्त हो गया है। अब दवा खिड़की पर बाकायदा अस्पताल में उपलब्ध दवाओं की पर्ची को चस्पा किया गया है। अगर किसी को दवा के बारे में पता है और दवा खिड़की पर कोई उसे दवा नहीं देता है तो वह इस सूची में दवा को देखकर खिड़की पर मौजूद फार्मासिस्ट से जवाब-तलबी कर सकता है। स्वास्थ्य विभाग का प्रयास है कि दवा खिड़की पर आने वाले हर व्यक्ति को हर हाल में दवा उपलब्ध करवाई जाए। अगर पर्ची में लिखी गई दवा नहीं है तो उसी साल्ट की दूसरी दवाई दी जा सकती है, जिसके बारे में चिकित्सक को पूछा जा सकता है।
फार्मासिस्ट का प्रशिक्षण लेने आए प्रशिक्षुओं तथा फार्मासिस्ट अधिकारियों की बैठक शनिवार को डिप्टी एमएस डॉ. राजेश भोला के कमरे में हुई। इसमें प्रशिक्षु फार्मासिस्ट को सख्त दिशा-निर्देश दिए गए और कहा गया कि यदि दवा पर्ची पर लिखी कोई दवा उपलब्ध नहीं है तो उसी साल्ट की दूसरी दवाई मरीजों को दी जा सकती है। इसे लेकर प्रशिक्षु चीफ फार्मासिस्ट से पूछ सकते हैं। अगर कोई दवा प्रशिक्षुओं को समझ नहीं आ रही तो वो इस बारे में भी जानकारी हासिल कर सकते हैं। किसी भी हाल में दवा खिड़की पर आने वाले मरीज को दवा के लिए मना नहीं किया जाएगा और हर हाल में दवा उपलब्ध करवाई जाएगी।
फार्मासिस्ट प्रशिक्षु नहीं दे रहे थे दवा, लगा रहे थे क्रॉस निशान
स्वास्थ्य अधिकारियों को शिकायत मिली थी कि प्रशिक्षण लेने आए फार्मासिस्ट दवा खिड़की पर बिना फार्मेसी अधिकारी के पूछे दवा पर्चियों पर दवाई उपलब्ध नहीं होने के निशान लगा रहे हैं। इस कारण मरीजों बिना दवाई के वापस लौटना पड़ रहा है। इसे लेकर डिप्टी एमएस डॉ. राजेश भोला के नेतृत्व में फार्मासिस्ट अधिकारियों व प्रशिक्षु फार्मासिस्ट की बैठक हुई। बैठक में चीफ फार्मेसी अधिकारी सुभाष भी मौजूद रहे। डॉ. राजेश भोला ने बताया कि अस्पताल में फार्मासिस्ट का प्रशिक्षण प्राप्त करने वाले छात्रों की अप्रेेंटिक्स लगती है जो तीन माह तक की होती है। इस दौरान इन विद्यार्थियों को दवा खिड़की पर तैनात किया जाता है जो फार्मेसी अधिकारी की देखरेख में काम करते हैं। यहां खिड़की पर दवा लेने आने वाले मरीजों को फार्मेसी छात्र दवा देने का काम करते हैं। उन्होंने प्रशिक्षु छात्रों से साफ कहा कि किसी भी हाल में दवा लेने आए मरीज को दवा से मना न किया जाए। अगर उन्हें कोई संशय है तो फार्मेसी अधिकारी से पूछ सकते हैं। दवा पर्ची पर क्रॉस का निशान ना लगाया जाए।
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हर हाल में उपलब्ध करवाई जाएगी दवा : डॉ. भोला
डिप्टी एमएस डॉ. राजेश भोला ने बताया कि दवा खिड़की पर आने वाले मरीज को हर हाल में दवा उपलब्ध करवाई जाएगी। इसके लिए चीफ फार्मासिस्ट व दवा खिड़की पर काम करने वाले फार्मेसी प्रशिक्षुओं को दिशा-निर्देश दिए गए हैं। अगर उन्हें दवा को लेकर कोई भी परेशानी है तो वो चीफ फार्मासिस्ट से पूछ जानकारी हासिल कर सकते हैं।
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फार्मासिस्ट का प्रशिक्षण लेने आए प्रशिक्षुओं तथा फार्मासिस्ट अधिकारियों की बैठक शनिवार को डिप्टी एमएस डॉ. राजेश भोला के कमरे में हुई। इसमें प्रशिक्षु फार्मासिस्ट को सख्त दिशा-निर्देश दिए गए और कहा गया कि यदि दवा पर्ची पर लिखी कोई दवा उपलब्ध नहीं है तो उसी साल्ट की दूसरी दवाई मरीजों को दी जा सकती है। इसे लेकर प्रशिक्षु चीफ फार्मासिस्ट से पूछ सकते हैं। अगर कोई दवा प्रशिक्षुओं को समझ नहीं आ रही तो वो इस बारे में भी जानकारी हासिल कर सकते हैं। किसी भी हाल में दवा खिड़की पर आने वाले मरीज को दवा के लिए मना नहीं किया जाएगा और हर हाल में दवा उपलब्ध करवाई जाएगी।
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फार्मासिस्ट प्रशिक्षु नहीं दे रहे थे दवा, लगा रहे थे क्रॉस निशान
स्वास्थ्य अधिकारियों को शिकायत मिली थी कि प्रशिक्षण लेने आए फार्मासिस्ट दवा खिड़की पर बिना फार्मेसी अधिकारी के पूछे दवा पर्चियों पर दवाई उपलब्ध नहीं होने के निशान लगा रहे हैं। इस कारण मरीजों बिना दवाई के वापस लौटना पड़ रहा है। इसे लेकर डिप्टी एमएस डॉ. राजेश भोला के नेतृत्व में फार्मासिस्ट अधिकारियों व प्रशिक्षु फार्मासिस्ट की बैठक हुई। बैठक में चीफ फार्मेसी अधिकारी सुभाष भी मौजूद रहे। डॉ. राजेश भोला ने बताया कि अस्पताल में फार्मासिस्ट का प्रशिक्षण प्राप्त करने वाले छात्रों की अप्रेेंटिक्स लगती है जो तीन माह तक की होती है। इस दौरान इन विद्यार्थियों को दवा खिड़की पर तैनात किया जाता है जो फार्मेसी अधिकारी की देखरेख में काम करते हैं। यहां खिड़की पर दवा लेने आने वाले मरीजों को फार्मेसी छात्र दवा देने का काम करते हैं। उन्होंने प्रशिक्षु छात्रों से साफ कहा कि किसी भी हाल में दवा लेने आए मरीज को दवा से मना न किया जाए। अगर उन्हें कोई संशय है तो फार्मेसी अधिकारी से पूछ सकते हैं। दवा पर्ची पर क्रॉस का निशान ना लगाया जाए।
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हर हाल में उपलब्ध करवाई जाएगी दवा : डॉ. भोला
डिप्टी एमएस डॉ. राजेश भोला ने बताया कि दवा खिड़की पर आने वाले मरीज को हर हाल में दवा उपलब्ध करवाई जाएगी। इसके लिए चीफ फार्मासिस्ट व दवा खिड़की पर काम करने वाले फार्मेसी प्रशिक्षुओं को दिशा-निर्देश दिए गए हैं। अगर उन्हें दवा को लेकर कोई भी परेशानी है तो वो चीफ फार्मासिस्ट से पूछ जानकारी हासिल कर सकते हैं।