फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Jind News ›   Departmental lethargy is responsible for potholes and accidents on roads

Jind News: सड़कों पर गड्ढे और हादसे के लिए विभागीय सुस्ती जिम्मेदार

Tue, 24 Jun 2025 01:07 AM IST
रोहतक ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, जींद
संवाद न्यूज एजेंसी, जींद Updated Tue, 24 Jun 2025 01:07 AM IST
विज्ञापन
Departmental lethargy is responsible for potholes and accidents on roads
23जेएनडी06: जींद सफीदों मार्ग पर फ्लाईओवर के नजदीक बने गहरे गड्ढे। संवाद
जींद। जिले में सड़क सुधार के लिए प्रत्येक माह सड़क सुरक्षा की बैठक होती है। इसमें डीसी सभी संबंधित विभागों के अधिकारियों को सड़कों को दुरुस्त करने के निर्देश देते हैं, लेकिन यह सब बैठक तक ही सीमित रहता है। शहर तो शहर इससे दूर ग्रामीण क्षेत्र की सड़कों का तो और बुराहाल है। वहां कई-कई फीट गहरे गड्ढे बने हैं। जहां पर आए दिन हादसों की आशंका रहती है। विभागीय सुस्ती के कारण सड़कों का सुधार नहीं हो पा रहा है। शहर के सफीदों रोड पर जहां बाईपास से वाहन चालकों को उतरना होता है। वहां पर पांच गहरे गड्ढे बने हैं। यह पिछले कई माह से हैं। यहां पर आए दिन ई-रिक्शा और ऑटो पलटते हैं। इसके कारण यात्रियों को भी चोटें आईं हैं।
विज्ञापन

इसके अलावा कई अन्य वाहनों के एक्सल यहां पर टूटे हैं। यह मुख्य मार्ग होने के कारण इससे प्रशासनिक अधिकारियों का भी आवागमन रहता है, लेकिन इस ओर किसी का ध्यान नहीं है। इसके अलावा लघु सचिवालय में वीआईपी गेट व पीडब्ल्यूडी बीएंड आर के कार्यालय के सामने भी गहरे गड्ढे बने हुए हैं। हालांकि प्रदेश सरकार ने भी पिछले दिनों शहर और ग्रामीण क्षेत्र की सड़कों के गड्ढे भरने के निर्देश दिए थे, लेकिन विभागीय सुस्ती के कारण इन सड़कों की ओर से किसी का ध्यान नहीं है।
विज्ञापन

सफीदों रोड पर बाईपास के निकासी प्वाइंट पर बने गड्ढे एक से डेढ़ फीट गहरे हैं। यहां से छोटे वाहन तो दूर की बात ट्रक और रोडवेज की बसों को निकालने में भी बड़ी समस्या रहती है। आसपास के दुकानदारों और वाहन चालकों ने कई बार संबंधित विभाग को इन गड्ढों को भरवाने के लिए शिकायत भी की, लेकिन कोई भी विभागीय अधिकारी सुनने वाला नहीं है। इसके कारण वाहन चालकों को दिन के अलावा रात को यहां पर ज्यादा खतरा रहता है। रात को यह गड्ढे नजदीक आने पर ही दिखाई देते हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

इसकी दूसरी तरफ सड़क बेहतर होने के कारण वाहन चालक ज्यादा गति में आते हैं और यहां पर अचानक गड्ढे आने के कारण इमरजेंसी ब्रेक लगते हैं। इससे प्रत्येक वाहन चालक की जान जोखिम में रहती है।
बाक्स
पिंडारा फ्लाईओवर के पास भी यही हालात
पिंडारा के पास फ्लाईओवर पर चढ़ते व उतरते समय गोहाना मार्ग के नजदीक सड़क से पानी की निकासी की व्यवस्था नहीं है। यहां पर बरसात के समय पानी ठहरता है। जो वाहन चालकों के लिए खतरे से खाली नहीं होता।

वर्जन
फ्लाईओवर व बाईपास एनएचआई के अधीन आता है। सफीदों रोड के साथ लगते सड़क पर बने गड्ढों को भरवा दिया जाएगा, ताकि वाहन चालकों को किसी प्रकार की परेशानी का सामना नहीं करना पड़े।
-राजकुमार नैन, कार्यकारी अभियंता, पीडब्ल्यूडी बीएंडआर।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed