{"_id":"69ad7ee938b5f09e01088bb4","slug":"congress-district-president-surrounded-the-government-demanded-assistance-of-rs-50-lakh-each-for-the-families-of-the-deceased-jind-news-c-199-1-jnd1010-149606-2026-03-08","type":"story","status":"publish","title_hn":"Jind News: कांग्रेस जिलाध्यक्ष ने सरकार को घेरा, मृतकों के परिजनों के लिए मांगी 50-50 लाख की सहायता","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Jind News: कांग्रेस जिलाध्यक्ष ने सरकार को घेरा, मृतकों के परिजनों के लिए मांगी 50-50 लाख की सहायता
Mon, 09 Mar 2026 02:21 AM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, जींद
संवाद न्यूज एजेंसी, जींद
Updated Mon, 09 Mar 2026 02:21 AM IST
विज्ञापन
08जेएनडी32: सफीदों के रंगों की फैक्ट्री जहां आग लगी थी। स्रोत कार्यकर्ता
जींद। सफीदों के रंगों की फैक्टरी में हुए भीषण अग्निकांड को लेकर कांग्रेस जिलाध्यक्ष ऋषिपाल हैबतपुर ने प्रदेश की भाजपा सरकार और स्थानीय प्रशासन के खिलाफ रोष प्रकट किया है। उन्होंने इस हादसे में जान गंवाने वाली महिलाओं के परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त करते हुए सरकार से आर्थिक मदद की मांग की है।
ऋषिपाल हैबतपुर ने कहा कि घटना स्थल पर फायर ब्रिगेड और एम्बुलेंस का देरी से पहुंचना प्रशासन की बड़ी विफलता है। उन्होंने मांग की कि सरकार प्रत्येक मृतक के परिवार को 50-50 लाख रुपये का मुआवजा और एक सदस्य को सरकारी नौकरी प्रदान करे। साथ ही, घायलों के उपचार के लिए 20-20 लाख रुपये की सहायता राशि देने की अपील की है।
कांग्रेस जिलाध्यक्ष ने इस मामले की उच्च स्तरीय जांच की मांग करते हुए कहा कि फैक्टरी में सुरक्षा नियमों की अनदेखी के दोषियों पर सख्त कार्रवाई होनी चाहिए ताकि भविष्य में ऐसी दर्दनाक घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।
विज्ञापन
विज्ञापन
ऋषिपाल हैबतपुर ने कहा कि घटना स्थल पर फायर ब्रिगेड और एम्बुलेंस का देरी से पहुंचना प्रशासन की बड़ी विफलता है। उन्होंने मांग की कि सरकार प्रत्येक मृतक के परिवार को 50-50 लाख रुपये का मुआवजा और एक सदस्य को सरकारी नौकरी प्रदान करे। साथ ही, घायलों के उपचार के लिए 20-20 लाख रुपये की सहायता राशि देने की अपील की है।
विज्ञापन
कांग्रेस जिलाध्यक्ष ने इस मामले की उच्च स्तरीय जांच की मांग करते हुए कहा कि फैक्टरी में सुरक्षा नियमों की अनदेखी के दोषियों पर सख्त कार्रवाई होनी चाहिए ताकि भविष्य में ऐसी दर्दनाक घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।
विज्ञापन