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समय से पहले होते आंगनबाड़ी केंद्र बंद
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समय से पहले आंगनबाड़ी केंद्र किया बंद
अमर उजाला ब्यूरो
अलेवा। मंगलवार को धनखड़ी गांव के राजकीय प्राथमिक स्कूल स्थित आंगनबाड़ी केंद्रों के समय से पहले बंद होने के मामले में गांव के लोगों ने महिला एवं बाल विकास विभाग के प्रति रोष जताया। ग्रामीणों ने बताया कि महिला एवं बाल विकास विभाग में कार्यरत आंगनबाड़ी वर्कर तथा हेल्पर अधिकारियों की मिलीभगत के चलते केंद्रों को समय से पहले बंद कर घरों के कामों में व्यस्त हो जाती है। इसके कारण केंद्रों से संबंधित कामों के लिए लोगों को वर्करों के घर पर जाना पड़ता है। घर जाने पर उनके द्वारा केंद्र पर ही कामों के लिए आने की बात कही जाती है। इसके कारण उनको मानसिक तथा आर्थिक परेशानियों से दो-चार होना पड़ रहा है। ग्रामीणों ने कहा जब केंद्रों में काम नहीं है तो सरकार ने इनको क्यों खोल रखा है। उन्होंने कहा कि अधिकांश केंद्रों से वर्कर तथा हेल्पर नदारद रहती है। केंद्रों में पोषण आहार वितरित न कर केवल खाना पूर्ति की जाती है। उन्होंने सरकार से मांग कि है ऐसे सेंटरों को बंद कर देना चाहिए ।
मांगा जाएगा स्पष्टीकरण - सीडीपीओ
खंड महिला एवं बाल विकास विभाग उचाना की सीडीपीओ सुमित्रा ने कहा कि केंद्रों को बंद करना गलत है। मामले की जांच करवाई जाएगी।
फोटो कैप्शन
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अमर उजाला ब्यूरो
अलेवा। मंगलवार को धनखड़ी गांव के राजकीय प्राथमिक स्कूल स्थित आंगनबाड़ी केंद्रों के समय से पहले बंद होने के मामले में गांव के लोगों ने महिला एवं बाल विकास विभाग के प्रति रोष जताया। ग्रामीणों ने बताया कि महिला एवं बाल विकास विभाग में कार्यरत आंगनबाड़ी वर्कर तथा हेल्पर अधिकारियों की मिलीभगत के चलते केंद्रों को समय से पहले बंद कर घरों के कामों में व्यस्त हो जाती है। इसके कारण केंद्रों से संबंधित कामों के लिए लोगों को वर्करों के घर पर जाना पड़ता है। घर जाने पर उनके द्वारा केंद्र पर ही कामों के लिए आने की बात कही जाती है। इसके कारण उनको मानसिक तथा आर्थिक परेशानियों से दो-चार होना पड़ रहा है। ग्रामीणों ने कहा जब केंद्रों में काम नहीं है तो सरकार ने इनको क्यों खोल रखा है। उन्होंने कहा कि अधिकांश केंद्रों से वर्कर तथा हेल्पर नदारद रहती है। केंद्रों में पोषण आहार वितरित न कर केवल खाना पूर्ति की जाती है। उन्होंने सरकार से मांग कि है ऐसे सेंटरों को बंद कर देना चाहिए ।
मांगा जाएगा स्पष्टीकरण - सीडीपीओ
खंड महिला एवं बाल विकास विभाग उचाना की सीडीपीओ सुमित्रा ने कहा कि केंद्रों को बंद करना गलत है। मामले की जांच करवाई जाएगी।
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