{"_id":"5b9ab2fc867a55013a6c4785","slug":"61536865020-jind-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"फ्यूचर मेकेर के बाद एक और कंपनी करोड़ों की चपत लगाकर फरार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
फ्यूचर मेकेर के बाद एक और कंपनी करोड़ों की चपत लगाकर फरार
Updated Fri, 14 Sep 2018 12:32 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मालवांचल ग्रुप इंडिया लिमिटेड कंपनी 3200 लोगों के तीन करोड़ रुपये लेकर फरार
अमर उजाला ब्यूरो
जींद। आरडी और एफडी में जमा पैसे छह साल में डबल करने का झांसा देकर जींद के 3200 लोगों के लगभग तीन करोड़ रुपये लेकर मालवांचल ग्रुप इंडिया लिमिटेड कंपनी फरार हो गई। कंपनी ने 2011 में रोहतक में इसका ऑफिस खोलकर शुरूआत की थी। इसके बाद फरीदाबाद, नूंह, रेवाड़ी, नारनौल, पानीपत, हिसार, भिवानी व जींद में भी ऑफिस खोले। कंपनी के पूरे भारत में इसी प्रकार के ऑफिस थे। कंपनी के सीएमडी प्रवीण पटेल इस समय मुजफ्फरनगर जेल में है, जबकि एमडी संजय वर्मा भोपाल जेल में बंद है। पूरे भारत में कंपनी संचालकों के खिलाफ मामला दर्ज हैं। जींद पुलिस ने कंपनी के सीएमडी, एमडी समेत दस लोगों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
रोहतक रोड स्थित भगवान नगर निवासी बलराम कौशिक ने पुलिस को दी शिकायत में कहा कि स्कीम नंबर 19 में मालवांचल ग्रुप इंडिया लिमिटेड कंपनी व मालवांचल फ्रेक्चर प्रोजेक्ट लिमिटेड कंपनी 2011 में खोली गई। यहां कंपनी के सीईओ, सीएमडी, डायरेक्टर माखनलाल वर्मा, संजय वर्मा, सुमन वर्मा, प्रवीण कुमार पटेल, गोपाल पटेल, दीपक आदि ने लोगों को आरडी (रेगुलर डिपोजिट) व एफडी (फिक्स डिपोजिट) करवाने पर मोटे ब्याज का झांसा दिया। इस लालच में लोग फंसते गए। इसके साथ-साथ कंपनी ने यह ऑफर भी दिया कि वह लोग और लोगों को इसमें जोड़ेंगे तो उनको अलग से बेनिफिट्स मिलेंगे। इसलिए लोगों ने इसमें निवेश करना शुरू कर दिया। जींद में 3200 लोगों ने कंपनी में इंवेट किया। जींद के लोगों ने इस कंपनी में 2011 में रोहतक ऑफिस में ही काम करना शुरू कर दिया था। इसके बाद 2013 में कंपनी ने जींद में अपना कार्यालय खोला। जब लोगों के पैसे रिटर्न करने का समय आया तो कंपनी 2016 में ऑफिस बंद करके फरार हो गई। जींद पुलिस ने इस संबंध में कंपनी के सीईओ, सीएमडी, डायरेक्टर माखनलाल वर्मा, संजय वर्मा, सुमन वर्मा, प्रवीण कुमार पटेल, गोपाल पटेल, दीपक के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
विज्ञापन
अमर उजाला ब्यूरो
जींद। आरडी और एफडी में जमा पैसे छह साल में डबल करने का झांसा देकर जींद के 3200 लोगों के लगभग तीन करोड़ रुपये लेकर मालवांचल ग्रुप इंडिया लिमिटेड कंपनी फरार हो गई। कंपनी ने 2011 में रोहतक में इसका ऑफिस खोलकर शुरूआत की थी। इसके बाद फरीदाबाद, नूंह, रेवाड़ी, नारनौल, पानीपत, हिसार, भिवानी व जींद में भी ऑफिस खोले। कंपनी के पूरे भारत में इसी प्रकार के ऑफिस थे। कंपनी के सीएमडी प्रवीण पटेल इस समय मुजफ्फरनगर जेल में है, जबकि एमडी संजय वर्मा भोपाल जेल में बंद है। पूरे भारत में कंपनी संचालकों के खिलाफ मामला दर्ज हैं। जींद पुलिस ने कंपनी के सीएमडी, एमडी समेत दस लोगों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
रोहतक रोड स्थित भगवान नगर निवासी बलराम कौशिक ने पुलिस को दी शिकायत में कहा कि स्कीम नंबर 19 में मालवांचल ग्रुप इंडिया लिमिटेड कंपनी व मालवांचल फ्रेक्चर प्रोजेक्ट लिमिटेड कंपनी 2011 में खोली गई। यहां कंपनी के सीईओ, सीएमडी, डायरेक्टर माखनलाल वर्मा, संजय वर्मा, सुमन वर्मा, प्रवीण कुमार पटेल, गोपाल पटेल, दीपक आदि ने लोगों को आरडी (रेगुलर डिपोजिट) व एफडी (फिक्स डिपोजिट) करवाने पर मोटे ब्याज का झांसा दिया। इस लालच में लोग फंसते गए। इसके साथ-साथ कंपनी ने यह ऑफर भी दिया कि वह लोग और लोगों को इसमें जोड़ेंगे तो उनको अलग से बेनिफिट्स मिलेंगे। इसलिए लोगों ने इसमें निवेश करना शुरू कर दिया। जींद में 3200 लोगों ने कंपनी में इंवेट किया। जींद के लोगों ने इस कंपनी में 2011 में रोहतक ऑफिस में ही काम करना शुरू कर दिया था। इसके बाद 2013 में कंपनी ने जींद में अपना कार्यालय खोला। जब लोगों के पैसे रिटर्न करने का समय आया तो कंपनी 2016 में ऑफिस बंद करके फरार हो गई। जींद पुलिस ने इस संबंध में कंपनी के सीईओ, सीएमडी, डायरेक्टर माखनलाल वर्मा, संजय वर्मा, सुमन वर्मा, प्रवीण कुमार पटेल, गोपाल पटेल, दीपक के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
विज्ञापन