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Jind News: लोक अदालत में सीजेएम ने सात कैदियों को किया रिहा
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02जेएनडी11-जिला जेल में लगी अदालत में मामले की सुनवाई करते हुए सचिव मोनिका। स्रोत प्रशासन
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जींद। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की तरफ से बुधवार को जिला कारागार में लोक अदालत का आयोजन किया गया। इसमें जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की सचिव मोनिका ने मामलों की सुनवाई की।
जेल लोक अदालत में सात मामले विचाराधीन रखे गए। इनमें से छह मामलों को अंडरगोन किया गया। अगर विचाराधीन बंदी पर और कोई मुकदमा ना हो। सात कैदियों को रिहा करने का आदेश पारित किया गया।
उन्होंने बताया कि जेल लोक अदालत महीने में दो बार लगाई वाली है। प्राधिकरण सचिव ने जिला जेल का निरीक्षण भी किया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने कैदियों व हवालातियों को उनके केसों में आ रही मुश्किलों को सुना व समस्याओं के समाधान संबंधी जानकारी दी।
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इसके अलावा सीजेएम ने जेल में बंद कैदियों से अपील की कि यदि किसी व्यक्ति को अपने केस की पैरवी करने के लिए वकील की जरूरत है तो वह मुफ्त कानूनी सेवाएं के लिए प्राधिकरण के अधीन वकील की सेवाएं ले सकते हैं। इस संबंध में लिखकर दरखास्त जेल प्रशासन के माध्यम से या न्याय रक्षक के माध्यम से जिला, विधिक सेवा प्राधिकरण के कार्यालय में भेजनी होती है।
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जेल लोक अदालत में सात मामले विचाराधीन रखे गए। इनमें से छह मामलों को अंडरगोन किया गया। अगर विचाराधीन बंदी पर और कोई मुकदमा ना हो। सात कैदियों को रिहा करने का आदेश पारित किया गया।
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उन्होंने बताया कि जेल लोक अदालत महीने में दो बार लगाई वाली है। प्राधिकरण सचिव ने जिला जेल का निरीक्षण भी किया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने कैदियों व हवालातियों को उनके केसों में आ रही मुश्किलों को सुना व समस्याओं के समाधान संबंधी जानकारी दी।
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इसके अलावा सीजेएम ने जेल में बंद कैदियों से अपील की कि यदि किसी व्यक्ति को अपने केस की पैरवी करने के लिए वकील की जरूरत है तो वह मुफ्त कानूनी सेवाएं के लिए प्राधिकरण के अधीन वकील की सेवाएं ले सकते हैं। इस संबंध में लिखकर दरखास्त जेल प्रशासन के माध्यम से या न्याय रक्षक के माध्यम से जिला, विधिक सेवा प्राधिकरण के कार्यालय में भेजनी होती है।