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बिजली बिल निपटान योजना की जींद को 15 दिन और मिली संजीवनी
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पंद्रह तक बढ़ाई बिजली निपटान योजना, उसके बाद उखाड़े जाएंगे मीटर
अमर उजाला ब्यूरो
जींद। अगस्त 2018 में शुरू हुई बिजली बिल निपटान योजना का लाभ जहां प्रदेशभर में 31 जनवरी तक दिया गया वहीं प्रदेश सरकार ने इस योजना में भी जींद जिले के डिफाल्टर उपभोक्ताओं को 15 दिन ज्यादा देने का निर्णय लिया है। जींद में उपचुनाव के चलते कर्मचारियों और उपभोक्ताओं दोनों का रुझान चुनाव की तरफ था। लोगों को चुनाव के बाद एक बार फिर प्रदेश सरकार ने 15 दिन का समय दिया है। अब तक जिलेभर में इस योजना के तहत 89342 लोगों ने लाभ लेकर बिजली बिल भरना शुरू किया है।
इस योजना के तहत पिछले पांच माह में जहां 89342 लोगों ने लाभ लिया है वहीं बिजली निगम को भी बड़ा फायदा होगा। बिजली निगम में एक तरफ तो 3575.09 लाख रुपये राजस्व मिला है तो दूसरी तरफ हजारों लोग समय पर बिजली का बिल जमा करवाने शुरू कर दिए हैं। इस निपटान योजना से पहले जिले में लगभग एक लाख 21 हजार से ज्यादा लोग डिफाल्टर थे। जिनमें से ज्यादातर ने निपटान योजना के तहत अपने बिल जमा करवाए थे। बिजली निगम के अब भी जिले में 31807 लोग डिफाल्टर हैं। जिन लोगों ने निगम में निपटान योजना के तहत बिल जमा करवाए हैं, उनके अब तक निगम ने 73479.57 लाख रुपये माफ किए हैं।
यह है योजना
बिजली निगम की निपटान योजना के तहत एक से पांच किलोवाट तक के उपभोक्ताओं को लाभ दिया जा रहा है। इसमें एक किलोवाट के उपभोक्ता से 112 रुपये महीना तथा साल के 1344 रुपये लिए जाते हैं। इसके अतिरिक्त दो किलोवाट के उपभोक्ता से 278 रुपये मासिक तथा वर्ष के 3336 रुपये लिए जाते हैं। इस तरह से पांच किलोवाट तक के उपभोक्ताओं को योजना का लाभ दिया जाता है। इस योजना के तहत जून 2006 से पहले का पूरा बिल माफ किया गया है। यह योजना जून 2006 से जून 2018 तक की है। जून 2018 के बाद के डिफाल्टरों को इस योजना का लाभ नहीं दिया जा रहा है।
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जनवरी में योजना का नहीं लिया ज्यादा लोगों ने लाभ
जींद विधानसभा उपचुनाव में ज्यादातर लोग व्यस्त थे। इसके चलते जनवरी में ज्यादातर लोगों ने इस योजना का लाभ नहीं लिया। इसके चलते प्रदेश सरकार ने जींद में बिजली निगम के डिफाल्टरों को 15 दिन का ज्यादा समय दिया है, ताकि लोग इस योजना का लाभ लेकर अपने बकाया बिलों का भुगतान कर सकें।
15 फरवरी के बाद चलाया जाएगा मीटर उखाड़ो अभियान
जो उपभोक्ता 15 फरवरी तक बढ़ाई गई तारीख के बाद भी बिजली का बिल नहीं जमा करेगा बिजली निगमउनके मीटर को उखाड़ने का अभियान चलाया। जिले में एक भी बिजली के डिफाल्टर व्यक्ति के मकान पर मीटर नहीं रहने दिया जाएगा। बिजली चोरी रोकने के लिए टीमें गठित कर छापेमारी अभियान चलाया जाएगा। इस योजना में बहुत से लोगों ने बिल जमा करवाया, लेकिन अब भी 31807 लोग डिफाल्टर हैं। इनके अब 15 फरवरी तक का समय है। इसके बाद बिजली निगम मीटर उखाड़ो अभियान चलाएगा।
श्यामबीर सैनी, एसई बिजली निगम जींद।
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अमर उजाला ब्यूरो
जींद। अगस्त 2018 में शुरू हुई बिजली बिल निपटान योजना का लाभ जहां प्रदेशभर में 31 जनवरी तक दिया गया वहीं प्रदेश सरकार ने इस योजना में भी जींद जिले के डिफाल्टर उपभोक्ताओं को 15 दिन ज्यादा देने का निर्णय लिया है। जींद में उपचुनाव के चलते कर्मचारियों और उपभोक्ताओं दोनों का रुझान चुनाव की तरफ था। लोगों को चुनाव के बाद एक बार फिर प्रदेश सरकार ने 15 दिन का समय दिया है। अब तक जिलेभर में इस योजना के तहत 89342 लोगों ने लाभ लेकर बिजली बिल भरना शुरू किया है।
इस योजना के तहत पिछले पांच माह में जहां 89342 लोगों ने लाभ लिया है वहीं बिजली निगम को भी बड़ा फायदा होगा। बिजली निगम में एक तरफ तो 3575.09 लाख रुपये राजस्व मिला है तो दूसरी तरफ हजारों लोग समय पर बिजली का बिल जमा करवाने शुरू कर दिए हैं। इस निपटान योजना से पहले जिले में लगभग एक लाख 21 हजार से ज्यादा लोग डिफाल्टर थे। जिनमें से ज्यादातर ने निपटान योजना के तहत अपने बिल जमा करवाए थे। बिजली निगम के अब भी जिले में 31807 लोग डिफाल्टर हैं। जिन लोगों ने निगम में निपटान योजना के तहत बिल जमा करवाए हैं, उनके अब तक निगम ने 73479.57 लाख रुपये माफ किए हैं।
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यह है योजना
बिजली निगम की निपटान योजना के तहत एक से पांच किलोवाट तक के उपभोक्ताओं को लाभ दिया जा रहा है। इसमें एक किलोवाट के उपभोक्ता से 112 रुपये महीना तथा साल के 1344 रुपये लिए जाते हैं। इसके अतिरिक्त दो किलोवाट के उपभोक्ता से 278 रुपये मासिक तथा वर्ष के 3336 रुपये लिए जाते हैं। इस तरह से पांच किलोवाट तक के उपभोक्ताओं को योजना का लाभ दिया जाता है। इस योजना के तहत जून 2006 से पहले का पूरा बिल माफ किया गया है। यह योजना जून 2006 से जून 2018 तक की है। जून 2018 के बाद के डिफाल्टरों को इस योजना का लाभ नहीं दिया जा रहा है।
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जनवरी में योजना का नहीं लिया ज्यादा लोगों ने लाभ
जींद विधानसभा उपचुनाव में ज्यादातर लोग व्यस्त थे। इसके चलते जनवरी में ज्यादातर लोगों ने इस योजना का लाभ नहीं लिया। इसके चलते प्रदेश सरकार ने जींद में बिजली निगम के डिफाल्टरों को 15 दिन का ज्यादा समय दिया है, ताकि लोग इस योजना का लाभ लेकर अपने बकाया बिलों का भुगतान कर सकें।
15 फरवरी के बाद चलाया जाएगा मीटर उखाड़ो अभियान
जो उपभोक्ता 15 फरवरी तक बढ़ाई गई तारीख के बाद भी बिजली का बिल नहीं जमा करेगा बिजली निगमउनके मीटर को उखाड़ने का अभियान चलाया। जिले में एक भी बिजली के डिफाल्टर व्यक्ति के मकान पर मीटर नहीं रहने दिया जाएगा। बिजली चोरी रोकने के लिए टीमें गठित कर छापेमारी अभियान चलाया जाएगा। इस योजना में बहुत से लोगों ने बिल जमा करवाया, लेकिन अब भी 31807 लोग डिफाल्टर हैं। इनके अब 15 फरवरी तक का समय है। इसके बाद बिजली निगम मीटर उखाड़ो अभियान चलाएगा।
श्यामबीर सैनी, एसई बिजली निगम जींद।