{"_id":"671bf443b31f68338c0762e4","slug":"instructions-given-to-take-immediate-action-on-stubble-burning-jind-news-c-199-1-sroh1006-124863-2024-10-26","type":"story","status":"publish","title_hn":"Jind News: पराली जलाने पर तुरंत एक्शन लेने के दिए निर्देश","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Jind News: पराली जलाने पर तुरंत एक्शन लेने के दिए निर्देश
Sat, 26 Oct 2024 01:10 AM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, जींद
संवाद न्यूज एजेंसी, जींद
Updated Sat, 26 Oct 2024 01:10 AM IST
विज्ञापन
जींद। फसल अवशेष प्रबंधन के लिए सरकार की तरफ से कई कदम उठाए जा रहे हैं। इसका लाभ लेकर किसान पर्यावरण संरक्षण में योगदान देते हुए फसल अवशेष प्रबंधन कर सकते हैं। इन योजनाओं के बारे में किसानों को अधिक से अधिक जागरूक किया जाए।
लघु सचिवालय स्थित नगराधीश कार्यालय में शुक्रवार को नगराधीश डॉ. आशीष देशवाल ने फसल अवशेष प्रबंधन विषय पर आयोजित बैठक में कृषि व अन्य विभागों के अधिकारियों को ये बात कही। नगराधीश ने कृषि विभाग के अधिकारियों ने उपमंडल में किसानों को जागरूक करने के लिए जो गतिविधियां आयोजित की गई उनकी विस्तार से जानकारी भी ली। कृषि विभाग के अधिकारियों ने नगराधीश को बताया कि जींद उपमंडल के रेड जोन व येलो जोन में आने वाले सभी गांवों में कृषि विभाग ने पराली न जलाने को लेकर कैम्प भी आयोजित किये जा चुके है और पराली से होने वाले नुकसान के बारे में भी किसानों को विस्तृत जानकारी दी जा रही है। किसानों को जागरूक करने के लिए रेड जोन वाले गांवों में फ्लैग मार्च भी निकाला गया है। विभाग के कर्मचारियों द्वारा किसानों को फसल अवशेष न जलाने के प्रति निरंतर जागरूक किया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि सरकार द्वारा फसल अवशेष प्रबंधन करने पर किसानों को एक हजार रुपये प्रोत्साहन राशि दी जा रही है। इस योजना के बारे में किसानों को जागरूक किया जाए। कृषि विभाग विशेष अभियान चलाते हुए इसके बारे में किसानों को जानकारी प्रदान करे। सीएससी सेंटर के माध्यम से किसान प्रोत्साहन राशि के लिए आवेदन कर सकते हैं। यदि किसी भी प्रकार की जानकारी लेनी है तो कृषि विभाग के अधिकारियों से संपर्क किया जा सकता है। नगराधीश ने कहा कि फसल अवशेष जलने की घटनाओं पर तुरंत एक्शन लेते हुए कार्रवाई की जाए। मीटिंग में पुलिस अधिकारी भी मौजूद रहे, जिन्हें फसल अवशेष जलाने की घटनाओं के मामले में तुरंत पुलिस सहयोग उपलब्ध करवाने के निर्देश दिए गए। उन्होंने कृषि विभाग के अधिकारियों को कहा कि वे स्कूलों में जाकर बच्चों को भी फसल अवशेष जलाने से होने वाले नुकसान के बारे में प्रेरित करें ताकि वे भी अपने माता- पिता को पराली जलाने से होने वाले नुकसान के बारे में जागरूक कर सके। इस दौरान तहसीलदार बलराम, कृषि विभाग के एसडीओ बलजीत सिंह, विजय कुंडू भी मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
लघु सचिवालय स्थित नगराधीश कार्यालय में शुक्रवार को नगराधीश डॉ. आशीष देशवाल ने फसल अवशेष प्रबंधन विषय पर आयोजित बैठक में कृषि व अन्य विभागों के अधिकारियों को ये बात कही। नगराधीश ने कृषि विभाग के अधिकारियों ने उपमंडल में किसानों को जागरूक करने के लिए जो गतिविधियां आयोजित की गई उनकी विस्तार से जानकारी भी ली। कृषि विभाग के अधिकारियों ने नगराधीश को बताया कि जींद उपमंडल के रेड जोन व येलो जोन में आने वाले सभी गांवों में कृषि विभाग ने पराली न जलाने को लेकर कैम्प भी आयोजित किये जा चुके है और पराली से होने वाले नुकसान के बारे में भी किसानों को विस्तृत जानकारी दी जा रही है। किसानों को जागरूक करने के लिए रेड जोन वाले गांवों में फ्लैग मार्च भी निकाला गया है। विभाग के कर्मचारियों द्वारा किसानों को फसल अवशेष न जलाने के प्रति निरंतर जागरूक किया जा रहा है।
विज्ञापन
उन्होंने कहा कि सरकार द्वारा फसल अवशेष प्रबंधन करने पर किसानों को एक हजार रुपये प्रोत्साहन राशि दी जा रही है। इस योजना के बारे में किसानों को जागरूक किया जाए। कृषि विभाग विशेष अभियान चलाते हुए इसके बारे में किसानों को जानकारी प्रदान करे। सीएससी सेंटर के माध्यम से किसान प्रोत्साहन राशि के लिए आवेदन कर सकते हैं। यदि किसी भी प्रकार की जानकारी लेनी है तो कृषि विभाग के अधिकारियों से संपर्क किया जा सकता है। नगराधीश ने कहा कि फसल अवशेष जलने की घटनाओं पर तुरंत एक्शन लेते हुए कार्रवाई की जाए। मीटिंग में पुलिस अधिकारी भी मौजूद रहे, जिन्हें फसल अवशेष जलाने की घटनाओं के मामले में तुरंत पुलिस सहयोग उपलब्ध करवाने के निर्देश दिए गए। उन्होंने कृषि विभाग के अधिकारियों को कहा कि वे स्कूलों में जाकर बच्चों को भी फसल अवशेष जलाने से होने वाले नुकसान के बारे में प्रेरित करें ताकि वे भी अपने माता- पिता को पराली जलाने से होने वाले नुकसान के बारे में जागरूक कर सके। इस दौरान तहसीलदार बलराम, कृषि विभाग के एसडीओ बलजीत सिंह, विजय कुंडू भी मौजूद रहे।
विज्ञापन