{"_id":"60dcae7a8ebc3edbc5781924","slug":"cpim-demonstrated-outside-the-mini-secretariat-in-protest-against-rising-inflation-jind-news-rtk615454219","type":"story","status":"publish","title_hn":"बढ़ती महंगाई के विरोध में लघु सचिवालय के बाहर माकपा ने किया प्रदर्शन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
बढ़ती महंगाई के विरोध में लघु सचिवालय के बाहर माकपा ने किया प्रदर्शन
विज्ञापन
लघु सचिवालय परिसर में प्रदर्शन करते मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी के सदस्य। संवाद
- फोटो : Jind
मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (माकपा) की जिला कमेटी के आह्वान पर बढ़ती महंगाई के विरोध में शहर में प्रदर्शन किया गया। प्रदर्शन से पहले सदस्य नेहरू पार्क में एकत्रित हुए और एक जनसभा की, जिसकी अध्यक्षता पार्टी के वरिष्ठ नेता प्रकाश चंद्र ने की व संचालन सतबीर खरल ने किया। प्रदर्शन के बाद प्रधानमंत्री, मुख्यमंत्री और उपमुख्यमंत्री के नाम एसडीएम दलबीर सिंह को ज्ञापन सौंपा गया।
रमेश चंद्र, फूल सिंह श्योकंद, कपूर सिंह, नत्था राम, डॉ. रामचंद्र ने कहा कि 2021 में 56 बार पेट्रोलियम पदार्थों की कीमतों में बढ़ोतरी की जा चुकी है। इसके कारण महंगाई आसमान छू रही है और आम आदमी को अपना जीवन चलाना मुश्किल हो रहा है। कोरोना महामारी के समय जरूरत तो लोगों की मदद करने की थी, लेकिन ऊपर से प्रदेश सरकार ने सार्वजनिक वितरण प्रणाली में मिलने वाला सरसों तेल और नमक बंद करके जले पर नमक छिड़कने का काम किया है। ऐसे में पार्टी मांग करती है कि पेट्रोलियम पदार्थों पर उत्पाद टैक्स कम करके जनता को राहत दी जाए। बगैर आयकर दाता परिवार को 7500 रुपये मासिक सहायता दी जाए। मनरेगा में 200 दिन का काम दिया जाए तथा 600 रुपये की मजदूरी दी जाए। वहीं सात महीने से ज्यादा समय से चल रहे किसान आंदोलन की मांगों को मानकर कृषि कानूनों को रद्द किया जाए तथा मजदूर विरोधी चारों लेबर कोड को वापस करते हुए पुराने श्रम कानून बहाल किया जाए। जनसभा के बाद लघु सचिवालय तक प्रदर्शन करते हुए मांगों को लेकर ज्ञापन प्रधानमंत्री, मुख्यमंत्री व उप मुख्यमंत्री के नाम एसडीएम दलबीर सिंह को सौंपे गए।
इस अवसर पर मास्टर सत्यपाल सिवाच, संदीप जाजवान, कश्मीर सिंह, बारू खान, शीलक राम, सुरेश करसोला, नरेश दनौदा, राधेश्याम, रोहताश नगूरां, दीनदयाल, रामनिवास, गुलाब, मुकेश, कृष्ण, राजेश, वीरेंद्र, मोहन, दमयंती, संतोष, डिंपल, जगवंती, सुमन, नन्ही, राजबीर, इंद्र सिंह, बजरंग, मदन ईगराह भी मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
रमेश चंद्र, फूल सिंह श्योकंद, कपूर सिंह, नत्था राम, डॉ. रामचंद्र ने कहा कि 2021 में 56 बार पेट्रोलियम पदार्थों की कीमतों में बढ़ोतरी की जा चुकी है। इसके कारण महंगाई आसमान छू रही है और आम आदमी को अपना जीवन चलाना मुश्किल हो रहा है। कोरोना महामारी के समय जरूरत तो लोगों की मदद करने की थी, लेकिन ऊपर से प्रदेश सरकार ने सार्वजनिक वितरण प्रणाली में मिलने वाला सरसों तेल और नमक बंद करके जले पर नमक छिड़कने का काम किया है। ऐसे में पार्टी मांग करती है कि पेट्रोलियम पदार्थों पर उत्पाद टैक्स कम करके जनता को राहत दी जाए। बगैर आयकर दाता परिवार को 7500 रुपये मासिक सहायता दी जाए। मनरेगा में 200 दिन का काम दिया जाए तथा 600 रुपये की मजदूरी दी जाए। वहीं सात महीने से ज्यादा समय से चल रहे किसान आंदोलन की मांगों को मानकर कृषि कानूनों को रद्द किया जाए तथा मजदूर विरोधी चारों लेबर कोड को वापस करते हुए पुराने श्रम कानून बहाल किया जाए। जनसभा के बाद लघु सचिवालय तक प्रदर्शन करते हुए मांगों को लेकर ज्ञापन प्रधानमंत्री, मुख्यमंत्री व उप मुख्यमंत्री के नाम एसडीएम दलबीर सिंह को सौंपे गए।
विज्ञापन
इस अवसर पर मास्टर सत्यपाल सिवाच, संदीप जाजवान, कश्मीर सिंह, बारू खान, शीलक राम, सुरेश करसोला, नरेश दनौदा, राधेश्याम, रोहताश नगूरां, दीनदयाल, रामनिवास, गुलाब, मुकेश, कृष्ण, राजेश, वीरेंद्र, मोहन, दमयंती, संतोष, डिंपल, जगवंती, सुमन, नन्ही, राजबीर, इंद्र सिंह, बजरंग, मदन ईगराह भी मौजूद रहे।
विज्ञापन