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जिप चेयरपर्सन की कुर्सी के लिए बिछी बिसात, फैसला आज
अमर उजाला ब्यूरो, जींद
Updated Mon, 01 May 2017 12:17 AM IST
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जिला परिषद कार्यालय का फाइल फोटो।
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
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जिला परिषद चेयरपर्सन के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव के लिए 20 पार्षदों के शपथपत्र देने के बाद अब सोमवार को चेयरपर्सन का फैसला होगा। प्रशासन ने एक मई की तारीख विश्वास प्रस्ताव के लिए तय की है। ऐसे में कुर्सी बचाने के लिए चेयरपर्सन पद्मा सिंगला और उन्हें हटाने के लिए विरोधी पार्षदों ने पूरी ताकत झोंक दी है। हालांकि मामला अभी पांच पार्षदों के सस्पेंस पर उलझा है, लेकिन 12 अप्रैल को 20 पार्षदों ने डीसी विनय सिंह को अविश्वास का प्रस्ताव दिया था। यदि ये पार्षद अपनी एकता बनाए रखने में कामयाब हो जाते हैं तो चेयरपर्सन के लिए कुर्सी बचाना आसान नहीं होगा। वहीं सूत्रों के अनुसार जिप चेयरपर्सन विरोधी खेमे में सेंध लगाने में कामयाब रही हैं, हालांकि इसका अधिकारिक फैसला मतदान के बाद ही हो सकेगा।
गौरतलब है कि 12 अप्रैल को जिला परिषद के 20 सदस्यों ने जिला परिषद चेयरपर्सन पद्मा सिंगला के खिलाफ डीसी विनय को शपथ पत्र देकर अविश्वास प्रस्ताव लाने के लिए बैठक का समय मांगा था। डीसी ने चेयरपर्सन को विश्वास हासिल करने के लिए एक मई का समय दिया। एक मई को जिला परिषद की बैठक बुलाई जाएगी। इसमें चेयरपर्सन को विश्वास हासिल करना होगा।
पांच पार्षदों पर टिका है खेल
हालांकि अविश्वास प्रस्ताव के लिए 20 पार्षदों ने शपथपत्र दिए हैं, लेकिन इनमें से एक-दो पार्षदों की आस्था बदली है। इसके बावजूद विरोधियों के पास चेयरपर्सन को हटाने के लिए 18 का आंकड़ा है, लेकिन अब कुछ पार्षद सदन से अनुपस्थित रहकर खेल को नया रूप दे सकते हैं। इसमें पांच पार्षद ऐसे हैं, जो अभी तक अपने पत्ते नहीं खोल रहे हैं। जिला परिषद में कुल 26 सदस्य हैं और प्रधान को अपनी कुर्सी पर बने रहने के लिए एक-तिहाई बहुमत नौ पार्षदों की जरूरत है। वहीं विरोधियों को 18 पार्षदों की जरूरत है। जिला परिषद सदस्यों ने चेयरपर्सन पर भेदभाव के आरोप लगाए हैं।
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केंद्रीय मंत्री चौधरी बीरेंद्र सिंह का जींद दौरा
जिला परिषद चेयरपर्सन पद्मा सिंगला के पति विनोद सिंगला केंद्रीय मंत्री चौधरी बीरेंद्र सिंह के खास हैं। एक साल पहले चौधरी बीरेंद्र सिंह की बदौलत ही पद्मा सिंगला को चेयरपर्सन की कुर्सी मिली थी। आज के चौधरी बीरेंद्र सिंह के दौरे को इसी से जोड़कर देखा जा रहा है। हालांकि रविवार को उनकी कोई राजनीतिक मीटिंग नहीं हो सकी है, लेकिन इससे राजनीतिक पारा चढ़ गया है।
अपने-अपने आंकड़े, अपने-अपने दावे
पूरी उहापोह की स्थिति के बीच चेयरपर्सन और विरोधी खेमा अपने-अपने आंकड़े पेश कर रहा है। चेयरपर्सन के नजदीकी लोगों के अनुसार उनके पास नौ से 11 पार्षद हैं, जबकि विरोधी खेमा अपने साथ 20 पार्षदों होने का दावा कर रहा है।
सभी पार्षद हमारे साथ : पद्मा सिंगला
जिला परिषद की चेयरपर्सन पद्मा सिंगला ने कहा कि उनको सभी पार्षदों का समर्थन हासिल है। सोमवार को होने वाली बैठक में वह विश्वास मत हासिल कर लेंगी। उनकी एक-दो पार्षद को छोड़कर सभी से बात हो चुकी है। किए गए विकास कार्यों के कारण वे कुर्सी पर विराजमान रहेंगी।
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गौरतलब है कि 12 अप्रैल को जिला परिषद के 20 सदस्यों ने जिला परिषद चेयरपर्सन पद्मा सिंगला के खिलाफ डीसी विनय को शपथ पत्र देकर अविश्वास प्रस्ताव लाने के लिए बैठक का समय मांगा था। डीसी ने चेयरपर्सन को विश्वास हासिल करने के लिए एक मई का समय दिया। एक मई को जिला परिषद की बैठक बुलाई जाएगी। इसमें चेयरपर्सन को विश्वास हासिल करना होगा।
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पांच पार्षदों पर टिका है खेल
हालांकि अविश्वास प्रस्ताव के लिए 20 पार्षदों ने शपथपत्र दिए हैं, लेकिन इनमें से एक-दो पार्षदों की आस्था बदली है। इसके बावजूद विरोधियों के पास चेयरपर्सन को हटाने के लिए 18 का आंकड़ा है, लेकिन अब कुछ पार्षद सदन से अनुपस्थित रहकर खेल को नया रूप दे सकते हैं। इसमें पांच पार्षद ऐसे हैं, जो अभी तक अपने पत्ते नहीं खोल रहे हैं। जिला परिषद में कुल 26 सदस्य हैं और प्रधान को अपनी कुर्सी पर बने रहने के लिए एक-तिहाई बहुमत नौ पार्षदों की जरूरत है। वहीं विरोधियों को 18 पार्षदों की जरूरत है। जिला परिषद सदस्यों ने चेयरपर्सन पर भेदभाव के आरोप लगाए हैं।
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केंद्रीय मंत्री चौधरी बीरेंद्र सिंह का जींद दौरा
जिला परिषद चेयरपर्सन पद्मा सिंगला के पति विनोद सिंगला केंद्रीय मंत्री चौधरी बीरेंद्र सिंह के खास हैं। एक साल पहले चौधरी बीरेंद्र सिंह की बदौलत ही पद्मा सिंगला को चेयरपर्सन की कुर्सी मिली थी। आज के चौधरी बीरेंद्र सिंह के दौरे को इसी से जोड़कर देखा जा रहा है। हालांकि रविवार को उनकी कोई राजनीतिक मीटिंग नहीं हो सकी है, लेकिन इससे राजनीतिक पारा चढ़ गया है।
अपने-अपने आंकड़े, अपने-अपने दावे
पूरी उहापोह की स्थिति के बीच चेयरपर्सन और विरोधी खेमा अपने-अपने आंकड़े पेश कर रहा है। चेयरपर्सन के नजदीकी लोगों के अनुसार उनके पास नौ से 11 पार्षद हैं, जबकि विरोधी खेमा अपने साथ 20 पार्षदों होने का दावा कर रहा है।
सभी पार्षद हमारे साथ : पद्मा सिंगला
जिला परिषद की चेयरपर्सन पद्मा सिंगला ने कहा कि उनको सभी पार्षदों का समर्थन हासिल है। सोमवार को होने वाली बैठक में वह विश्वास मत हासिल कर लेंगी। उनकी एक-दो पार्षद को छोड़कर सभी से बात हो चुकी है। किए गए विकास कार्यों के कारण वे कुर्सी पर विराजमान रहेंगी।